Homeराजनीतिबिहार दिवस पर पर्यटन पवेलियन बना आकर्षण का केंद्र, 900 से अधिक...

बिहार दिवस पर पर्यटन पवेलियन बना आकर्षण का केंद्र, 900 से अधिक आगंतुकों ने ली जानकारी


बिहार दिवस पर, गांधी मैदान मंडप पर 900 से अधिक आगंतुकों ने बिहार के पर्यटन स्थलों की विस्तृत जानकारी और नालंदा विश्वविद्यालय व बोधगया के AR/VR अनुभव का आनंद लिया। एक पारंपरिक फ़ूड मेले में विशिष्ट व्यंजनों का प्रदर्शन किया गया, जिससे सांस्कृतिक जुड़ाव बढ़ा और राज्य की विरासत को बढ़ावा मिला।

India

-Oneindia Staff

Bihar Diwas के अवसर पर Gandhi Maidan स्थित पर्यटन विभाग का पवेलियन लोगों के बीच खासा आकर्षण का केंद्र बना रहा। बड़ी संख्या में पहुंचे आगंतुकों ने राज्य के प्रमुख पर्यटन स्थलों के बारे में जानकारी हासिल की और डिजिटल माध्यमों से अनोखा अनुभव लिया।

Bihar Diwas Pavilion Delivers ARVR Tours and Local Cuisine

पर्यटन विभाग के अनुसार, पवेलियन में 900 से अधिक आगंतुकों ने बिहार के विभिन्न पर्यटन स्थलों की विस्तृत जानकारी ली। यहां Janaki Temple Punauradham, Buddha Samyak Darshan Stupa, Bapu Tower, Rajgir Zoo Safari और ग्लास ब्रिज की थ्री-डी प्रतिकृतियां प्रदर्शित की गईं, जिन्हें देखने के लिए लोगों की भीड़ उमड़ी रही।

पवेलियन में आधुनिक एआर/वीआर डिवाइस के जरिए 300 से अधिक लोगों ने वर्चुअल रूप में पर्यटन स्थलों का अनुभव किया। इस तकनीक के माध्यम से आगंतुकों को Nalanda University, Bodh Gaya और राजगीर के स्तूप सहित कई ऐतिहासिक और धार्मिक स्थलों का डिजिटल अनुभव कराया गया। इस पहल ने लोगों को बिहार की समृद्ध सांस्कृतिक और ऐतिहासिक विरासत से नए तरीके से जोड़ने का काम किया।

व्यंजन मेले में बिहारी स्वाद का जलवा

पर्यटन विकास निगम की ओर से आयोजित व्यंजन मेले में पारंपरिक बिहारी खानपान ने भी लोगों का ध्यान आकर्षित किया। पवेलियन में पुआ, खीर, लिट्टी-चोखा, खाजा, लाई, पेड़ा, सत्तू, जलेबी, बेलग्रामी, पीठा, मूंग कचोरी, बालूशाही, कुल्हड़ चाय, गोलगप्पा और केसरिया कुल्फी जैसे व्यंजनों के स्टॉल लगाए गए थे।

इसके अलावा नॉनवेज व्यंजनों में आहूना मटन, बिहारी कबाब और चिकन ताश जैसे पकवान भी लोगों के बीच खासे लोकप्रिय रहे। व्यंजनों की खुशबू और विविधता ने आगंतुकों को पवेलियन की ओर आकर्षित किया। बिहार दिवस के मौके पर पर्यटन पवेलियन ने न केवल राज्य के पर्यटन स्थलों का प्रचार-प्रसार किया, बल्कि लोगों को सांस्कृतिक विरासत और पारंपरिक स्वाद से भी रूबरू कराया।

Read more about:

Read more about:



Source link

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -spot_img

Most Popular

Recent Comments