बिहार में पिछले महीने चलती ट्रेन में देवकुमार गुंजन की हत्या उनकी पत्नी समिता ने प्रेमी अजीत के साथ मिलकर करवाई थी। यह केस राजा रघुवंशी-सोनम रघुवंशी और केतन अग्रवाल-सिया गोयल की तरह चर्चा का विषय बना हुआ है। देव की हत्या के लिए समित और अजीत ने सुपारी किलर हायर किए, लेकिन वे 3 गलतियों से पकड़े गए।
जिसे सात फेरों में उम्रभर का साथ सौंपा, उसी ने अपने जीवनसाथी की हत्या की साजिश रच दी। हाल के दिनों में प्रेम प्रसंग के चलते पति की हत्या के कई चर्चित मामलों ने देशभर को झकझोर दिया है। पति राजा रघुवंशी की हनीमून के दौरान पत्नी सोनम एवं उसके आशिक द्वारा हत्या करवाने का मामला हो, या फिर मंगेतर केतन अग्रवाल को सिया गोयल द्वारा पहाड़ी से धक्का देकर मारने का केस, अब बिहार के कटिहार से भी ऐसा ही एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। समिता नाम की एक महिला ने अपने प्रेमी अजीत के साथ मिलकर पति देवकुमार गुंजन को चलती ट्रेन में मरवा दिया। पुलिस के अनुसार, पति को रास्ते से हटाने की योजना बेहद सुनियोजित थी, लेकिन आरोपियों की 3 बड़ी गलतियों से पूरे षडयंत्र का एक महीने में ही पर्दाफाश हो गया।
जमुई जिले में बिजली विभाग में कार्यरत देवकुमार गुंजन 11 जून को अपनी पत्नी समिता कुमारी से मिलने सुपौल आ रहे थे। जनसाधारण एक्सप्रेस ट्रेन में सवार देव को खगड़िया जिले के मानसी में बदलाघाट स्टेशन के पास शूटर ने गोली मारकर हत्या कर दी गई। इस मामले में पुलिस ने देवकुमार की पत्नी समिता, उसके प्रेमी अजीत कुमार और सुपारी किलर शूटर राजू को रेलवे पुलिस ने गिरफ्तार किया।
देवकुमार झारखंड के गोड्डा जिले के रहने वाले थे। वह बिहार के जमुई जिले में बिजली विभाग में कार्यरत थे। उनकी पत्नी सुपौल में मोटरयान निरीक्षक (एमवीआई) पद पर तैनात है, जबकि प्रेमी अजीत नालंदा में बिजली विभाग का टेक्नीशियन है।
बीवी के आशिक का नंबर कमीना नाम से सेव मिला
देवकुमार गुंजन की हत्या के बाद पुलिस ने उनके मोबाइल फोन की जांच की। उसमें कमीना नाम से एक नंबर सेव मिला। पुलिस को थोड़ा अचरज लगा। उस नंबर की डिटेल खंगाली गई, तो चौंकाने वाले तथ्य सामने आए। अजीत की देवकुमार की पत्नी समिता से अक्सर बातचीत होती थी। इससे पता चलता है कि देव को अपनी बीवी की बेवफाई के बारे में पहले से पता था।
पुलिस के अनुसार, समिता और अजीत के बीच बीते एक साल में 186 बार फोन पर बातचीत हुई। इसके अलावा व्हाट्सएप पर लंबी चैट भी हुई। घटना वाले दिन भी तड़के 3 बजे से दोनों आपस में व्हाट्सएप कॉल के जरिए संपर्क में थे। यहीं से पुलिस जांच की दिशा बदल गई। पुलिस ने समिता के आशिक अजीत कुमार को उठाया। पूछताछ में उसने हत्या की पूरी साजिश का खुलासा कर दिया।
3 गलतियां कर बैठे समिता और अजीत, ऐसे पकड़े गए
पति को चलती ट्रेन में मरवाने वाली समिता कुमारी और उसके प्रेमी अजीत कुमार ने शातिराना तरीके से देवकुमार गुंजन की हत्या की साजिश रची। मगर 3 बड़ी गलतियों से वे घटना के एक महीने बाद ही पकड़े गए। वारदात के बाद समिता ने आंसू बहाते हुए पुलिस के सामने लूटपाट के दौरान पति की गोली लगने से मौत होने की बात कही थी।
पुलिस को शक हुआ कि अगर लूटपाट की नीयत से हत्या की गई, तो ट्रेन में सवार अन्य यात्रियों के साथ कोई डकैती क्यों नहीं की गई? उस दिन जनसाधारण एक्सप्रेस में सवार किसी यात्री से लूट की शिकायत रेलवे पुलिस को नहीं मिली थी।
इसके बाद पुलिस के सामने सवाल उठा कि कथित लुटेरों ने सिर्फ देवकुमार गुंजन को ही क्यों निशाना बनाया। साथ ही, अगर लूटपाट में गोली चली तो हमलावर देवकुमार गुंजन का कोई सामान क्यों नहीं उठाया, उनकी सभी चीजें सुरक्षित पाई गईं।
पुलिस ने जांच शुरू की तो समिता और अजीत के बीच फोन पर बातचीत का सिलसिला सामान्य से कहीं ज्यादा मिला। इससे शक और गहरा गया।
शादी से पहले का प्यार, बाद में भी जारी रहा…
समिता कुमारी 9 साल पहले जब सीतामढ़ी में बिजली विभाग में तैनात थी, तभी उसकी दोस्ती अपने सहकर्मी अजीत कुमार से हुई थी। दोनों की दोस्ती प्यार में बदल गई। इसी बीच समिता के घरवालों ने उसकी शादी देवकुमार गुंजन से करवा दी। वह बिजली विभाग में टेक्नीशियन थे।
शादी के बावजूद समिता का अजीत के साथ प्रेम संबंध जारी रहा। अजीत ने शादी नहीं की। दोनों ने तय किया कि देवकुमार को रास्ते से हटा देंगे। 3 साल पहले समिता एमवीआई बनकर सुपौल आ गई। पति दूर रहते थे, तो वह सुपौल में अपने आशिक से बेरोकटोक मिलती रही। फिर दोनों ने आखिरकार देव को मारने की साजिश रच दी।
शूटर को 4 लाख में सुपारी
पुलिस के अनुसार, समिता और अजीत ने देवकुमार को मरवाने के लिए कॉन्ट्रैक्ट किलर हायर किए। शूटर को 4 लाख की सुपारी दी गई। इसमें से 1.60 लाख रुपये एडवांस दिए गए। बाकी की रकम काम तमाम होने के बाद देना तय हुआ। शूटर को प्रेमी अजीत ढूंढ़कर लाया था। उसी ने देवकुमार का फोटो और अन्य डिटेल हमलावर को दी थी। हत्या को लूट का एंगल देना था, इसलिए चलती ट्रेन में गोली मारने की साजिश रची गई।
कटिहार के रेल एसपी हरिशंकर कुमार ने बताया कि गिरफ्तार सुपारी किलर राजू उर्फ धीरज नालंदा जिले का रहने वाला है। वह पहले भी जहानाबाद के घोसी थाना में दर्ज हत्या के मामले में जेल जा चुका है। वह अभी जमानत पर बाहर था। उसके खिलाफ और भी कई मामले दर्ज हैं।
थ्रिलर मूवी से आया आइडिया
प्रेम प्रसंग और अवैध संबंध में रोड़ा बन रहे पति देवकुमार गुंजन को रास्ते से हटाने की साजिश रचने से पहले समिता और उसके आशिक ने कई सस्पेंस-थ्रिलर फिल्में देखीं। अलग-अलग मूवी से आइडिया लेने के बाद ही उन्होंने हत्या की साजिश रची। फिर दोनों ने अंतिम फैसला लिया कि देव को चलती ट्रेन में ही मरवाया जाएगा।
दोनों आरोपियों ने पता लगाया कि खगड़िया से आने वाली किस ट्रेन में सबसे ज्यादा भीड़ रहती है। फिर समिता ने अपने पति देव को उसी ट्रेन से आने को कहा। शूटर को उसकी जानकारी दे दी गई। यह तय किया गया कि इस घटना को ऐसे दिखाना है कि यह हत्या नहीं बल्कि ट्रेन में लूटपाट के दौरान हुई फायरिंग का मामला लगे। ताकि पुलिस को उन पर शक ना हो।
शूटर ने की रेकी, समिता बता रही थी लोकेशन
सुपारी किलर राजू कुमार उर्फ धीरज ने वारदात को अंजाम देने से पहले देव गुंजन की रेकी भी की थी। उसने दो से तीन बार ट्रेन में सफर कर रहे देवकुमार की गतिविधियों को देखा। समिता लगातार उसकी लोकेशन और यात्रा की जानकारी शूटर को व्हाट्सएप कॉल के जरिए देती रही। इसके बाद 11 जून को मर्डर कर दिया गया।
सिया, सोनम के बाद अब समिता
महाराष्ट्र के पुणे के कारोबारी केतन अग्रवाल की बीते 18 जून को लोहागढ़ किले से गिरने के बाद मौत हुई थी। शुरुआत में इसे हादसा माना गया, लेकिन जांच में पुलिस ने खुलासा किया कि उनकी मंगेतर सिया गोयल और उसके कथित प्रेमी चेतन चौधरी ने सुनियोजित साजिश के तहत उन्हें खाई में धक्का देकर हत्या की। जांच में दोनों के बीच हजारों कॉल, पहले भी हत्या की कोशिश, मोबाइल बंद रखने और पहचान छिपाने जैसे कई कथित सबूत सामने आए। पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल दोनों जेल में हैं।
इससे पहले, मध्य प्रदेश के इंदौर के रहने वाले व्यापारी राजा रघुवंशी की मई 2025 में मेघालय में हनीमून के दौरान हत्या कर दी गई थी। शुरुआत में दंपती के लापता होने और बाद में राजा का शव खाई में मिलने से मामला रहस्यमय बना रहा। जांच में मेघालय पुलिस ने खुलासा किया कि उनकी पत्नी सोनम रघुवंशी ने अपने कथित प्रेमी राज कुशवाहा और अन्य आरोपियों के साथ मिलकर सुनियोजित साजिश के तहत हत्या करवाई। पुलिस ने मोबाइल लोकेशन, सीसीटीवी, गाइड के बयान और अन्य साक्ष्यों के आधार पर कई आरोपियों को गिरफ्तार किया। मामले में चार्जशीट दाखिल हो चुकी है। फिलहाल सोनम रघुवंशी जमानत पर है, कोर्ट में ट्रायल चल रहा है।
अब बिहार से पत्नी समिता और उसके आशिक द्वारा देवकुमार गुंजन को मरवाने का मामला सामने आया है, जिसने सिया और सोनम के कांडों को ताजा कर दिया है।



