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Artemis II Mission: ‘चांद के पार चलो’, क्या है आर्टेमिस-2 मिशन? कौन हैं वो 4 यात्री जो रचेंगे इतिहास?


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oi-Ankur Sharma

Artemis II Mission: ‘चलो दिलदार चलो, चांद के पार चलो’, जी हां, आज कुछ ऐसा ही माहौल है नासा स्पेस सेंटर में, जो कि 54 साल बाद सफलता का नया इतिहास लिखने को तैयार है। उसका आर्टेमिस-2 मिशन अब उड़ान भरने को पूरी तरह से रेडी है। मालूम हो कि Artemis II नासा का एक महत्वपूर्ण मानव अंतरिक्ष मिशन है, जिसका उद्देश्य इंसानों को फिर से चंद्रमा के पास ले जाना है।

यह NASA के Artemis Program का दूसरा चरण है। ये एक फ़्लाइट टेस्ट है जिसे शुरू में ‘एक्सप्लोरेशन मिशन-2’ (EM-2) नाम दिया गया था और इसका शुरुआती मकसद 2013 में प्रस्तावित ‘एस्टेरॉयड रीडायरेक्ट मिशन’ को सपोर्ट करना था, जिसे अब रद्द कर दिया गया है।

Artemis II mission

इस मिशन को चार वैज्ञानिक अंजाम देने वाले हैं, जिनके नाम हैं रीड वाइसमैन, विक्टर ग्लोवर, क्रिस्टीना कॉश और जेरेमी हैनसेन। जिसमें क्रिस्टीना कॉश पहली महिला अंतरिक्ष यात्री हैं। यह सभी अंतरिक्ष यात्री दो दिन पहले ह्यूस्टन से T-38 जेट विमान से कैनेडी स्पेस सेंटर पहुंचे थे।

क्या है आर्टेमिस-2 मिशन?

आर्टेमिस-2 नासा का मानव मिशन है जो कि 10 दिन का मिशन है जिसमें अंतरिक्ष यात्री चंद्रमा की कक्षा (orbit) तक जाएंगे, लेकिन चंद्रमा पर उतरेंगे नहीं। यह 1972 के Apollo Program के बाद पहला ऐसा मिशन होगा, जिसमें इंसान चंद्रमा के इतने करीब जाएगा। मिशन में Orion spacecraft और Space Launch System का उपयोग किया जाएगा। इसका मुख्य उद्देश्य भविष्य के चंद्रमा लैंडिंग मिशन की तैयारी करना है। इससे पहले आर्टेमिस 1 एक मानवरहित मिशन था।

आर्टेमिस-2 मिशन के चारों अंतरिक्ष यात्री कौन हैं?

इस मिशन में तीन अंतरिक्ष यात्री तो नासा के हैं लेकिन एक एस्ट्रोनॉट कनाडाई स्पेस एजेंसी (सीएसए) का है, जिसके बारे में ऐलान नासा ने साल 2023 में ही किया था। आइए जानते हैं कि ये चारों अंतरिक्ष यात्री कौन हैं?

  • रीड वाइसमैन– ये मिशन के कमांडर हैं और पहले भी अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) पर जा चुके हैं।
  • पायलट विक्टर ग्लोवर-ये मिशन के पायलट हैं और स्पेसएक्स के क्रू-1 मिशन का हिस्सा रहे हैं और ये चांद का चक्कर लगाने वाले पहले अश्वेत व्यक्ति हैं।
  • क्रिस्टीना कोच-चंद्रमा के पास जाने वाली पहली महिला अंतरिक्ष यात्री होंगी जिन्हें मिशन स्पेशलिस्ट के नाम से जाना जाता है।
  • जेरेमी हैनसेन -चंद्रमा मिशन में जाने वाले पहले कनाडाई अंतरिक्ष यात्री है। ये कनाडाई वायुसेना के फाइटर पायलट हैं।
Artemis II Mission

क्यों अलग है आर्टेमिस-2 मिशन?

आर्टेमिस-2 मिशन में पहली बार एक महिला और एक अश्वेत अंतरिक्ष यात्री हिस्सा ले रहे हैं। इसका उद्देश्य भविष्य में चंद्रमा पर स्थायी मानव उपस्थिति बनाना और आगे Mars तक मिशन भेजने की तैयारी करना है। इस मिशन से मानव अंतरिक्ष उड़ान के कई रिकॉर्ड बनने की उम्मीद है। चंद्रमा से लगभग 4,700 मील (7,600 km) की दूरी पर और लगभग 25,000 मील प्रति घंटा (40,000 km/h) की वायुमंडलीय रीएंट्री गति के साथ, यह मिशन पिछली मानव-युक्त उड़ानों की दूरी और रीएंट्री गति के रिकॉर्ड को तोड़ सकता है।



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