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Jhunjhunu Conversion Controversy: झुंझुनूं के काजड़ा गांव में जवाहर नवोदय विद्यालय की एक शिक्षिका पर ईसाई धर्म में धर्मांतरण के प्रयास का आरोप लगा है. ग्रामीणों का कहना है कि शिक्षिका घर-घर जाकर हिंदू धर्म के विरुद्ध आपत्तिजनक बातें कहती थी और बीमारियों से मुक्ति का लालच देकर धर्म परिवर्तन के लिए प्रेरित करती थी. शुक्रवार को ग्रामीणों ने स्कूल के बाहर एकत्र होकर जोरदार प्रदर्शन किया और ‘हीलिंग मिरेकल्स’ मैगजीन दिखाते हुए विरोध जताया. पुलिस की समझाइश और कार्रवाई के आश्वासन के बाद धरना समाप्त हुआ, लेकिन ग्रामीणों ने कार्रवाई न होने पर बड़े आंदोलन की चेतावनी दी है.
झुंझुनूं में धर्म परिवर्तन के प्रयास पर हंगामा
Jhunjhunu Conversion Controversy: राजस्थान के झुंझुनूं जिले के सूरजगढ़ उपखंड स्थित काजड़ा गांव में शुक्रवार को धर्मांतरण के कथित प्रयास को लेकर जबरदस्त तनाव देखा गया. ग्रामीणों ने जवाहर नवोदय विद्यालय की एक शिक्षिका पर गंभीर आरोप लगाए हैं कि वह पिछले काफी समय से गांव में सक्रिय है और घर-घर जाकर ईसाई धर्म का प्रचार कर रही है. ग्रामीणों के अनुसार, संबंधित महिला हिंदू महिलाओं और ग्रामीणों को आर्थिक सहायता, बीमारियों से मुक्ति और विभिन्न कष्टों के निवारण का लालच देकर धर्म परिवर्तन के लिए उकसा रही है.
घटनाक्रम के अनुसार, शुक्रवार को जब महिला एक मकान में इसी तरह की धार्मिक चर्चा कर रही थी, तब ग्रामीणों ने उसका विरोध करना शुरू कर दिया. देखते ही देखते बड़ी संख्या में ग्रामीण और हिंदूवादी संगठनों के प्रतिनिधि नवोदय विद्यालय के मुख्य गेट पर एकत्र हो गए. प्रदर्शनकारियों के हाथों में ‘हीलिंग मिरेकल्स’ नामक मैगजीन थी, जिसे वे साक्ष्य के तौर पर दिखा रहे थे. एक स्थानीय युवक ने आरोप लगाया कि शिक्षिका ने उसे मूर्ति पूजा छोड़ने और हिंदू देवी-देवताओं के प्रति भ्रामक बातें कहकर ईसाई धर्म अपनाने के लिए प्रेरित किया. महिला ने दावा किया कि ‘हीलिंग पॉवर’ के जरिए वह उनकी सभी समस्याएं दूर कर सकती है.
पुलिस प्रशासन और स्कूल प्रबंधन का रुख
मामले की गंभीरता को देखते हुए पिलानी सीआई चंद्रभान पुलिस जाप्ते के साथ मौके पर पहुंचे और आक्रोशित ग्रामीणों से समझाइश का प्रयास किया. हालांकि, ग्रामीण और हिंदूवादी संगठन संबंधित शिक्षिका की तत्काल गिरफ्तारी की मांग पर अड़े रहे. इधर, स्कूल के वाइस प्रिंसिपल ने इस मामले पर सफाई देते हुए कहा कि उन्हें शिकायत मिल चुकी है, लेकिन वे उच्चाधिकारियों को अवगत कराने के बाद ही कोई प्रशासनिक कदम उठा सकते हैं. ग्रामीणों का आरोप है कि इस तरह के अभियानों के जरिए गांव के भोले-भाले लोगों को गुमराह किया जा रहा है.
दो घंटे चला धरना, उग्र आंदोलन की चेतावनी
देर रात तक चले हंगामे के बाद सीआई चंद्रभान ने मामले में निष्पक्ष जांच और उचित कार्रवाई का ठोस आश्वासन दिया, जिसके बाद ग्रामीणों ने करीब दो घंटे से चल रहा अपना धरना समाप्त किया. ग्रामीणों और संगठनों ने प्रशासन को दो-तीन दिन का अल्टीमेटम दिया है. उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि निर्धारित समय में शिक्षिका के विरुद्ध प्रभावी कानूनी कार्रवाई नहीं की गई, तो आगामी दिनों में पूरे जिले में उग्र आंदोलन किया जाएगा.
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Vicky Rathore (born July 25, 1994) is a seasoned multimedia journalist and digital content specialist with 8 years of experience across digital media, social media management, video production, editing, content…और पढ़ें



