Home Blog Page 295

Weather Alert: आंधी, ओले और बिजली का तांडव, IMD का ऑरेंज अलर्ट, इन राज्यों में अगले 24 घंटे भारी!


India

oi-Bhavna Pandey

IMD Orange Alert: भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने शनिवार को देश के कई राज्यों के लिए ऑरेंज अलर्ट की चेतावनी जारी की है। इसमें पंजाब, हरियाणा, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, उत्तर प्रदेश, पूर्वी राजस्थान, मध्य महाराष्ट्र, मराठवाड़ा, विदर्भ और छत्तीसगढ़ जैसे राज्य शामिल हैं, जहां अगले 24 घंटों में 60-70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तेज़ हवाओं, गरज-चमक, बिजली गिरने और ओलावृष्टि का पूर्वानुमान जताया गया है।

जम्मू-कश्मीर के लिए भी ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है, जहाँ गरज-चमक के साथ कुछ स्थानों पर भारी वर्षा की संभावना है। वहीं, दक्षिणी प्रायद्वीपीय क्षेत्र में, तमिलनाडु और केरल के कुछ चुनिंदा स्थानों पर भी भारी बारिश का अनुमान जताया गया है। इन सभी क्षेत्रों में गरज-चमक से जुड़ी गतिविधियों के जारी रहने के लिए येलो चेतावनी भी लागू है।

IMD Orange Alert

राजस्‍थान, गुजरात कनार्टक समेत इन राज्‍यों में येलो अलर्ट

इसके अलावा , पश्चिम राजस्थान, गुजरात, पश्चिम मध्य प्रदेश, कर्नाटक, तेलंगाना, तटीय आंध्र प्रदेश, ओडिशा, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल और पूर्वोत्तर राज्यों जैसे नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम व त्रिपुरा के लिए येलो अलर्ट जारी किए गए हैं। आईएमडी ने यह भी बताया कि ओडिशा में गर्म और आर्द्र मौसम की स्थिति के लिए अलग से चेतावनी दी गई है।

ग्‍वालियर में 10 मिनट तक लगातार गिरी ओले

इस मौसमी पैटर्न के बीच, शनिवार शाम को ग्वालियर में ओलावृष्टि, बारिश की बौछारों और तेज़ हवाओं ने दस्तक दी, जिसके लिए आईएमडी ने “गरज के साथ बिजली गिरने” का येलो अलर्ट जारी किया था। भोपाल, इंदौर, नर्मदापुरम, रीवा, जबलपुर और सागर संभाग के कुछ हिस्सों में भी बारिश दर्ज की गई।

इस दौरान तापमान में भी महत्वपूर्ण उतार-चढ़ाव देखने को मिला। ग्वालियर, रीवा और सागर संभाग में अधिकतम तापमान में 2.1°C से 3.4°C तक की गिरावट दर्ज की गई। वहीं, ग्वालियर और रीवा संभाग में न्यूनतम तापमान भी 2.4°C तक कम हो गया। कानपुर में भी तेज़ हवाओं के साथ बारिश हुई, जबकि हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला के कई हिस्सों में भी झमाझम वर्षा दर्ज की गई।

राजस्‍थान में तेज बारिश से फसलों को होगा तगड़ा नुकसान

राजस्थान ने भी ऐसी ही प्रतिकूल परिस्थितियों के कारण फसलों को भारी नुकसान होने की सूचना दी है। उपमुख्यमंत्री प्रेम चंद बैरवा ने इस स्थिति को “प्राकृतिक आपदा” करार दिया और प्रभावित किसानों को हर संभव सहायता का आश्वासन दिया। उन्होंने मीडिया को बताया, “यहां एक प्राकृतिक आपदा आई है…”

बैरवा ने आगे कहा, “…मुख्यमंत्री ने सभी अधिकारियों को नुकसान का आकलन करने का निर्देश दिया है और सभी जन प्रतिनिधियों से अपने-अपने क्षेत्रों से रिपोर्ट भेजने को कहा है। हमारे मुख्यमंत्री और भाजपा सरकार किसानों के साथ खड़ी है।”



Source link

58, 70, 90 रनों की पारियों से समीर रिजवी ने लगाई प्लेयर ऑफ़ द मैच की हैट्रिक, विराट कोहली के खास क्लब में शामिल


Cricket

oi-Naveen Sharma

Sameer Rizvi: आईपीएल 2026 में युवा बल्लेबाज़ समीर रिजवी का बल्ला जमकर बोल रहा है। मुंबई इंडियंस के खिलाफ खेले गए मुकाबले में उन्होंने शानदार पारी खेलते हुए अपनी टीम को जीत दिलाई और इसी प्रदर्शन के दम पर उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। खास बात यह है कि यह उनका लगातार तीसरा प्लेयर ऑफ द मैच अवॉर्ड है, जो उनके बेहतरीन फॉर्म को दर्शाता है।

समीर रिजवी इस समय अपने करियर के सबसे शानदार दौर से गुजर रहे हैं। उन्होंने आईपीएल की पिछली तीन पारियों में लगातार अर्धशतक जड़े हैं। मुंबई इंडियंस के खिलाफ इस मैच से पहले उन्होंने लखनऊ सुपर जायंट्स के खिलाफ नाबाद 70 रन बनाए थे, जहां उन्होंने अकेले दम पर मैच का रुख बदल दिया था। वहीं, इससे पहले पिछले सीजन के आखिरी मुकाबले में पंजाब किंग्स के खिलाफ महज 25 गेंदों में 58 रनों की तूफानी पारी खेली थी।

Sameer Rizvi

समीर रिजवी दिग्गजों के क्लब में शामिल

लगातार तीन मैचों में प्लेयर ऑफ द मैच बनने का कारनामा बहुत कम खिलाड़ी कर पाते हैं। इसी उपलब्धि के साथ समीर रिजवी अब दिग्गज खिलाड़ियों की सूची में शामिल हो गए हैं, जहां पहले से वीरेंद्र सहवाग और विराट कोहली जैसे नाम मौजूद हैं। यह उपलब्धि उनके लिए ही नहीं, बल्कि भारतीय क्रिकेट के भविष्य के लिए भी एक बड़ा संकेत है। तीन प्लेयर ऑफ़ द मैच लगातार जीतने वाले प्लेयर्स में जैक कैलिस, रुतुराज गायकवाड़, जोस बटलर और ग्लेन मैक्सवेल जैसे बड़े नाम भी शामिल हैं।

धाकड़ बैटिंग के दम पर रिजवी ने ऑरेंज कैप अपने नाम कर ली, इसी मुकाबले में ऑरेंज कैप रोहित शर्मा के नाम थी लेकिन मैच खत्म होते ही उन्होंने इसे अपने नाम कर लिया। उन्होंने दो मैचों में 160 रन बना डाले हैं, शतक का मौका भी आया था लेकिन वह इससे पहले आउट हो गए।

दिल्ली की लगातार दूसरी जीत

दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ मुकाबले में मुंबई ने पहले खेलते हुए 162 रनों का स्कोर बनाया था, दिल्ली ने इसे महज 4 विकेट खोकर हासिल कर लिया। इस सीजन दिल्ली की यह लगातार दूसरी जीत है।



Source link

Operation Sindoor: राफेल का वो दांव, जिसने पाकिस्तानी रडार को बना दिया अंधा, पूर्व अमेरिकी पायलट का खुलासा


International

oi-Sumit Jha

Operation Sindoor: अप्रैल 2025 के पहलगाम हमले के बाद भारत ने 7 मई 2025 को ‘ऑपरेशन सिंदूर’ शुरू किया। इसका मकसद पाकिस्तान में मौजूद आतंकी ठिकानों को तबाह करना था। इस सैन्य कार्रवाई में भारतीय वायुसेना के राफेल जेट्स ने अहम भूमिका निभाई। पूर्व अमेरिकी पायलट रयान बोडेनहाइमर ने इस मिशन में भारत की रणनीति और राफेल की आधुनिक तकनीक की जमकर तारीफ की है।

उन्होंने बताया कि कैसे भारतीय पायलटों ने अपनी समझदारी और ‘X-GUARD’ जैसे एडवांस सिस्टम से दुश्मन को पूरी तरह उलझा दिया और बिना किसी नुकसान के मिशन को सफलतापूर्वक अंजाम दिया।

Operation Sindoor

राफेल का ‘शतरंज’ जैसा दिमाग

रयान बोडेनहाइमर ने भारतीय पायलटों की रणनीति को ‘4D चेस’ यानी दिमाग का खेल बताया है। उनके अनुसार, आधुनिक युद्ध केवल विमान उड़ाने के बारे में नहीं है, बल्कि दुश्मन के रडार को धोखा देने के बारे में भी है। भारतीय पायलटों ने राफेल की इलेक्ट्रॉनिक प्रणालियों का ऐसा इस्तेमाल किया कि पाकिस्तानी सेना यह समझ ही नहीं पाई कि असली विमान कहां है। यह मिशन तकनीकी श्रेष्ठता और बेहतरीन प्लानिंग का एक बेजोड़ नमूना बनकर उभरा है।

ये भी पढे़ं: Pakistan Economic Crisis: कटोरा लेकर भीख मांगने IMF जाएगा पाक, ईरान ने कर दी हालत खस्ता, कितने पैसों की जरूरत?

X-GUARD: हवा में सुरक्षा कवच

राफेल में लगा ‘X-GUARD’ एक टोव्ड डिकॉय (Towed Decoy) सिस्टम है। यह एक छोटा उपकरण होता है जो विमान के पीछे एक तार के जरिए हवा में लटका रहता है। जब दुश्मन की मिसाइल आती है, तो यह डिकॉय ऐसे सिग्नल भेजता है जिससे वह मिसाइल को असली विमान से बड़ा और जरूरी टारगेट लगने लगता है। इसके कारण दुश्मन की मिसाइल विमान को छोड़कर उस छोटे से उपकरण से टकरा जाती है और विमान पूरी तरह सुरक्षित रहता है।

ड्रॉप टैंक्स और भ्रम की रणनीति

युद्ध के दौरान जब विमानों के बीच मुकाबला कड़ा होता है, तो पायलट अपने अतिरिक्त ईंधन टैंक (Drop Tanks) गिरा देते हैं ताकि विमान हल्का और तेज हो सके। बोडेनहाइमर ने बताया कि जब ये टैंक नीचे गिरे, तो पाकिस्तानी सेना को लगा कि उन्होंने भारत के विमान गिरा दिए हैं। भारत ने जानबूझकर इस भ्रम को बने रहने दिया। इससे दुश्मन खुश होकर रुक गया और उसने दूसरी मिसाइल नहीं दागी, जिसका फायदा उठाकर भारतीय पायलट सुरक्षित वापस लौट आए।

‘फॉग ऑफ वॉर’ और दिमागी खेल

युद्ध के मैदान में ‘फॉग ऑफ वॉर’ यानी अनिश्चितता का माहौल बनाना बहुत जरूरी होता है। भारत ने अपनी संचार रणनीति से पाकिस्तान को इसी उलझन में रखा। जब दुश्मन को लगता है कि उसने शिकार कर लिया है, जबकि असल में वह केवल बेकार कचरे (डिकॉय या टैंक) पर वार कर रहा होता है, तो उसका आत्मविश्वास डगमगा जाता है। इससे भविष्य में वे अपने ही रडार के डेटा पर भरोसा करने से डरने लगते हैं।

ये भी पढे़ं: Iran America War: ईरान से जंग के बीच अमेरिका को झटका, इराक में अमेरिकी विमान राख, टेंशन में ट्रंप

ऑपरेशन सिंदूर का मुख्य लक्ष्य

ऑपरेशन सिंदूर का मकसद बदला लेना नहीं, बल्कि आतंकियों के बुनियादी ढांचे को जड़ से उखाड़ना था। खुफिया जानकारी के आधार पर नौ बड़े आतंकी कैंपों को निशाना बनाया गया। इस पूरी कार्रवाई में भारतीय सेना ने नैतिकता का पालन किया और पूरी कोशिश की कि आम नागरिकों को कोई नुकसान न पहुँचे। यह ऑपरेशन भारत की बढ़ती सैन्य ताकत और सटीक रणनीति का प्रतीक है, जिसने दुनिया को दिखाया कि भारत अपनी सुरक्षा के लिए किसी भी हद तक जा सकता है।



Source link

Bihar News: मरीन ड्राइव पर तीन महीने में लगाए जाएंगे एक लाख पेड़: सम्राट चौधरी


बिहार के उपमुख्यमंत्री ने तीन महीने के भीतर पटना के मरीन ड्राइव के आसपास 100,000 पेड़ लगाने की योजना की घोषणा की है, साथ ही कहीं और पेड़ लगाकर पेड़ के नुकसान की भरपाई की जाएगी। राज्य का लक्ष्य ग्रीन कॉरिडोर को मजबूत करना, इको-टूरिज्म को बढ़ावा देना और वाल्मीकिनगर में लव-कुश पार्क और मरीन ड्राइव के पास एक विश्व स्तरीय एक्वेरियम जैसी परियोजनाओं को विकसित करना है, जबकि पटना में जल मेट्रो सेवाओं को आगे बढ़ाना है।

India

-Oneindia Staff

बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा है कि पटना के मरीन ड्राइव क्षेत्र में अगले तीन महीनों के भीतर एक लाख पेड़ लगाए जाएंगे। उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्य में विकास कार्यों के दौरान जहां भी पेड़ों की कटाई होती है, उसके बदले अन्य स्थानों पर उससे अधिक पौधारोपण किया जाता है।

Bihar Plants 100,000 Trees on Marine Drive

होटल ताज सिटी सेंटर में आयोजित “मानव-वन्यजीव: द्वंद से सह-अस्तित्व की ओर” विषयक कार्यशाला को संबोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार सरकार विकास के साथ-साथ पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। उन्होंने बताया कि पिछले करीब 20 वर्षों में राज्य में व्यापक स्तर पर वृक्षारोपण किया गया है, जिसके चलते वन क्षेत्र 6 प्रतिशत से बढ़कर 15 प्रतिशत तक पहुंच गया है।

उन्होंने कहा कि मानव और वन्यजीवों के बीच टकराव को कम करने के लिए सरकार ठोस कदम उठा रही है। इसके साथ ही ईको टूरिज्म को बढ़ावा देने के लिए भी कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं। वाल्मीकिनगर में करीब 100 करोड़ रुपये की लागत से लव-कुश पार्क विकसित किया जा रहा है। इसके अलावा मरीन ड्राइव के पास विश्वस्तरीय एक्वेरियम बनाने की योजना पर भी काम जारी है। पटना में जल्द ही वाटर मेट्रो सेवा शुरू करने की तैयारी भी चल रही है।

कार्यशाला में केंद्रीय जल शक्ति राज्य मंत्री और मुजफ्फरपुर सांसद डॉ. राज भूषण चौधरी ने कहा कि हाल के वर्षों में मानव और वन्यजीवों के बीच संघर्ष बढ़ा है, जिसका मुख्य कारण उनके प्राकृतिक आवासों का नष्ट होना है। उन्होंने वन्यजीव कॉरिडोर के संरक्षण और जनभागीदारी बढ़ाने की आवश्यकता पर जोर दिया।

ग्रीन कॉरिडोर में देशी प्रजातियों के पौधे

पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के मंत्री डॉ. प्रमोद कुमार ने बताया कि पटना-डोभी ग्रीन कॉरिडोर में पीपल, नीम, पाकड़ और जामुन जैसे देशी प्रजातियों के पौधे लगाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि विकास और पर्यावरण के बीच संतुलन बनाना बेहद जरूरी है।

कार्यक्रम में वाल्मीकिनगर सांसद सुनील कुमार ने भी प्रकृति में संतुलन बनाए रखने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि मानव और वन्यजीवों का सह-अस्तित्व ही पर्यावरण संरक्षण का आधार है। इस अवसर पर बक्सर सांसद सुधाकर सिंह, आरा सांसद सुदामा प्रसाद, पर्यावरण विभाग के अपर मुख्य सचिव आनंद किशोर, प्रधान मुख्य वन संरक्षक प्रभात कुमार सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। कार्यक्रम में भीमबांध वन्यप्राणी अभयारण्य की सर्वे रिपोर्ट का विमोचन भी किया गया। बड़ी संख्या में पर्यावरण संरक्षण से जुड़े लोग कार्यक्रम में शामिल हुए।

Read more about:

Read more about:



Source link

Trump Warning Iran: 48 घंटे और सब खत्म! ट्रंप ने ईरान को दी आखिरी चेतावनी, दुनिया भर में मचा कोहराम


International

oi-Sumit Jha

Trump Warning Iran: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर अपने आक्रामक तेवरों से पूरी दुनिया को चौंका दिया है। ईरान के साथ चल रहे लंबे गतिरोध के बीच ट्रंप ने अब आर-पार की लड़ाई का संकेत देते हुए 48 घंटे का अंतिम अल्टीमेटम जारी किया है।

उन्होंने साफ शब्दों में कहा है कि यदि ईरान समझौते के लिए तैयार नहीं होता या होर्मुज जलडमरूमध्य का रास्ता नहीं खोलता, तो उस पर “कहर बरपेगा”। ट्रंप की यह चेतावनी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर युद्ध की आहट के रूप में देखी जा रही है, जिससे मध्य-पूर्व सहित वैश्विक राजनीति में भारी हलचल मच गई है।

Trump Warning Iran

ट्रंप का अल्टीमेटम और खत्म होता समय

डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया पर स्पष्ट किया कि ईरान को दी गई 10 दिनों की मोहलत अब खत्म होने वाली है। उन्होंने याद दिलाया कि 27 मार्च को उन्होंने ईरानी ऊर्जा संयंत्रों पर हमला रोकने का फैसला लिया था, ताकि कूटनीति को मौका मिल सके। अब मात्र 48 घंटे शेष हैं, जिसके बाद अमेरिका कड़े सैन्य कदम उठा सकता है। यह समय सीमा बीतने के बाद स्थिति नियंत्रण से बाहर हो सकती है, जिससे दोनों देशों के बीच सीधा संघर्ष शुरू होने का खतरा बढ़ गया है।

ये भी पढ़ें: Iran Vs America War: ईरान नहीं, इन 2 देशों ने मार गिराए अमेरिकी फाइटर जेट! अब क्या करेंगे ट्रंप?

होर्मुज स्ट्रेट का विवाद और वैश्विक तेल संकट

होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया का सबसे महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग है, जहाँ से वैश्विक तेल आपूर्ति का बड़ा हिस्सा गुजरता है। ट्रंप की मुख्य मांग इस रास्ते को पूरी तरह खुला रखने और ईरान के प्रभाव को कम करने की है। अगर ईरान इस रणनीतिक रास्ते पर अपना अड़ियल रुख बरकरार रखता है, तो अमेरिका इसे बलपूर्वक खोलने की कोशिश कर सकता है। इस विवाद के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में भारी उछाल आने और वैश्विक अर्थव्यवस्था के चरमराने की पूरी आशंका बनी हुई है।

ये भी पढ़ें: Trump vs Iran: ईरान से युद्ध में अमेरिका का हालात खराब! गुस्से से लाल ट्रंप, वीक ऑफ किया रद्द

ईरानी ऊर्जा संयंत्रों पर हमले का खतरा

ट्रंप ने संकेत दिया है कि यदि ईरान उनकी शर्तें नहीं मानता, तो उसके ऊर्जा और तेल संयंत्र अमेरिका के सीधे निशाने पर होंगे। “कहर बरपेगा” जैसे शब्दों का प्रयोग यह दर्शाता है कि अमेरिकी सेना बड़े पैमाने पर हवाई या मिसाइल हमले कर सकती है। ईरान की अर्थव्यवस्था काफी हद तक इन तेल संयंत्रों पर टिकी है, और उन पर हमला होने का मतलब होगा ईरान की रीढ़ की हड्डी तोड़ना। इस धमकी ने क्षेत्र में तैनात अमेरिकी और ईरानी सेनाओं के बीच तनाव को चरम पर पहुंचा दिया है।

ये भी पढे़ं: Majid Advance System: बिना एयरफोर्स Iran कैसे गिरा रहा America के फाइटर जेट? Majid सिस्टम या चीन का हाथ?

टैरिफ और अमेरिकी अर्थव्यवस्था पर ट्रंप का रुख

अपनी इस सैन्य धमकी के साथ-साथ ट्रंप ने अमेरिकी अर्थव्यवस्था की मजबूती का भी जिक्र किया है। उन्होंने अन्य पोस्ट के जरिए बताया कि कैसे उनके द्वारा लगाए गए ‘टैरिफ’ (आयात शुल्क) अमेरिका को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर और ताकतवर बना रहे हैं। ट्रंप का मानना है कि एक मजबूत अर्थव्यवस्था और सख्त विदेश नीति के मेल से ही अमेरिका अपनी शर्तों पर दुनिया को चला सकता है। वह ईरान पर दबाव बनाकर न केवल सुरक्षा बल्कि आर्थिक मोर्चे पर भी अपनी जीत सुनिश्चित करना चाहते हैं।



Source link

जस्टिस नागरत्ना बोलीं- चुनाव आयोग को स्वतंत्र रहना चाहिए: कोई भी राजनीतिक प्रभाव न हो; 2027 में चीफ जस्टिस बन सकती हैं




सुप्रीम कोर्ट की जस्टिस बीवी नागरत्ना ने शनिवार को कहा कि चुनाव आयोग को पूरी तरह स्वतंत्र रहना चाहिए और उस पर किसी भी तरह का राजनीतिक प्रभाव नहीं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि दूसरे संवैधानिक संस्थाओं को भी अपनी गरिमा बनाकर रखनी चाहिए। उन्होंने पटना की चाणक्य नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी में ‘कॉन्स्टीट्यूशनलिज्म बियॉन्ड राइट्स: व्हाई स्ट्रक्चर मैटर्स’ पर बात की। जस्टिस नागरत्ना ने कहा- यदि संवैधानिक ढांचा धीरे-धीरे कमजोर होता है, तो इससे संवैधानिक ब्रेकडाउन की स्थिति पैदा हो सकती है, भले ही अधिकार औपचारिक रूप से मौजूद रहें। जस्टिस नागरत्ना सितंबर 2027 में सीनियरिटी के आधार पर देश की चीफ जस्टिस बन सकती हैं। जस्टिस नागरत्ना बोलीं- संस्थान एक-दूसरे की जांच करें जस्टिस बीवी नागरत्ना ने आगे कहा कि जब संस्थाएं एक-दूसरे की जांच और निगरानी करना बंद कर देती हैं, तभी असली समस्या शुरू होती है। चुनाव आयोग, कंट्रोलर एंड ऑडिटर जनरल ऑफ इंडिया (CAG) और वित्त आयोग जैसी संस्थाएं निष्पक्ष व्यवस्था बनाए रखने में जरूरी भूमिका निभाती हैं। उन्होंने चुनाव प्रक्रिया पर कहा कि हमारे लोकतंत्र में समय पर चुनाव होने से सरकारें सही तरीके से बदलती रहती हैं। इस प्रक्रिया पर नियंत्रण का मतलब राजनीतिक मुकाबले के नियमों को अपने हाथ में लेना है। 2 अप्रैल: बंगाल में चुनाव अधिकारियों को बंधक बनाया, सुप्रीम कोर्ट नाराज इससे पहले भी सुप्रीम कोर्ट ने चुनाव आयोग और उसके अधिकारियों के संबंध में टिप्पणी की थी। दरअसल गुरुवार को पश्चिम बंगाल के मालदा जिले में SIR से जुड़े 7 इलेक्शन ऑब्जर्वर को बंधक बना लिया गया था। इस घटना पर सुप्रीम कोर्ट ने नाराजगी जताई थी। कोर्ट ने कहा था- उन्हें नौ घंटे बंधक बनाकर रखा। खाना-पानी तक नहीं मिला। यह घटना सोची-समझी और भड़काऊ लगती है। हमें पता है उपद्रवी कौन हैं, इनका मकसद न्यायिक अधिकारियों का मनोबल गिराना और चुनावी प्रक्रिया को बाधित करना है। CJI सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस विपुल एम पंचोली की बेंच ने कहा कि राज्य में कानून-व्यवस्था ढह गई है। बेंच ने राज्य के गृह सचिव, डीजीपी और अन्य अधिकारियों से उनकी निष्क्रियता पर जवाब मांगा। CEC ज्ञानेश कुमार ने मामले की जांच NIA को सौंप दी। NIA टीम शुक्रवार को पश्चिम बंगाल पहुंचेगी। ———————————— ये खबर भी पढ़ें… केरलम में 339 करोड़पति कैंडिडेट, 38% पर क्रिमिनल केस, 5 साल में 48% बढ़े करोड़पति उम्मीदवार केरलम विधानसभा चुनाव में 38% उम्मीदवारों पर क्रिमिनल केस दर्ज हैं। इनमें सबसे ज्यादा 72 उम्मीदवार कांग्रेस से हैं। BJP के 59 और CPI(M) के 51 उम्मीदवार हैं। वहीं, 23% पर हत्या और बलात्कार जैसे गंभीर केस दर्ज हैं। पूरी खबर पढ़ें…



Source link

Allied Blenders and Distillers ने अमर सिन्हा को बनाया एमडी, प्रीमियम स्ट्रेटेजी के साथ ग्रोथ को मिलेगी रफ्तार


India

oi-Bhavna Pandey

मुंबई की स्पिरिट कंपनी Allied Blenders and Distillers (एबीडी) ने अपने अगले ग्रोथ फेज को तेज करने के लिए बड़ा दांव खेला है। कंपनी ने इंडस्ट्री के अनुभवी लीडर Amar Sinha को नया मैनेजिंग डायरेक्टर नियुक्त किया है, जो अब प्रीमियम सेगमेंट पर फोकस बढ़ाकर कंपनी की मार्केट पोजिशन मजबूत करेंगे।

मुंबई स्थित एबीडी, जिसकी स्थापना Kishore Chhabria ने 1988 में की थी, इस नेतृत्व परिवर्तन को अपने ग्रोथ के अगले चरण की शुरुआत के तौर पर देख रही है। कंपनी अब तेजी से बदलते अल्कोहल बेवरेज मार्केट में प्रतिस्पर्धा को देखते हुए प्रीमियम प्रोडक्ट्स, बेहतर ब्रांड पोजिशनिंग और मजबूत डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क पर जोर देगी।

AAllied Blenders and Distillers

प्रीमियम स्ट्रेटेजी के साथ ग्रोथ को मिलेगी रफ्तार

करीब 30 साल से ज्यादा का अनुभव रखने वाले अमर सिन्हा सेल्‍स, डिस्‍ट्रीब्यूशन और पोर्टफोलियो प्लानिंग में अपनी गहरी समझ के लिए जाने जाते हैं। एबीडी को उम्मीद है कि उनके नेतृत्व में कंपनी हाई-मार्जिन कैटेगरी में अपनी पकड़ मजबूत करेगी और प्रीमियम ऑफरिंग्स के जरिए उपभोक्ताओं के बीच अपनी पहचान और मजबूत बनाएगी।

अमर सिन्‍हा का करियर

एबीडी जॉइन करने से पहले सिन्हा Radico Khaitan में फरवरी तक चीफ ऑपरेटिंग ऑफिसर (COO) थे। 2017 में कंपनी से जुड़ने के बाद उन्होंने बिक्री, डिस्ट्रीब्यूशन और ब्रांड स्ट्रेटेजी जैसे अहम क्षेत्रों को संभाला और कंपनी के प्रीमियमकरण (premiumization) को नई दिशा दी। उनके कार्यकाल में रेडिको खैतान ने अपने मार्केट एक्जीक्यूशन को मजबूत किया और प्रीमियम प्रोडक्ट पोर्टफोलियो को धार दी।

अब एबीडी सिन्हा के अनुभव का फायदा उठाते हुए अपने ऑपरेशंस में अनुशासन, बेहतर एक्जीक्यूशन और टारगेटेड प्रीमियम रणनीति लागू करना चाहती है। कंपनी का मानना है कि यह बदलाव उसे कड़ी प्रतिस्पर्धा के बीच तेजी से प्रतिक्रिया देने और अपने ग्रोथ को नई ऊंचाई पर ले जाने में मदद करेगा।



Source link

Rajasthan Weather: ओले और बारिश को लेकर IMD का अलर्ट, लहसुन और गेहूं की फसल तबाह


Rajasthan

oi-Smita Mugdha

Rajasthan Weather: राजस्थान के हाड़ौती संभाग में शनिवार को मौसम ने ऐसा कहर बरपाया कि किसानों की महीनों की मेहनत पलभर में बर्बाद हो गई। Kota, Bundi और Baran जिलों में बेमौसम बारिश और भारी ओलावृष्टि ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया। कई इलाकों में नींबू के आकार के ओले गिरने से खेतों में खड़ी गेहूं, लहसुन और चने की फसलें पूरी तरह चौपट हो गईं।

सबसे ज्यादा तबाही बूंदी जिले के लाखेरी और इंदरगढ़ क्षेत्रों में देखने को मिली, जहां अचानक बदले मौसम ने लोगों को संभलने का मौका तक नहीं दिया। कुछ ही देर में आसमान से गिरे बड़े-बड़े ओलों ने पूरे इलाके को सफेद चादर में ढक दिया। यहां तक कि रामगढ़ टाइगर रिजर्व के जंगल भी ओलों से पट गए, जिससे दृश्य किसी बर्फबारी जैसा नजर आया।

Rajasthan Weather

Rajasthan Weather: आंधी और ओलावृष्टि से शहर हुए सुनसान

– कोटा जिले के सांगोद, देवली, इटावा और लाडपुरा के मंडाना क्षेत्र में भी तेज आंधी, बारिश और ओलावृष्टि का असर देखने को मिला।

– सड़कों पर सन्नाटा छा गया और कई जगह जलभराव की स्थिति बन गई। वहीं बारां जिले में दिनभर बादलों की आवाजाही और हल्की बारिश का दौर जारी रहा।

– बेमौसम बरसात और ओले गिरने से आम लोगों के जनजीवन की रफ्तार भी थम सी गई। शहरों पर सन्नाटा छा गया और शनिवार को अलग-अलग हिस्सों में हल्का जल जमाव भी देखने को मिला।

Weather Update: किसानों को भारी नुकसान की आशंका

इस प्राकृतिक आपदा का सबसे बड़ा असर किसानों पर पड़ा है। हाड़ौती क्षेत्र, जो लहसुन, गेहूं और चने की अच्छी पैदावार के लिए जाना जाता है, वहां फसलें पूरी तरह बर्बाद हो गई हैं। किसानों के अनुसार, गेहूं की कटाई और लहसुन की खुदाई का समय चल रहा था, लेकिन ओलों और बारिश ने दानों को काला कर दिया और फसल की गुणवत्ता खराब कर दी। पहले अतिवृष्टि और अब ओलावृष्टि ने किसानों की आर्थिक स्थिति को गहरा झटका दिया है। अब प्रभावित किसान सरकार से मुआवजे की मांग कर रहे हैं।

IMD Alert: मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट

भारतीय मौसम विभाग (India Meteorological Department) के जयपुर केंद्र के अनुसार, राज्य के ऊपर सक्रिय परिसंचरण तंत्र के चलते मौसम में यह बदलाव आया है। विभाग ने चेतावनी दी है कि 7 अप्रैल को एक और मजबूत पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा, जिसका असर पूरे राजस्थान में देखने को मिलेगा। मौसम विभाग के मुताबिक 6 अप्रैल को जोधपुर और बीकानेर संभाग में असर दिखेगा, जबकि 7 अप्रैल को जयपुर, अजमेर, भरतपुर, कोटा और अन्य क्षेत्रों में 50-60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी, बारिश और ओलावृष्टि की संभावना है। 8 अप्रैल से मौसम धीरे-धीरे साफ होने लगेगा।

मौसम विभाग ने किसानों और व्यापारियों के लिए एडवाइजरी जारी करते हुए कहा है कि मंडियों में खुले में रखे अनाज और खेतों में कटी फसलों को तिरपाल से ढककर सुरक्षित स्थान पर रखें। नुकसान को कम करने के लिए किसानों से सभी जरूरी सतर्कता बरतने की अपील की गई है।



Source link

Bihar News: भूमि माफियाओं पर सख्ती तय, नहीं रुकेगा भूमि सुधार अभियान: विजय कुमार सिन्हा


बिहार का लक्ष्य बिना किसी देरी के भूमि सुधार में तेज़ी लाना है, अतिक्रमण और भू-माफियाओं पर कार्रवाई को कड़ा करना है। यह कार्यक्रम नागरिकों को सीधे जोड़ता है, शिकायतों को डिजिटल रूप से दर्ज करता है, और गांवों और जिलों में ज़मीनी स्तर पर समाधान के साथ पारदर्शी, जवाबदेह निर्णय लेने के लिए प्रतिबद्ध है।

India

-Oneindia Staff

बिहार के उपमुख्यमंत्री सह राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने स्पष्ट किया है कि राज्य में भूमि सुधार अभियान किसी भी स्थिति में नहीं रुकेगा। उन्होंने कहा कि भूमि विवाद, अवैध कब्जा और राजस्व व्यवस्था में अराजकता फैलाने वालों के खिलाफ सरकार सख्त कार्रवाई करेगी।

Bihar land reform targets encroachment

मुंगेर प्रेक्षा गृह में आयोजित भूमि सुधार जन-कल्याण संवाद को संबोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री ने कहा कि जमीन से जुड़े विवाद केवल दो व्यक्तियों तक सीमित नहीं रहते, बल्कि इससे परिवार, गांव और पीढ़ियों तक तनाव पैदा होता है। ऐसे में राज्य सरकार ने संकल्प लिया है कि भूमि विवादों का समाधान केवल कागजों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि जमीनी स्तर पर किया जाएगा।

उन्होंने बताया कि भूमि सुधार जन-कल्याण संवाद कार्यक्रम के जरिए सरकार सीधे जनता की समस्याएं सुन रही है। अब तक आयोजित जनसंवाद कार्यक्रमों में 15 हजार से अधिक शिकायतें प्राप्त हुई हैं, जिन्हें डिजिटल प्रणाली के माध्यम से दर्ज कर नियमित मॉनिटरिंग की जा रही है।

उपमुख्यमंत्री ने दो टूक कहा कि सरकारी या गरीबों की जमीन पर कब्जा करने वाले भूमि माफियाओं को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि ऐसे मामलों में अवैध कब्जाधारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि कोई कितना भी प्रभावशाली क्यों न हो, कानून से ऊपर नहीं है।

प्रशासनिक अधिकारियों को चेतावनी देते हुए उन्होंने कहा कि जमीन से जुड़े मामलों में भ्रष्टाचार, लापरवाही या अनावश्यक देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। ईमानदारी से काम करने वालों को सम्मान मिलेगा, जबकि दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी।

उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि कुछ लोग अंचल अधिकारी से जुड़े मामलों को लेकर भ्रम फैलाने की कोशिश कर रहे हैं, जबकि तथ्यों से उनका कोई संबंध नहीं है। सरकार सभी निर्णय नियमों और जनहित के आधार पर ही लेती है।

उपमुख्यमंत्री ने कहा कि हड़ताल और तालाबंदी जैसी प्रवृत्तियां अराजकता को बढ़ावा देती हैं और इससे आम जनता का काम प्रभावित होता है। बिहार अब उस दौर से आगे बढ़ चुका है, जब अव्यवस्था के कारण विकास कार्य बाधित होते थे। सरकार का लक्ष्य पारदर्शी, जवाबदेह और जनहितकारी व्यवस्था स्थापित करना है।

उन्होंने कहा कि वर्षों से भूमि विवादों के कारण लोगों को जो परेशानी उठानी पड़ी है, उसे खत्म करने का समय आ गया है। सरकार गांवों में शांति, सामाजिक सौहार्द और तेज विकास सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है।

कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। इस अवसर पर राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के प्रधान सचिव सीके अनिल, प्रभारी जिलाधिकारी मनोज कुमार सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। बड़ी संख्या में आम लोग भी कार्यक्रम में शामिल हुए।

Read more about:

Read more about:



Source link

DC vs MI: रोहित की चालाकी में फंस गए कुलदीप यादव, एक्टिंग करके बर्बाद कराया DRS, खुद बयां की कहानी


Cricket

oi-Naveen Sharma

DC vs MI: दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में मुंबई इंडियंस (MI) और दिल्ली कैपिटल्स (DC) के बीच खेले जा रहे मुकाबले में एक ऐसा वाकया हुआ, जिसने फैंस का भरपूर मनोरंजन किया। टीम इंडिया के पूर्व कप्तान रोहित शर्मा ने अपनी चालाकी से दिल्ली कैपिटल्स के स्पिनर कुलदीप यादव को चकमा दे दिया, जिसके चलते दिल्ली को अपना एक महत्वपूर्ण DRS रिव्यू गंवाना पड़ा।

यह घटना मुंबई की पारी के 9वें ओवर की है। कुलदीप यादव की एक गेंद पर रोहित शर्मा ने स्वीप शॉट खेलने की कोशिश की, लेकिन गेंद बल्ले पर नहीं आई और पैड्स से टकराकर विकेटकीपर केएल राहुल के हाथों में चली गई। दिल्ली के खिलाड़ियों ने जोरदार अपील की, लेकिन अंपायर ने इसे नॉट आउट करार दिया।

dc vs mi rohit sharma

रोहित शर्मा ने की शानदार एक्टिंग

असली ड्रामा इसके बाद शुरू हुआ। रोहित शर्मा को पता था कि गेंद बल्ले से नहीं लगी है, लेकिन उन्होंने जानबूझकर ऐसी एक्टिंग की जैसे वह आउट हो गए हों और पवेलियन की ओर कदम बढ़ाने लगे। रोहित को चलता देख कुलदीप यादव जोश में आ गए और उन्होंने कप्तान अक्षर पटेल को रिव्यू लेने के लिए मना लिया।

जब थर्ड अंपायर ने रिप्ले देखा, तो अल्ट्रा-एज में कोई स्पाइक नहीं था और गेंद बल्ले से कोसों दूर थी। अंपायर ने फैसला बरकरार रखा और दिल्ली कैपिटल्स ने अपना कीमती रिव्यू बेकार कर दिया। रोहित शर्मा क्रीज पर वापस लौट आए और उनके चेहरे पर एक शरारती मुस्कान थी, जिसने साफ कर दिया कि उन्होंने यह सब जानबूझकर किया था।

रोहित शर्मा ने किया खुलासा

हालांकि रोहित अगले ओवर में आउट हो गए, पारी के ब्रेक के दौरान रोहित ने इस घटना पर हंसते हुए कहा, “मैं कुलदीप को बहुत करीब से जानता हूं, उसे DRS लेना बहुत पसंद है। इसलिए मैंने बस अपनी किस्मत आजमाई और थोड़ा मजाक किया। मुझे पता था कि अगर मैं चलने की एक्टिंग करूंगा, तो वह जरूर रिव्यू के लिए कहेगा। मेरा दांव सही बैठा और हमें फायदा हुआ।” गौरतलब है कि रोहित अपनी इस पारी को बड़ा नहीं कर सके और 35 रन बनाकर आउट हो गए। मैच को दिल्ली ने 6 विकेट से अपने नाम किया।



Source link