Homeट्रैवलUGC के नए नियमों पर आज फैसले की घड़ी! केंद्र सरकार सुप्रीम...

UGC के नए नियमों पर आज फैसले की घड़ी! केंद्र सरकार सुप्रीम कोर्ट में देगी सफाई


India

oi-Sohit Kumar

Supreme Court UGC Rules Hearing: देश की बड़ी यूनिवर्सिटी और कॉलेजों में भेदभाव रोकने के लिए बने UGC के नए नियमों पर आज सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होनी है। चीफ जस्टिस (CJI) सूर्यकांत की बेंच आज यह तय करेगी कि ये नियम चलेंगे या नहीं। पिछली सुनवाई में कोर्ट ने सीधे तौर पर चेतावनी दी थी कि अगर हम चुप रहे, तो इसके नतीजे ‘भयंकर’ होंगे और समाज में नफरत की दीवार खड़ी हो जाएगी।

पिछली सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट ने नियमों पर रोक लगाते हुए सरकार और यूजीसी को इन याचिकाओं पर जवाब देने के लिए कहा था। कोर्ट स्पष्ट कहा था कि UGC के इन नए नियमों (Equity Regulations 2026) की भाषा बहुत उलझी हुई है।

Supreme Court

कोर्ट ने कहा, ‘अगर इसमें सुधार नहीं किया गया, तो इसका गलत इस्तेमाल होगा और समाज बंट जाएगा।’ कोर्ट ने तुरंत इन नियमों पर रोक लगा दी और साल 2012 के पुराने कानून को फिर से लागू कर दिया।

विवाद की असली जड़ क्या है?

UGC ने जो नए नियम बनाए हैं, उनमें कहा गया है कि भेदभाव सिर्फ SC, ST और OBC के साथ होता है। याचिकाओं में इसी बात पर सवाल उठाया गया है कि क्या सामान्य वर्ग के छात्रों के साथ भेदभाव नहीं हो सकता? कोर्ट ने भी माना कि नियमों की यह परिभाषा अधूरी है और इसमें ‘एक्सपर्ट्स’ को बैठकर दोबारा काम करना चाहिए।

आज क्या होने वाला है?

  • सरकार और UGC को आज 19 मार्च तक कोर्ट में अपनी सफाई देनी है।
  • चीफ जस्टिस चाहते हैं कि 2-3 बड़े जानकारों की एक कमेटी बने, जो समाज और कैंपस की हकीकत को समझते हों।
  • अगर कोर्ट संतुष्ट नहीं हुआ, तो UGC को ये नियम पूरी तरह बदलने पड़ सकते हैं।

UGC के नियमो को लेकर बवाल

इन नियमों को लेकर छात्र गुटों में दो फाड़ हो गई है। दिल्ली से लेकर पटना तक भारी विरोध प्रदर्शन हो रहा है। भीम आर्मी, आयसा (AISA) और कई संगठन सड़कों पर हैं। कुछ लोग कह रहे हैं कि ये नियम भेदभाव रोकने के लिए जरूरी हैं, तो कुछ का कहना है कि इनसे कॉलेजों का माहौल खराब होगा।



Source link

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -spot_img

Most Popular

Recent Comments