Hotel Booking Tips: ट्रिप प्लान करते समय होटल बुक करना सबसे आसान काम लगता है. कई लोग अलग-अलग होटल की कीमत देखते हैं और जहां कम रेट मिलता है, उसे तुरंत बुक कर देते हैं, लेकिन होटल का सस्ता होना हमेशा बेहतर डील नहीं होता. कई बार कम किराए वाला होटल ऐसी जगह होता है जहां पहुंचने में ज्यादा समय और कैब का खर्च लग जाता है. कभी कमरे की तस्वीरें अच्छी दिखती हैं लेकिन वहां पहुंचने के बाद साफ-सफाई या सर्विस उम्मीद के मुताबिक नहीं मिलती.
इसलिए बुकिंग से पहले कुछ छोटी बातों को चेक करना जरूरी है. इससे आपको अपनी जरूरत के हिसाब से सही होटल चुनने में मदद मिल सकती है और ट्रिप के दौरान बेवजह की परेशानी से भी बचा जा सकता है.
होटल बुक करने से पहले किन बातों पर ध्यान दें
होटल चुनते समय सिर्फ कमरे का किराया देखने के बजाय पूरी तस्वीर समझना बेहतर रहता है. आपकी ट्रिप छुट्टी मनाने की हो, बिजनेस के लिए हो या परिवार के साथ घूमने की, होटल का चुनाव आपके पूरे अनुभव को प्रभावित कर सकता है. OPO Hotels & Resorts के फाउंडर और मैनेजिंग डायरेक्टर अमित कुमार सिंह के अनुसार होटल बुकिंग के दौरान कुछ जरूरी पहलुओं पर ध्यान देना चाहिए.
1. होटल की लोकेशन सबसे पहले चेक करें
होटल की लोकेशन का सीधा असर आपके समय और आने-जाने के खर्च पर पड़ सकता है, अगर आप काम के सिलसिले में किसी शहर में जा रहे हैं तो यह देखना जरूरी है कि होटल आपकी मीटिंग या काम की जगह से कितनी दूरी पर है. वहीं, छुट्टी के लिए जा रहे हैं तो उन पर्यटन स्थलों से होटल की दूरी देखें जहां आप घूमने का प्लान बना रहे हैं. उदाहरण के लिए किसी होटल का किराया थोड़ा कम है लेकिन वह शहर के मुख्य इलाके से काफी दूर है, तो रोज आने-जाने में अतिरिक्त समय और पैसे खर्च हो सकते हैं. अगर फ्लाइट या ट्रेन सुबह जल्दी है तो एयरपोर्ट या रेलवे स्टेशन से होटल की दूरी भी देख लें. कई बार थोड़े ज्यादा किराए में मिलने वाला सुविधाजनक स्थान पूरी ट्रिप को आसान बना देता है.
2. सिर्फ होटल की तस्वीरों पर भरोसा न करें
बुकिंग वेबसाइट पर होटल की तस्वीरें देखकर कमरा आकर्षक लग सकता है, लेकिन तस्वीरों से आपको वहां रहने का वास्तविक अनुभव पूरी तरह समझ नहीं आता. इसलिए होटल के हाल के रिव्यू जरूर पढ़ें. खास तौर पर हाउसकीपिंग, बाथरूम की सफाई, स्टाफ का व्यवहार, चेक-इन प्रक्रिया और कमरे की वास्तविक स्थिति से जुड़े कमेंट्स पर ध्यान दें. एक-दो नकारात्मक रिव्यू देखकर तुरंत फैसला लेने की जरूरत नहीं है, लेकिन अगर अलग-अलग लोगों ने एक जैसी परेशानी बार-बार बताई है तो उसे नजरअंदाज करना ठीक नहीं होगा. रिव्यू पढ़ते समय यह भी देखें कि वे कितने पुराने हैं. हाल के अनुभव आपको होटल की मौजूदा स्थिति के बारे में ज्यादा उपयोगी जानकारी दे सकते हैं.
3. कमरे के किराए में क्या शामिल है, यह समझें
कई बार होटल का शुरुआती रेट कम दिखाई देता है लेकिन कुछ सुविधाओं के लिए अलग से भुगतान करना पड़ सकता है. इसलिए बुकिंग से पहले देखें कि कमरे की कीमत में क्या-क्या शामिल है. ब्रेकफास्ट, Wi-Fi और पार्किंग जैसी सुविधाओं की जानकारी पहले ही ले लें, अगर आप परिवार के साथ जा रहे हैं तो होटल में रेस्टोरेंट या खाने की दूसरी सुविधाएं उपलब्ध हैं या नहीं, यह भी देख सकते हैं. बिजनेस ट्रिप पर जाने वालों के लिए काम करने की जगह या मीटिंग स्पेस उपयोगी हो सकता है. वहीं बच्चों के साथ यात्रा कर रहे हैं तो कमरे की क्षमता और उपलब्ध सुविधाओं को पहले से समझना बेहतर रहेगा.
4. होटल की सर्विस को भी महत्व दें
अच्छा कमरा मिलने के साथ होटल की सर्विस भी मायने रखती है. चेक-इन के समय से लेकर किसी छोटी जरूरत के लिए स्टाफ से संपर्क करने तक, होटल की व्यवस्था आपके अनुभव को प्रभावित करती है. बुकिंग से पहले रिव्यू में यह देख सकते हैं कि मेहमानों ने फ्रंट डेस्क, हाउसकीपिंग और रिक्वेस्ट पर मिलने वाली मदद के बारे में क्या लिखा है, अगर किसी समस्या के दौरान होटल का स्टाफ सहयोग करता है तो इससे यात्रा के दौरान तनाव कम हो सकता है.
कम कीमत के साथ पूरी वैल्यू देखें
होटल चुनते समय एक ही कीमत को आधार बनाने के बजाय कुल खर्च और सुविधा को साथ में देखना चाहिए. कमरे का किराया कम होने के बावजूद खराब लोकेशन, अतिरिक्त ट्रांसपोर्ट खर्च या जरूरी सुविधाओं की कमी आपकी जेब पर भारी पड़ सकती है.



