Homeटेक्नोलॉजीडॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: PM मोदी बोले- आर्टिकल...

डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: PM मोदी बोले- आर्टिकल 370 हटाना उन्हें सबसे बड़ी श्रद्धांजलि; अमित शाह पैतृक घर जाकर श्रद्धांजलि देंगे


नई दिल्ली1 घंटे पहले

  • कॉपी लिंक

श्यामा प्रसाद मुसखर्जी ने जनसंघ की स्थापना की थी।

भारतीय जनसंघ के संस्थापक डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की सोमवार को 125वीं जयंती है। इस मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि 2019 में अनुच्छेद 370 और 35A हटाना उनके बलिदान को सबसे बड़ी श्रद्धांजलि थी।

उन्होंने कहा कि मुखर्जी ने जम्मू-कश्मीर के भारत में पूर्ण एकीकरण के लिए संघर्ष किया और इसी आंदोलन के दौरान 1953 में श्रीनगर में हिरासत के दौरान उनका निधन हो गया।

प्रधानमंत्री ने अखबारों में प्रकाशित अपने लेख में लिखा कि डॉ. मुखर्जी ने हमेशा ‘इंडिया फर्स्ट’ और भारतीय मूल्यों को सबसे ऊपर रखा। उन्होंने ऐसे संस्थानों और व्यवस्थाओं की नींव रखी, जो अपने समय से आगे की सोच को दिखाती थीं।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सोमवार को एक दिन के दौरे पर पश्चिम बंगाल जाएंगे। अमित शाह सबसे पहले कोलकाता के ईको पार्क पहुंचेंगे। यहां डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125 फीट ऊंची प्रतिमा का भूमि पूजन और शिलान्यास करेंगे। इसके बाद वह भवानीपुर स्थित मुखर्जी के पैतृक आवास जाकर उन्हें श्रद्धांजलि देंगे।

कोलकाता में पश्चिम बंगाल PWD का एक कर्मचारी भारतीय जनसंघ के संस्थापक नेता श्यामा प्रसाद मुखर्जी की मूर्ति पर रंग-रोगन करता नजर आया।

कोलकाता में पश्चिम बंगाल PWD का एक कर्मचारी भारतीय जनसंघ के संस्थापक नेता श्यामा प्रसाद मुखर्जी की मूर्ति पर रंग-रोगन करता नजर आया।

श्यामा प्रसाद मुखर्जी को लेकर PM के लेख में 5 बड़ी बातें…

  • विभाजन के समय डॉ. मुखर्जी ने पश्चिम बंगाल को भारत का हिस्सा बनाए रखने में अहम भूमिका निभाई। बाद में जम्मू-कश्मीर के मुद्दे पर भी वह अपने रुख पर अडिग रहे। जेल और कठिन हालात भी उन्हें अपने लक्ष्य से नहीं डिगा सके।
quote image 31 1783313074
  • डॉ. मुखर्जी मानते थे कि शिक्षा संस्थान सिर्फ नौकरी करने वाले लोग तैयार करने के लिए नहीं हैं। उनका उद्देश्य ऐसे युवाओं को तैयार करना होना चाहिए, जो समाज और देश का नेतृत्व कर सकें। सबसे कम उम्र में कलकत्ता विश्वविद्यालय के कुलपति बनने के बाद उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में कई बदलाव किए।
  • देश के पहले उद्योग एवं आपूर्ति मंत्री के रूप में डॉ. मुखर्जी ने दामोदर वैली कॉरपोरेशन और सिंदरी उर्वरक संयंत्र जैसी परियोजनाओं की शुरुआत की। साथ ही उन्होंने हथकरघा, कुटीर उद्योग, कारीगरों और वस्त्र उद्योग को भी बराबर महत्व दिया।
  • डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के सपनों का मजबूत, एकजुट, आत्मनिर्भर और संवेदनशील भारत बनाना ही उन्हें सच्ची श्रद्धांजलि होगी। उन्होंने भरोसा जताया कि देश का युवा इस लक्ष्य को पूरा करने में बड़ी भूमिका निभाएगा।
dce7b8ea 7309 4d8b a5cb eaf9ea9843a2 1783313190

—————–



Source link

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -spot_img

Most Popular

Recent Comments