04:04 AM27 अक्टूबर 2026
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विधान परिषद राज्य के विधानमंडल का ऊपरी सदन
विधान परिषद राज्य के विधानमंडल का ऊपरी सदन है। इसे संसद की राज्यसभा की तरह समझ सकते हैं। जिन राज्यों में विधान परिषद है, वहां विधानसभा के साथ यह दूसरा सदन भी होता है। इसका उद्देश्य विधानसभा में पास होने वाले विधेयकों पर दोबारा विचार करना और शिक्षा, शिक्षण व अन्य क्षेत्रों के अनुभवी लोगों को सदन में प्रतिनिधित्व देना है।
विधान परिषद की शक्तियां विधानसभा से कम होती हैं। इसमें धन विधेयक पेश नहीं किया जा सकता। यह एक स्थायी सदन है, यानी इसे विधानसभा की तरह भंग नहीं किया जाता। इसके सदस्यों का कार्यकाल 6 साल होता है। हर दो साल में एक-तिहाई सदस्य रिटायर होते हैं और उनकी जगह नए सदस्य चुने जाते हैं।
इसी वजह से विधान परिषद की कुछ सीटों पर समय-समय पर चुनाव होते रहते हैं। फिलहाल देश के 6 राज्यों—उत्तर प्रदेश, बिहार, महाराष्ट्र, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश और तेलंगाना—में विधान परिषद है। बाकी राज्यों में केवल विधानसभा है।