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Aviation: विमानन क्षेत्र का विस्तार करने की तैयारी, जानिए 44 हवाई अड्डों के जरिए कैसे बढ़ेगा वैश्विक संपर्क


भारत सरकार ने अंतरराष्ट्रीय हवाई संपर्क को निर्बाध बनाने के लिए एक महत्वाकांक्षी योजना बनाई है। इस योजना के तहत देश में कुल 44 हवाई अड्डे विकसित किए जाएंगे। इनमें चार हब हवाई अड्डे और 40 स्पोक हवाई अड्डे शामिल होंगे। यह जानकारी 28 जुलाई 2026 को एक वरिष्ठ सरकारी अधिकारी ने दी।

एयर इंडिया ने 28 जुलाई 2026 को अमृतसर से हब एंड स्पोक मॉडल के तहत उड़ानें शुरू कीं। वाराणसी के बाद अमृतसर दूसरा हवाई अड्डा है जहां से ऐसी उड़ानें शुरू हुई हैं। वर्तमान में दिल्ली एकमात्र हब हवाई अड्डा है। वाराणसी और अमृतसर दो स्पोक हवाई अड्डे हैं। अगला स्पोक हवाई अड्डा अहमदाबाद होगा। यह मॉडल भारत को वैश्विक विमानन केंद्र बनाने का लक्ष्य रखता है। यह टियर-II और टियर-III शहरों के हवाई अड्डों को हब हवाई अड्डों के माध्यम से अंतरराष्ट्रीय गंतव्यों से निर्बाध रूप से जोड़ेगा। छोटे शहरों से आने वाले यात्रियों को आगे की अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के लिए दिल्ली जैसे प्रमुख हब हवाई अड्डों से जोड़ा जाएगा।

हब एंड स्पोक मॉडल क्या है?

हब और स्पोक मॉडल विमानन (एविएशन) की एक ऐसी प्रणाली है जिसमें छोटे शहरों के हवाई अड्डे (स्पोक) यात्रियों को एक बड़े केंद्रीय हवाई अड्डे (हब) तक ले जाते हैं, और उस हब से यात्री आगे लंबी दूरी के लिए या अंतरराष्ट्रीय गंतव्यों के उड़ान भरत हैं। नागरिक उड्डयन सचिव समीर कुमार सिन्हा ने अमृतसर हवाई अड्डे पर एक समारोह में इस मॉडल की शुरुआत को चिह्नित किया। उन्होंने बताया कि चार हब और 40 स्पोक हवाई अड्डे विकसित किए जाएंगे। अमृतसर से एयर इंडिया इस मॉडल के तहत दिल्ली के माध्यम से 27 अंतरराष्ट्रीय गंतव्यों से जुड़ेगी। नागरिक उड्डयन मंत्री के राममोहन नायडू ने एक वीडियो संदेश में कहा। उन्होंने बताया कि हब एंड स्पोक भारत के लिए एक “विमानन संप्रभुता” और “अवसर” मॉडल है। सरकार का लक्ष्य 10 वर्षों में 100 हवाई अड्डे और 200 हेलीपोर्ट विकसित करना है।

‘ईजी कनेक्ट’ उड़ानें कैसे काम करेंगी?

इस मॉडल के तहत एयर इंडिया ने ‘ईजी कनेक्ट’ उड़ानें पेश की हैं। ये उड़ानें प्रमुख हब से परे के शहरों के यात्रियों को सुविधा देंगी। यात्री मूल हवाई अड्डे पर अपना सामान जमा कर सकेंगे। वे वहीं आव्रजन औपचारिकताएं भी पूरी कर सकेंगे। इससे वे विदेशी गंतव्यों तक निर्बाध यात्रा कर पाएंगे। अमृतसर से एयर इंडिया की ‘ईजी कनेक्ट’ उड़ानें दिल्ली पहुंचने के चार घंटे के भीतर 27 विदेशी गंतव्यों से जुड़ेंगी। इनमें अमेरिका, कनाडा, ब्रिटेन, यूरोप, ऑस्ट्रेलिया, पश्चिम एशिया और दक्षिण पूर्व एशिया के शहर शामिल हैं।

यात्रियों को क्या लाभ मिलेगा?

एयरलाइन ने बताया कि 28 जुलाई 2026 से अमृतसर से एयर इंडिया की दो दैनिक ‘ईजी कनेक्ट’ उड़ानें शुरू होंगी। ‘ईजी कनेक्ट’ कार्यक्रम के तहत अमृतसर से अंतरराष्ट्रीय यात्री अपने अंतिम गंतव्यों के लिए थ्रू चेक-इन पूरा कर सकते हैं। वे अमृतसर हवाई अड्डे पर आव्रजन औपचारिकताएं भी पूरी कर सकते हैं। इससे उन्हें दिल्ली के माध्यम से निर्बाध स्थानांतरण का आनंद मिलेगा। उन्हें सामान दोबारा जांचने या टर्मिनल बदले बिना यात्रा की सुविधा मिलेगी। आने वाले सप्ताहों में एयर इंडिया अहमदाबाद, गोवा, कोच्चि और अन्य भारतीय शहरों से भी ऐसी उड़ानें शुरू करेगी। पहली ‘ईजी कनेक्ट’ सेवा वाराणसी से 25 जून को शुरू की गई थी।



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