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Basti के योगेश कौन हैं? 4 साल झेली पत्नी की प्रताड़ना, तलाक मिलते ही 12 घंटे में 9KM दंडवत पहुंचे मंदिर-VIDEO


Uttar Pradesh

oi-Divyansh Rastogi

Basti Viral Video: उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले में एक दिलचस्प और भावुक घटना ने सोशल मीडिया को हिला दिया है। यहां एक 25 वर्षीय युवक जोगेश ने पत्नी से तलाक मिलने के बाद मन्नत पूरी करने के लिए निर्जला व्रत रखा और पूरे 9 किलोमीटर की दंडवत यात्रा (प्रणाम यात्रा) तय की।

मात्र 12 घंटे में यह सफर पूरा करते हुए वह भानपुर स्थित मां बैड़ा समय माता के मंदिर पहुंचा। वहां जाकर उसने माथा टेका, नारियल फोड़ा और पूजा-अर्चना की। पूरा परिवार उसके साथ था और रास्ते भर ‘जय श्री राम’ व ‘जय बजरंगबली’ के जयकारे गूंजते रहे। आखिर क्यों पत्नी से छुटकारा चाहता था जोगेश? क्या है वजह?

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क्या था पूरा मामला?

यह घटना 28 मार्च 2026 की है, जो जिला मुख्यालय से करीब 35 किलोमीटर दूर सोनहा थाना क्षेत्र के नरखोरिया गांव की है। वीडियो रविवार (29 मार्च) को वायरल हुआ। जोगेश नरखोरिया गांव के मईनिहवां टोला का रहने वाला है। वह कई साल से दिल्ली में रहकर पीओपी (प्लास्टर ऑफ पेरिस) का काम करता है। उसके पिता जगदीश किसान हैं, परिवार में एक बहन और एक भाई भी हैं, जिनकी शादी अभी नहीं हुई है।

जोगेश की शादी साल 2022 में पास के गांव की पूजा नाम की युवती से हुई थी। लेकिन शादी के कुछ महीने बाद ही दोनों के बीच रोजाना झगड़े शुरू हो गए। जोगेश के अनुसार, पत्नी न केवल उससे बल्कि सास-ससुर से भी नहीं पटती थी। घरेलू कलह इतनी बढ़ गई कि उसने पत्नी से अलग होने का फैसला कर लिया।

मन्नत कैसे मांगी और कैसे पूरी हुई?

झगड़ों से तंग आकर जोगेश ने दो रास्ते अपनाए। एक तो फैमिली कोर्ट में तलाक का केस दायर किया, दूसरा भानपुर के मां बैड़ा समय माता मंदिर जाकर मन्नत मांगी कि ‘मां, अगर तलाक हो जाए तो दंडवत यात्रा करके मन्नत पूरी करूंगा’।

जनवरी 2026 में तलाक हो गया। जोगेश दिल्ली में था, इसलिए तुरंत मन्नत पूरी नहीं कर सका। मार्च में गांव पहुंचने पर उसने 26 मार्च को भानपुर एसडीएम हिमांशु कुमार के पास लिखित आवेदन दिया। 27 मार्च को दंडवत यात्रा की अनुमति मिल गई। इसके बाद 28 मार्च को पूरा परिवार निर्जला व्रत रखकर सुबह 6 बजे घर से चला।

कैसे हुई यात्रा?

जोगेश ने पूरे 9 किलोमीटर का सफर दंडवत करते हुए तय किया। यानी हर कदम पर साष्टांग प्रणाम। रास्ते में उसके माता-पिता, बहन, भाई, गांव वाले और दोस्त साथ रहे। पुलिस का एक कांस्टेबल भी सुरक्षा के लिए मौजूद था। पूरा परिवार लगातार जयकारे लगाता रहा। शाम करीब 6 बजे मंदिर पहुंचकर जोगेश ने देवी को नारियल चढ़ाया, प्रसाद अर्पित किया, माथा टेका और व्रत तोड़ा। फिर पूरे परिवार ने विधि-विधान से पूजा की। जोगेश ने मंदिर पहुंचकर भावुक होते हुए कहा, ‘आज मन्नत पूरी हुई। माता ने मेरी सुन ली।’

क्यों वायरल हुआ वीडियो?

इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से फैला क्योंकि यह आस्था, संघर्ष और सांस्कृतिक परंपरा का अनोखा मिश्रण दिखाता है। उत्तर प्रदेश के ग्रामीण इलाकों में ऐसी मन्नतें और दंडवत यात्राएं आज भी आम हैं, लेकिन 12 घंटे में 9 किलोमीटर दंडवत करना देखने वालों को हैरान कर गया।

यह कहानी एक तरफ जहां आस्था की जीत दिखाती है, वहीं दूसरी तरफ वैवाहिक कलह और तलाक की वास्तविकता को भी उजागर करती है। जोगेश अब अपने परिवार के साथ नई शुरुआत की तैयारी में है।





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