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Biz Updates: अर्थव्यवस्था को मिलेगी नई ताकत; कोर सेक्टर में शामिल हुआ लौह अयस्क, अब इसमें नौ उद्योग


सरकार ने शुक्रवार 2026 को एक महत्वपूर्ण घोषणा की। केंद्र ने लौह अयस्क को कोर सेक्टर के बुनियादी ढांचा उद्योगों की सूची में शामिल किया है। इस कदम से देश की अर्थव्यवस्था के प्रदर्शन को बेहतर ढंग से मापने में मदद मिलेगी। परिणामस्वरूप, अब कोर उद्योगों की कुल संख्या आठ से बढ़कर नौ हो गई है।

वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय ने अपने एक बयान में यह जानकारी दी। मंत्रालय ने बताया कि औद्योगिक उत्पादन में लौह अयस्क का व्यापक उपयोग होता है। साथ ही, यह औद्योगिक विकास में भी महत्वपूर्ण योगदान देता है। इन्हीं कारणों से लौह अयस्क को संशोधित आईसीआई शृंखला में एक कोर उद्योग के रूप में शामिल किया गया है। नौ प्रमुख क्षेत्रों के डेटा वाली नई श्रृंखला का आधार वर्ष 2022-23 होगा। यह श्रृंखला इस साल 20 जुलाई को जारी की जाएगी। यह संशोधित श्रृंखला मौजूदा कोर उद्योग सूचकांक (आईसीआई) श्रृंखला की जगह लेगी, जिसका आधार वर्ष 2011-12 था।

कोर सेक्टर में अब कौन से उद्योग शामिल हैं?

वर्तमान में, सरकार मासिक आधार पर आठ प्रमुख क्षेत्रों के प्रदर्शन का मूल्यांकन करती है। इन क्षेत्रों में कच्चा तेल, पेट्रोलियम रिफाइनरी, सीमेंट और बिजली शामिल हैं। प्राकृतिक गैस, उर्वरक, तैयार इस्पात और कोयला भी इस सूची का हिस्सा हैं। लौह अयस्क के जुड़ने से अब ये कुल नौ उद्योग अर्थव्यवस्था के मुख्य स्तंभ बन गए हैं। यह विस्तार देश के औद्योगिक विकास की अधिक सटीक तस्वीर प्रस्तुत करेगा। सरकार ने 2011 में भी प्राकृतिक गैस और उर्वरक को कोर सेक्टर में शामिल किया था।

सूचकांक के आकलन में क्या बदलाव हुए हैं?

मंत्रालय ने औद्योगिक उत्पादन सूचकांक (आईआईपी) के साथ संगति सुनिश्चित करने के लिए कुछ बदलाव किए हैं। संशोधित आईसीआई श्रृंखला अब इस्पात सूचकांक संकलित करने के लिए सकल उत्पादन डेटा का उपयोग करेगी। यह पहले उपयोग किए जाने वाले शुद्ध उत्पादन डेटा की जगह लेगा, जिससे आकलन में अधिक स्पष्टता आएगी। कोयला क्षेत्र में भी एक महत्वपूर्ण परिवर्तन किया गया है। अब केवल कच्चा कोयला ही संशोधित शृंखला में बरकरार रखा गया है। कोयला मिड्लिंग्स और धुले हुए कोयले को दोहरी गणना से बचने के लिए बाहर रखा गया है, क्योंकि ये दोनों कच्चे कोयले से ही प्राप्त होते हैं।

इस कदम का क्या महत्व है?

लौह अयस्क को कोर सेक्टर में शामिल करना देश के आर्थिक आकलन को और मजबूत करेगा। यह औद्योगिक उत्पादन की वास्तविक स्थिति को अधिक प्रभावी ढंग से दर्शाएगा। हाल ही में, मई में आठ कोर बुनियादी ढांचा क्षेत्रों की उत्पादन वृद्धि धीमी हुई थी। यह वृद्धि 0.5 फीसदी के सात महीने के निचले स्तर पर पहुंच गई थी। इस गिरावट का मुख्य कारण कोयला, कच्चा तेल और रिफाइनरी उत्पादों के उत्पादन में कमी थी। लौह अयस्क का समावेश अर्थव्यवस्था के समग्र स्वास्थ्य का अधिक व्यापक दृष्टिकोण प्रदान करेगा और भविष्य की नीतियों के लिए बेहतर आधार बनेगा।



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