केंद्रीय आवास एवं शहरी कार्य मंत्रालय ने सभी राज्य रियल एस्टेट नियामक प्राधिकरणों (रेरा) को अमेरिका-ईरान युद्ध से प्रभावित रियल एस्टेट परियोजनाओं के पंजीकरण और निर्माण पूरा करने का समय चार माह बढ़ाने की सलाह दी है। मंत्रालय ने शुक्रवार को जारी परामर्श में कहा, पश्चिम एशिया तनाव से वैश्विक आपूर्ति शृंखला प्रभावित हुई है। इससे निर्माण सामग्री की उपलब्धता में कमी आई है और रियल एस्टेट परियोजनाओं में देरी हुई है। मंत्रालय ने राज्यों के रेरा से कहा है कि जिन पंजीकृत परियोजनाओं की मूल या संशोधित या पहले से बढ़ाई गई पूर्णता अवधि 28 फरवरी 2026 या उसके बाद समाप्त हो रही है, उन्हें चार महीने का अतिरिक्त समय दिया जाए। वित्त मंत्रालय के व्यय विभाग ने पश्चिम एशिया तनाव को अप्रत्याशित घटना की श्रेणी में रखा है। रियल एस्टेट अधिनियम, 2016 के तहत ऐसी परिस्थितियों में पंजीकरण अवधि बढ़ाने का प्रावधान है।
भारत-भूटान ने 4,000 करोड़ के ऋण समझौते पर किए हस्ताक्षर
भारत और भूटान ने उच्चस्तरीय वार्ता के दौरा विकास परियोजनाओं की समीक्षा की। इस दौरान 4,000 करोड़ रुपये के रियायती ऋण समझौते पर हस्ताक्षर किए गए और स्वास्थ्य क्षेत्र में सहयोग का विस्तार किया गया। पांचवीं भारत-भूटान विकास सहयोग वार्ता की सह-अध्यक्षता विदेश सचिव विक्रम मिसरी और भूटान के विदेश सचिव दाशो पेमा लेकटुप दोरजी ने की। बैठक में भूटान की 13वीं पंचवर्षीय योजना (2024-29) के लिए भारत की 10,000 करोड़ रुपये की सहायता के तहत परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा हुई।



