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Middle East Crisis: ड्रोन अटैक के बाद कुवैत के 2 पावर यूनिट बंद, ट्रंप की ईरान को 48 घंटे में ‘आर-पार’ की धमकी


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oi-Kumari Sunidhi Raj

Middle East Crisis: पश्चिम एशिया में जारी भीषण संघर्ष अब एक नए और खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। हालिया घटनाक्रम में कुवैत को निशाना बनाया गया है, जहां महत्वपूर्ण पावर जनरेशन यूनिट्स और तेल परिसरों पर ड्रोन हमले हुए हैं। इन हमलों ने न केवल कुवैत की बिजली और पानी की सप्लाई को बाधित किया है, बल्कि वैश्विक ऊर्जा बाजार में भी हलचल पैदा कर दी है।

यह हमला ऐसे समय में हुआ है जब ईरान और अमेरिका के बीच तनाव अपने चरम पर है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा ईरान को दी गई 48 घंटे की अल्टीमेटम की समयसीमा ने युद्ध की आशंकाओं को और गहरा कर दिया है। छठे हफ्ते में प्रवेश कर चुके इस युद्ध का दायरा अब संयुक्त अरब अमीरात (UAE) और कुवैत जैसे देशों तक फैल चुका है, जिससे पूरी दुनिया की नजरें इस क्षेत्र पर टिकी हैं।

Middle East Crisis: ड्रोन अटैक के बाद कुवैत के 2 पावर यूनिट बंद, ट्रंप की ईरान को 48 घंटे में ‘आर-पार’ की धमकी

कुवैत में बुनियादी ढांचे पर प्रहार, बिजली और पानी का संकट

कुवैत के ऊर्जा मंत्रालय के अनुसार, ड्रोन हमलों ने देश के बिजली और जल विलवणीकरण (Desalination) संयंत्रों को सीधे तौर पर निशाना बनाया। इस हमले के कारण दो बड़ी पावर जनरेशन यूनिट्स को तुरंत बंद करना पड़ा।

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आपातकालीन कार्रवाई: मंत्रालय की प्रवक्ता फातिमा अब्बास जवाहर हयात ने पुष्टि की कि सिस्टम को पूरी तरह ठप होने से बचाने के लिए सुरक्षा प्रोटोकॉल लागू किए गए हैं।

राहत कार्य: इमरजेंसी टीमें मौके पर मौजूद हैं ताकि सप्लाई को जल्द से जल्द बहाल किया जा सके। गनीमत यह रही कि इस हमले में कोई जनहानि नहीं हुई है।

शुआइख ऑयल सेक्टर कॉम्प्लेक्स में लगी भीषण आग

ऊर्जा संयंत्रों के साथ-साथ कुवैत के Shuwaikh Oil Sector Complex को भी निशाना बनाया गया। हमले के तुरंत बाद परिसर में भीषण आग लग गई। सरकारी एजेंसियों के मुताबिक, दमकल विभाग और बचाव दल आग पर काबू पाने की जद्दोजहद में जुटे हैं। अभी तक किसी के घायल होने की सूचना नहीं है, लेकिन संपत्ति को बड़े नुकसान की आशंका है।

ट्रंप का अल्टीमेटम और ईरान का पलटवार

क्षेत्र में बढ़ते तनाव के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को सख्त चेतावनी देते हुए 48 घंटे का अल्टीमेटम दिया है। ट्रंप ने स्पष्ट किया कि यदि ईरान समझौते की मेज पर नहीं आता है, तो अमेरिका बड़े सैन्य हमले करने से पीछे नहीं हटेगा।

डोनाल्ड ट्रंप ने कहा, “यदि 48 घंटों के भीतर समझौता नहीं हुआ, तो ईरान को इसके गंभीर परिणाम भुगतने होंगे।”

ईरानी सेना ने इस चेतावनी को “घबराहट भरा और बेकार” करार दिया है। ईरान का कहना है कि वे किसी भी हमले का जवाब पहले से अधिक ताकत के साथ देने के लिए तैयार हैं।

छठे हफ्ते में युद्ध, खामेनेई की मौत के बाद भड़की आग

यह पूरा संघर्ष 28 फरवरी को शुरू हुआ था, जब अमेरिका और इजरायल के एक संयुक्त हमले में ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की मौत हो गई थी। तब से ईरान लगातार जवाबी कार्रवाई कर रहा है। ताजा रिपोर्ट्स के मुताबिक, ईरान ने न केवल कुवैत बल्कि संयुक्त अरब अमीरात (UAE) की अहम इंडस्ट्रीज को भी ड्रोन के जरिए निशाना बनाया है।

Strait of Hormuz: होर्मुज जलडमरूमध्य और वैश्विक संकट

युद्ध का सबसे बड़ा असर होर्मुज जलडमरूमध्य पर दिख रहा है। दुनिया की तेल सप्लाई का यह सबसे महत्वपूर्ण रास्ता वर्तमान में ठप होने की कगार पर है। यहां व्यापारिक गतिविधियों में भारी कमी आई है, जिससे वैश्विक अर्थव्यवस्था और तेल की कीमतों में भारी उछाल आने का खतरा पैदा हो गया है।

शांति की धुंधली उम्मीदें

ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने संकेत दिए हैं कि वे बातचीत के लिए तैयार हैं, लेकिन उन्होंने शर्त रखी है कि समझौता ईरान के राष्ट्रीय हितों के अनुरूप होना चाहिए। फिलहाल, कूटनीति से ज्यादा हथियारों की गूंज सुनाई दे रही है।

With AI Inputs

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Petrol Diesel Prices Today: प्रीमियम पेट्रोल के दाम में भारी वृद्धि, आपके शहर में क्या हो गई तेल की कीमत?


Business

oi-Ankur Sharma

Petrol Diesel Prices Today: अमेरिका-इजराइल और ईरान जंग के बीच कच्चे तेल के दाम में आग लग गई है तो भारत के प्रीमियम 100-ऑक्टेन पेट्रोल की कीमत में ₹11 प्रति लीटर की वृद्धि हुई है जिसके बाद दिल्ली में इसका रेट बढ़कर ₹160 हो गया है। खुदरा ईंधनों की कीमतों में हुए बदलावों में यह अभी तक की सबसे बड़ी बढ़ोतरी है। एक्स्ट्रा ग्रीन प्रीमियम डीज़ल की कीमत भी ₹1.50 बढ़कर ₹92.99 प्रति लीटर कर दी गई है हालाँकि, सामान्य पेट्रोल और डीज़ल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं हुआ है।

पेट्रोलियम मंत्रालय ने अपने संदेश में यह बात साफ़ तौर पर कही है, ‘सामान्य पेट्रोल और डीज़ल की कीमतें, अपरिवर्तित हैं, यानी दिल्ली में इनकी कीमत ₹94.77 प्रति लीटर और ₹87.67 प्रति लीटर है।’

Petrol Diesel Prices Today

आपके शहर में आज क्या है पेट्रोल का रेट?

  • नई दिल्ली ₹94.77
  • कोलकाता ₹105.41
  • मुंबई ₹103.54
  • चेन्नई ₹100.80
  • गुड़गांव ₹95.65
  • नोएडा ₹95.16
  • बेंगलुरु ₹102.92
  • भुवनेश्वर ₹100.97
  • चंडीगढ़ ₹94.30
  • हैदराबाद ₹107.50
  • जयपुर ₹104.91
  • लखनऊ ₹94.57
  • पटना ₹105.23
  • तिरुवनंतपुरम ₹107.40

आपके शहर में क्या है डीजल का रेट?

  • नई दिल्ली ₹87.67
  • कोलकाता ₹92.02
  • मुंबई ₹90.03
  • चेन्नई ₹92.39
  • गुड़गांव ₹88.10
  • नोएडा ₹88.31
  • बेंगलुरु ₹90.99
  • भुवनेश्वर ₹92.55
  • चंडीगढ़ ₹82.45
  • हैदराबाद ₹95.70
  • जयपुर ₹90.38
  • लखनऊ ₹87.67
  • पटना ₹91.49
  • तिरुवनंतपुरम ₹96.28

क्या होता है XP100 पेट्रोल?

XP100 एक हाई-परफॉर्मेंस पेट्रोल है, जिसमें ऑक्टेन नंबर 100 होता है। इसका प्रयोग स्मूथ इंजन, ज्यादा पावर और ईजंन के बेहतर परफॉर्मेंस के लिए किया जाता है। ये सामान्य पेट्रोल की तुलना में काफी महंगा है।

वैश्विक कच्चे तेल की कमी

कच्चे तेल की कीमत एक महीने से भी कम समय में 100 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गई। Strait of Hormuz के बंद होने से बाज़ारों पर और दबाव बढ़ गया है, सरकारी तेल कंपनियां – इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम – इस समय सामान्य पेट्रोल पर 24.40 रुपये प्रति लीटर और डीज़ल पर भारी-भरकम 104.99 रुपये प्रति लीटर की ‘अंडर-रिकवरी’ (लागत से कम वसूली) का बोझ खुद उठा रही हैं, जिससे भारतीय उपभोक्ताओं का एक बड़ा हिस्सा कीमतों में हुई इस पूरी बढ़ोतरी के असर से बचा हुआ है।



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RCB vs CSK Playing XI: आज के हाई-वोल्टेज एक्शन में होगी धोनी की एंट्री? मैच से पहले प्लेइंग-11 पर आ गया अपडेट


Cricket

oi-Sohit Kumar

IPL 2026, RCB vs CSK: आईपीएल 2026 का 11वां मुकाबला आज यानी 5 अप्रैल, रविवार को रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु और चेन्नई सुपर किंग्स के बीच खेला जाएगा। बेंगलुरु के एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम में होने वाला यह महामुकाबला भारतीय समयानुसार शाम 7:30 बजे शुरू होगा। मैच से पहले सोशल मीडिया पर फैंस का जोश बता रहा है कि आज का संडे ब्लॉकबस्टर होने वाला है। एक्शन से पहले दोनों टीमों की संभावित प्लेइंग-11 पर एक नजर डालते हैं।

एक तरफ डिफेंडिंग चैंपियन आरसीबी है जो अपने घर में लगातार जीत दर्ज कर रही है, वहीं दूसरी तरफ ऋतुराज गायकवाड़ की कप्तानी वाली सीएसके है, जो इस सीजन में अपनी पहली जीत की तलाश में है।

Chennai Super Kings

इस सीजन में बेंगलुरु अपने घरेलू मैदान पर जीत के साथ शुरुआत कर चुकी है, वहीं चेन्नई की टीम शुरुआती दो हार के बाद अभी भी अपनी लय तलाश रही है। आरसीबी के पास अब खिताब का गौरव है और वे अपने घर में ‘अजेय’ दिखने की कोशिश करेंगे।

RCB: क्या है रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की रणनीति?

आज के मैच में जोश हेज़लवुड पर सबकी नज़र रहेगी। मैच से ठीक पहले उन्होंने सिर्फ़ कुछ हल्के-फुल्के वार्म-अप रूटीन किए थे, लेकिन RCB इस शानदार तेज़ गेंदबाज़ को मैदान पर उतारने में कोई जल्दबाज़ी नहीं करेगी। RCB को पसंद है कि उनके तेज़ गेंदबाज़ चिन्नास्वामी स्टेडियम में हार्ड लेंथ पर गेंदबाज़ी करें, और आयुष म्हात्रे को यह तरीका काफ़ी पसंद है।

इस युवा खिलाड़ी की शानदार पारी पिछले साल इसी लेग में आई थी, जब उन्होंने 94 रन बनाए थे। तेज़ गेंदबाज़ों की शॉर्ट गेंदों के ख़िलाफ़ म्हात्रे का 240 का स्ट्राइक-रेट पिछले सीज़न के बाद से किसी भी बल्लेबाज़ का सबसे ज़्यादा स्ट्राइक-रेट है। यह एक ऐसा मैच-अप होगा जिसका सबको बेसब्री से इंतज़ार रहेगा, और यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या RCB के पास इस युवा खिलाड़ी के लिए कोई वैकल्पिक योजना है।

CSK: चेन्नई सुपर किंग्स की रणनीति?

डेवाल्ड ब्रेविस की उपलब्धता पर अभी भी सवालिया निशान लगे हैं और अभी तक यह साफ़ नहीं है कि वह खेलेंगे या नहीं। MS धोनी भी इस बड़े मैच से बाहर रह सकते हैं, क्योंकि शुरुआती रिपोर्ट के मुताबिक वह कम से कम दो हफ़्ते तक खेल से बाहर रहेंगे। संजू सैमसन इस सीज़न के अब तक खेले गए दोनों मैचों में शुरुआती ओवरों में ही सीमर्स के हाथों आउट हो चुके हैं, और अब उनका सामना एक और मुश्किल प्रतिद्वंद्वी से होगा।

भुवनेश्वर कुमार का पलड़ा सैमसन पर भारी रहा है, उन्होंने सैमसन को चार बार आउट किया है। यह एक ऐसा मैच-अप है जो CSK की बल्लेबाज़ी पारी की शुरुआत को काफ़ी हद तक प्रभावित कर सकता है।

CSK, RCB की बल्लेबाज़ी लाइन-अप में ज़्यादातर दाएं हाथ के बल्लेबाज़ होने की वजह से, अकील होसेन को टीम में शामिल करने और उनसे पावरप्ले में ही गेंदबाज़ी करवाने के बारे में भी सोच सकती है। इसका मतलब यह हो सकता है कि उन्हें जेमी ओवरटन या मैट हेनरी में से किसी एक को चुनना पड़े, खासकर तब जब ब्रेविस को खेलने के लिए फ़िट घोषित कर दिया जाए।

  • भुवनेश्वर कुमार बनाम संजू सैमसन: भुवी ने आईपीएल में सैमसन को 4 बार आउट किया है। शुरुआती ओवरों में यह जंग मैच का रुख तय कर सकती है।
  • आरसीबी के पेसर्स बनाम आयुष म्हात्रे: युवा म्हात्रे ने पिछले सीजन में शॉर्ट बॉल्स पर 240 के स्ट्राइक रेट से रन बनाए थे। क्या बेंगलुरु के पास म्हात्रे को रोकने का कोई नया प्लान है?

RCB vs CSK Predicted Playing XI: संभावित प्लेइंग XI

रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB): विराट कोहली, फिल साल्ट, देवदत्त पडिक्कल, रजत पाटीदार (कप्तान), जितेश शर्मा (विकेटकीपर), टिम डेविड, रोमारियो शेफर्ड, क्रुणाल पांड्या, भुवनेश्वर कुमार, मंगेश यादव, जैकब डफी।
(इम्पैक्ट प्लेयर: सुयश शर्मा)

चेन्नई सुपर किंग्स (CSK): ऋतुराज गायकवाड़ (कप्तान), संजू सैमसन (विकेटकीपर), आयुष म्हात्रे, कार्तिक शर्मा, सरफराज खान, शिवम दुबे, प्रशांत वीर, जेमी ओवरटन, खलील अहमद, नूर अहमद, मैट हेनरी।
(इम्पैक्ट प्लेयर: राहुल चाहर)



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Sankashti Chaturthi 2026: संकष्टी चतुर्थी आज, क्या है मुहूर्त? नोट करें अपने शहर में चंद्रोदय का समय


Religion Spirituality

oi-Ankur Sharma

Sankashti Chaturthi 2026: हिंदू धर्म में वैशाख मास की चतुर्थी को संकष्टी चतुर्थी या विकट चतुर्थी कहते हैं, आज का दिन बेहद पावन है, आज महिलाएं बच्चों की लंबी उम्र के लिए निर्जला व्रत रखती हैं और चंद्रमा को अर्ध्य देने के बाद पानी पीकर अपना उपवास तोड़ती हैं। “संकष्टी” का अर्थ है संकटों का नाश करने वाली, इसलिए इस दिन व्रत रखने और पूजा करने से सभी संकट दूर होते हैं और जीवन में सुख-समृद्धि आती है।

Sankashti Chaturthi 2026

संकष्टी चतुर्थी का पूजा मुहूर्त?

पंचांग के अनुसार, चतुर्थी तिथि आज दोपहर 03:42 बजे से शुरू होगी और इसका समापन 6 अप्रैल को दोपहर 02:18 बजे समाप्त होगी, चंद्रमा को अर्ध्य आज ही दिया जा सकता है इसलिए ये व्रत आज ही रखा गया है। गणेश जी की पूजा करने के लिए शाम 05:25 से 07:01 तक का मुहूर्त शुभ है।

संकष्टी चतुर्थी पर चंद्रमा को अर्ध्य कब देना है? चंद्रोदय का वक्त

चंद्रोदय (आज का चांद): रात 09:22 बजे अर्ध्य दिया जाएगा।

संकष्टी चतुर्थी पर आपके शहर में क्या है चंद्रोदय का टाइम?

चांद कितने बजे दिखाई देगा? (Sakat Chauth 2026 Moonrise Time)

शहर समय
दिल्ली रात 8:12 बजे
नोएडा रात 8:12 बजे
गुरुग्राम रात 8:14 बजे
जयपुर रात 8:23 बजे
मुंबई रात 8:55 बजे
ठाणे रात 8:31 बजे
पुणे रात 8:15 बजे
कोल्हापुर रात 5:21 बजे
सतारा रात 5:58 बजे
नासिक रात 5:57 बजे
अहमदनगर रात 8:25 बजे
धुले रात 8:30 बजे
जलगांव रात 8:39 बजे
वर्धा रात 8:55 बजे
यवतमाल रात 8:45 बजे
सांगली रात 8:23 बजे
सोलापुर रात 8:27 बजे
नागपुर रात 8:54 बजे
अमरावती रात 8:55 बजे
अकोला रात 8:59 बजे
औरंगाबाद रात 8:54 बजे
परभणी रात 9:25 बजे
नांदेड़ रात 8:24 बजे
उस्मानाबाद रात 8:17 बजे
चंद्रपुर रात 8:15 बजे
बुलढाणा रात 8:21 बजे
जालना रात 8:21 बजे
लातूर रात 8:10 बजे
हिंगोली रात 8:14 बजे
लखनऊ शाम 8:05 बजे
देहरादून रात 8:07 बजे
मथुरा रात 8:16 बजे
बेंगलुरू रात 8:29 बजे
पटना शाम 7:51 बजे
प्रयागराज रात 8:02 बजे
अमृतसर रात 8:10 बजे
आगरा रात 8:16 बजे
अलीगढ़ रात 8:23 बजे
मेरठ रात 8:05 बजे
गोरखपुर शाम 8:47 बजे
सहारनपुर रात 8:23 बजे
बरेली शाम 8:59 बजे
रामपुर रात 8:04 बजे
बैंगलोर (कर्नाटक) रात 8:30 बजे
कोलकाता (पश्चिम बंगाल) रात 7:41 बजे
अगरतला (त्रिपुरा) रात 8:16 बजे
शिलांग (मेघालय) रात 8:20 बजे

उपरोक्त समय केवल IST के अनुसार इंडिया में लागू होते हैं। अमेरिका, दुबई, पाकिस्तान, मलेशिया, इंडोनेशिया, आदि में चंद्रोदय का वक्त अलग होगा।

संकष्टी चतुर्थी 2026 पूजा विधि

सुबह स्नान करके व्रत का संकल्प लें,घर के मंदिर या साफ स्थान पर भगवान गणेश की मूर्ति/चित्र स्थापित करें, इसके बाद गंगाजल से शुद्धि कर दीपक जलाएं और भगवान को दूर्वा (घास), लाल फूल, मोदक और लड्डू अर्पित करें, इसके बाद गणेश भगवान को सिंदूर और अक्षत चढ़ाएं, संकष्टी व्रत कथा पढ़ें या सुनें, शाम को चंद्रमा के दर्शन करें और अर्घ्य दें। उसके बाद ही व्रत खोलें।

संकष्टी चतुर्थी 2026 पर क्या करें और क्या ना करें?

पूरे दिन व्रत और संयम रखें, भगवान गणेश का “ॐ गं गणपतये नमः” मंत्र जप करें,गरीबों और जरूरतमंदों को दान करें तो वहीं झूठ बोलने, क्रोध और विवाद से बचें, तामसिक भोजन (मांस, शराब) से दूर रहे और चंद्र दर्शन से पहले व्रत न तोड़ें।

DISCLAIMER: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। वनइंडिया लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है इसलिए किसी भी जानकारी को अमल में लाने से पहले कृपया किसी जानकार ज्योतिष या पंडित की राय जरूर लें।



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Mumbai Gold Silver Rate Today: सोना 3500 रु गिरा, चांदी भी लुढ़की, कहां पहुंचा मुंबई में भाव?


Business

oi-Ankur Sharma

Mumbai Gold Silver Rate Today: सोने की कीमतों में लगातार बदलाव जारी हैं, रविवार को अखिल भारतीय सर्राफा संघ के मुताबिक दिल्ली के सर्राफा बाजार में 24 कैरेट सोने की कीमत 1,51,500 रुपये प्रति 10 ग्राम है तो वहीं दूसरी ओर मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर 24 कैरेट सोने के भाव में 3500 रुपये की गिरावट दर्ज की गई है, जिसके बाद सोने का भाव 1,49,650 रुपये प्रति 10 ग्राम हो गया है।

जबकि गुडरिटर्न्स के मुताबिक 24 कैरेट गोल्ड रेट का प्राइस 1,51,080 रुपये प्रति 10 ग्राम पर है. अब चूंकि बाजार लगातार तीन दिन से ( गुड फ्राइडे, शनिवार-रविवार) बंद है इसलिए यही रेट मान्य रहने वाला है। चलिए इसी बीच जानते हैं कि मुंबई में सोने का भाव क्य़ा है?

Mumbai Gold Silver Rate Today

Gold Rate Today in Hindi: आज का सोने का भाव इस प्रकार है (IBJA के मुताबिक सुबह का रेट )

  • सोना 24 कैरेट: 146608 रुपये प्रति 10 ग्राम
  • सोना 22 कैरेट: 134293 रुपये प्रति 10 ग्राम
  • सोना 18 कैरेट: 109956 रुपये प्रति 10 ग्राम

Mumbai Gold Silver Rate Today: मुंबई में क्या है सोने का रेट?

  • मुंबई में सोना 24 कैरेट:₹150930 प्रति 10 ग्राम
  • मुंबई में सोना 22 कैरेट: ₹138350 प्रति 10 ग्राम
  • मुंबई में सोना 18 कैरेट: ₹113200 प्रति 10 ग्राम

(लोकल ज्वैलर्स के दामों में थोड़ा अंतर संभव है)

Silver Rate Today 30 March 2026 : चांदी के भाव में तेजी

चांदी की कीमतों में भी बदलाव जारी है। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर चांदी का भाव आज गिरा है, इसमें 10901 रुपये की गिरावट हुई है तो वहीं Goodreturns के मुताबिक चांदी की कीमत घटकर 2,50,000 रुपये किलो है, ऐसे में जानते हैं कि मुंबई में कहां पहुचा है भाव।

मुंबई में आज चांदी का रेट

  • प्रति 10 ग्राम कीमत: ₹2,500
  • प्रति 100 ग्राम कीमत: ₹25,000
  • प्रति किलोग्राम कीमत: ₹2,50,000

(शहर, ज्वेलर और GST/मेकिंग चार्ज के कारण रेट थोड़ा अलग हो सकता है)

आज बड़े ज्वेलर्स के यहां 22K सोने का रेट

  • Tanishq में आज 22K सोने का रेट: ₹13,685 प्रति ग्राम।
  • Kalyan Jewellers में आज 22K सोने का रेट: ₹13,355 प्रति ग्राम।
  • Malabar Gold & Diamonds में आज 22K सोने का रेट: ₹13,255 प्रति ग्राम।
  • Joyalukkas में आज 22K सोने का रेट: ₹13,356 प्रति ग्राम।

डिस्क्लेमर: बताए गए विचार और सुझाव सिर्फ़ अलग-अलग एनालिस्ट या एंटिटी के हैं, वनइंडिया हिंदी किसी भी तरह के कोई निवेश सलाह नहीं देता है देता हैं और ना ही सिक्योरिटीज़ की खरीद या बिक्री के लिए कहता है। सारी जानकारी सिर्फ़ जानकारी देने और एजुकेशनल मकसद के लिए दी गई है और कोई भी निवेश का फ़ैसला लेने से पहले लाइसेंस वाले फ़ाइनेंशियल एडवाइज़र से इसे अलग से वेरिफ़ाई कर लेना चाहिए।



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FASTag Rules: अब टोल प्लाजा पर कैश पूरी तरह से बंद! कैसे होगा पेमेंट? 10 अप्रैल से बदल जाएगा नियम


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oi-Sohit Kumar

FASTag new rule 2026: अगर आप हाईवे पर सफर करते हैं, तो 10 अप्रैल से पहले यह खबर आपके लिए जानना बेहद जरूरी है। केंद्र सरकार ने टोल प्लाजा पर कैश पेमेंट पूरी तरह खत्म करने का फैसला किया है। सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने 2 अप्रैल को जारी गजट नोटिफिकेशन में साफ किया है कि अब टोल पर भुगतान केवल डिजिटल तरीकों से ही किया जा सकेगा।

इस फैसले का मकसद टोल प्लाजा पर लंबी कतारें कम करना, ट्रैफिक फ्लो बेहतर बनाना और भुगतान को पूरी तरह पारदर्शी बनाना है। यानी अब हाईवे पर सफर पहले से ज्यादा तेज और बिना रुकावट वाला बनाने की कोशिश की जा रही है।

FASTag

10 अप्रैल से टोल प्लाजा पर क्या बदलने वाला है?

नए नियम के लागू होने के बाद टोल प्लाजा पर कैश से भुगतान का विकल्प पूरी तरह खत्म हो जाएगा। अब वाहन चालक को टोल देने के लिए दो ही तरीके मिलेंगे-

अगर किसी वाहन में FASTag नहीं है, तो वह UPI के जरिए टोल चुका सकता है। लेकिन इस स्थिति में उसे सामान्य टोल शुल्क से 1.25 गुना ज्यादा रकम देनी होगी।

बिना FASTag के टोल कैसे देना होगा?

सरकार ने साफ किया है कि अब हर वाहन में FASTag होना लगभग जरूरी होगा। अगर किसी वाहन में FASTag नहीं है, तो भी वह टोल पार कर सकता है, लेकिन उसे UPI से भुगतान करना होगा और इसके लिए सामान्य टोल फीस से 25% ज्यादा शुल्क देना पड़ेगा। पहले नियम यह था कि अगर FASTag नहीं होता था और कैश से भुगतान किया जाता था, तो वाहन चालक को डबल टोल फीस देनी पड़ती थी। अब कैश का विकल्प खत्म कर दिया गया है।

अगर FASTag और UPI दोनों काम नहीं करें तो क्या होगा?

कई लोगों के मन में सवाल होगा कि अगर टोल प्लाजा पर FASTag स्कैन नहीं हुआ और UPI भी काम नहीं किया तो क्या होगा? इस स्थिति में अब एक नया सिस्टम लागू किया गया है, जिसे Unpaid User Fee कहा जाता है। इसके तहत अगर कोई वाहन बिना भुगतान के टोल पार करता है, तो वाहन मालिक को एक E-Notice (इलेक्ट्रॉनिक नोटिस) भेजा जाएगा।

यह नोटिस कई तरीकों से भेजा जा सकता है:

  • SMS
  • Email
  • मोबाइल ऐप
  • ऑनलाइन पोर्टल

इस नोटिस में टोल की रकम दिखाई जाएगी, जिसे बाद में ऑनलाइन जमा किया जा सकता है।

72 घंटे के अंदर भुगतान करने पर क्या मिलेगा फायदा?

ई-नोटिस मिलने के बाद वाहन मालिक को भुगतान करने के लिए 72 घंटे का समय दिया जाएगा। अगर इस समय के भीतर टोल का भुगतान कर दिया जाता है, तो किसी भी तरह की अतिरिक्त पेनल्टी नहीं लगेगी। यानी आपको सिर्फ सामान्य टोल फीस ही देनी होगी। सरल शब्दों में कहें तो अगर किसी वजह से टोल पर भुगतान नहीं हो पाया, तो 72 घंटे के अंदर ऑनलाइन भुगतान करके बिना किसी जुर्माने के मामला खत्म किया जा सकता है।

72 घंटे के बाद भुगतान करने पर कितना लगेगा जुर्माना?

अगर ई-नोटिस मिलने के बाद 72 घंटे के अंदर भुगतान नहीं किया गया, तो वाहन मालिक को डबल टोल फीस देनी होगी।इसके बाद भी अगर भुगतान नहीं किया गया, तो मामला और गंभीर हो सकता है।

15 दिन तक टोल न चुकाने पर क्या होगा?

अगर ई-नोटिस मिलने के 15 दिन बाद भी टोल का भुगतान नहीं किया गया, तो उस रकम को सरकार के वाहन डेटाबेस में दर्ज कर दिया जाएगा।

सरकार टोल से कैश क्यों खत्म कर रही है?

सरकार का कहना है कि टोल प्लाजा पर सबसे बड़ी समस्या लंबी कतारें और भुगतान को लेकर विवाद की होती है। कैश लेन के कारण कई बार वाहनों को ज्यादा देर तक रुकना पड़ता है, जिससे ट्रैफिक जाम बन जाता है।

डिजिटल भुगतान को पूरी तरह लागू करने से टोल पर ट्रैफिक तेजी से आगे बढ़ेगा। साथ ही विवाद और भुगतान से जुड़े झगड़े कम होंगे। बिना भुगतान टोल पार करने की समस्या भी खत्म होगी। सरकार पहले ही सभी वाहनों के लिए FASTag को अनिवार्य कर चुकी है और अब अगला कदम कैश सिस्टम को पूरी तरह खत्म करना है।



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Panama Canal Dispute: होर्मुज के बाद अब पनामा नहर पर भिड़े अमेरिका-चीन, विवाद बढ़ा तो भारत के लिए झटका कैसे?


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oi-Sumit Jha

Panama Canal Dispute: अमेरिका और चीन के बीच अब पनामा नहर (Panama Canal) को लेकर तनाव चरम पर है। ईरान युद्ध के कारण होर्मुज स्ट्रेट पहले ही अशांत है, और अब पनामा नहर के दो रणनीतिक बंदरगाहों बाल्बोआ और क्रिस्टोबाल पर चीनी कंपनी के एकाधिकार को लेकर विवाद छिड़ गया है। पनामा के सुप्रीम कोर्ट द्वारा चीनी कंपनी का अनुबंध रद्द करने के बाद अमेरिका और चीन आमने-सामने हैं।

अमेरिका का आरोप है कि चीन पनामा के झंडे वाले जहाजों को रोककर आर्थिक दबाव बना रहा है, जबकि चीन इसे अमेरिका की साम्राज्यवादी सोच बता रहा है। भारत के लिए भी यह चिंता का विषय है क्योंकि उसके व्यापारिक जहाज इसी शॉर्टकट का इस्तेमाल करते हैं।

Panama Canal Dispute

अमेरिका और चीन के बीच ताजा विवाद की वजह

पनामा के सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में हांगकांग की कंपनी ‘सीके हचिसन’ के दो प्रमुख बंदरगाहों के संचालन करार को असंवैधानिक घोषित कर दिया। इसके बाद अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने आरोप लगाया कि चीन पनामा पर आर्थिक दबाव बना रहा है और जहाजों की आवाजाही में देरी कर रहा है। रूबियो के अनुसार, चीन पनामा में कानून के शासन को कमजोर कर ग्लोबल कॉमर्स को नुकसान पहुंचाने की कोशिश कर रहा है।

Donald Trump on Panama Canal: पनामा नहर की वैश्विक अहमियत

पनामा नहर करीब 82 किलोमीटर लंबी है जो प्रशांत और अटलांटिक महासागर को जोड़ती है। इसे दुनिया का सबसे महत्वपूर्ण ‘चोकपॉइंट’ माना जाता है, जहां से वैश्विक व्यापार का 5 फीसदी हिस्सा गुजरता है। यह नहर जहाजों के लिए एक शॉर्टकट है; इसके बिना जहाजों को दक्षिण अमेरिका के नीचे से 15,000 किलोमीटर का लंबा और महंगा रास्ता तय करना पड़ता है। हर साल यहां से लगभग 14,000 जहाज गुजरते हैं।

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भारत के लिए क्यों बढ़ी चिंता?

भारत के लिए पनामा नहर एक महत्वपूर्ण व्यापारिक मार्ग है। अमेरिका और प्रशांत क्षेत्रीय देशों के साथ व्यापार के लिए भारतीय जहाज इसी रास्ते का इस्तेमाल करते हैं। अगर यह रास्ता बाधित होता है, तो भारतीय जहाजों को केप हॉर्न का चक्कर लगाकर 13,000 किमी से अधिक की अतिरिक्त दूरी तय करनी होगी। इससे माल ढुलाई की लागत बढ़ेगी, जिससे भारत में आयातित चीजों की कीमतें काफी बढ़ सकती हैं।

पनामा में चीन का बढ़ता दबदबा

चीन अमेरिका के बाद इस नहर का दूसरा सबसे बड़ा उपयोगकर्ता है। नहर के जरिए होने वाले कुल व्यापार में चीन की हिस्सेदारी 21 फीसदी से ज्यादा है। चीन ने वर्षों से यहां के बंदरगाहों और इंफ्रास्ट्रक्चर में भारी निवेश किया है। चीनी कंपनियों का यहां के दो मुख्य बंदरगाहों पर 1997 से कब्जा था, जिसे अब पनामा की अदालत ने रद्द किया है। चीन का यहां होना अमेरिका को रणनीतिक रूप से चुभता रहा है।

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पेट्रोडॉलर बनाम पेट्रोयुआन की जंग

विशेषज्ञों का मानना है कि यह लड़ाई सिर्फ जमीन की नहीं, बल्कि आर्थिक वर्चस्व की भी है। चीन अब कच्चे तेल की खरीद-बिक्री डॉलर के बजाय अपनी मुद्रा ‘युआन’ में करने पर जोर दे रहा है। ईरान के साथ युद्ध के बीच चीन और रूस ईरान को सैन्य और तकनीकी समर्थन दे रहे हैं, जबकि ईरान चीन को भरपूर तेल दे रहा है। यह पेट्रोडॉलर को पेट्रोयुआन से रिप्लेस करने की एक बड़ी भू-राजनीतिक चाल मानी जा रही है।

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डोनाल्ड ट्रंप का कड़ा रुख

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 2025 में पद संभालते ही दावा किया था कि पनामा नहर पर असल में चीन का नियंत्रण है। उन्होंने स्पष्ट किया था कि अमेरिका इसे वापस लेने के लिए कदम उठाएगा। ट्रंप ने ईरान युद्ध का हवाला देकर अपना चीन दौरा भी टाल दिया है। अमेरिका की मंशा साफ है कि वह इस रणनीतिक मार्ग पर चीन के किसी भी तरह के नियंत्रण को बर्दाश्त नहीं करेगा, ताकि पश्चिमी देशों का प्रभाव बना रहे।



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राजस्थान के सोजत में मेहंदी की फैक्ट्रियां बंद: अमेरिका-ईरान युद्ध में 250 करोड़ का ऑर्डर अटका, व्यापारी बोले- 2200 मजदूरों को घर भेजा – Pali (Marwar) News


मारवाड़ की विश्व प्रसिद्ध मेहंदी की महक अब बारूद के धुएं में दबती जा रही है। अमेरिका, इजराइल और ईरान के बीच चल रहे युद्ध ने राजस्थान के सोजत (पाली) स्थित मेहंदी उद्योग की कमर तोड़ कर रख दी है। आलम यह है कि यहां की 150 से ज्यादा फैक्ट्रियों में मशीनों

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युद्ध की वजह से सोजत की एक मेहंदी फैक्ट्री में काम बंद पड़ा है।

प्रोडक्शन 80% गिरा, फैक्ट्रियों में मशीनों के पहिए थमे व्यापारियों के अनुसार, पिछले एक महीने से एक्सपोर्ट पूरी तरह ठप है। सोजत में करीब 35 ऐसी बड़ी फैक्ट्रियां हैं, जो खास तौर पर मिडिल ईस्ट के लिए नेचुरल मेहंदी और हेयर डाई बनाती हैं। मांग न होने के कारण उत्पादन 20% तक सिमट गया है। व्यापारी नितेश अग्रवाल का कहना है कि कोरोना काल के बाद पहली बार ऐसे हालात बने हैं।

2200 मजदूरों की हुई छंटनी मेहंदी व्यापारी अनिल हिरानी ने बताया कि काम बंद होने के कारण अब तक करीब 2200 मजदूरों को घर भेजा जा चुका है। इनमें से 80% श्रमिक यूपी, बिहार और कोटपूतली के हैं। काम न मिलने के कारण श्रमिक पलायन को मजबूर हैं, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था और मंडी सप्लायर्स पर भी बुरा असर पड़ा है।

माल भाड़ा हुआ डबल, पेमेंट भी फंसा निर्यातक विनोद लोढ़ा के अनुसार, मुंबई पोर्ट और दिल्ली एयर कार्गो में करीब 150 करोड़ का माल अटका हुआ है। युद्ध के कारण खाड़ी देशों की ओर जाने वाले जहाजों का जोखिम बढ़ गया है, जिससे शिपिंग कंपनियों ने माल भाड़ा दोगुना कर दिया है। पुराने भेजे गए माल का पेमेंट भी समय पर नहीं मिल पा रहा है।

सोजत में केवल लोकल में सप्लाई होने वाले मेहंदी कोन ही तैयार किए जा रहे हैं। यहां मजूदरों की संख्या को भी कम कर दिया है।

सोजत में केवल लोकल में सप्लाई होने वाले मेहंदी कोन ही तैयार किए जा रहे हैं। यहां मजूदरों की संख्या को भी कम कर दिया है।

रमजान के बाद आए ऑर्डर ठप, 100 करोड़ का माल गोदामों में कैद सोजत के मैन्युफैक्चरर और एक्सपोर्टर विनोद लोढ़ा ने बताया- रमजान से पहले के ऑर्डर तो समय पर चले गए थे, लेकिन उसके बाद आए सभी ऑर्डर युद्ध के कारण रुक गए हैं। वर्तमान में करीब 100 करोड़ रुपए की मेहंदी अकेले सोजत के गोदामों में तैयार पड़ी है, जिसे दुबई भेजा जाना था। लेकिन न तो नए ऑर्डर मिल रहे हैं और न ही पुराने ऑर्डर्स की डिस्पैचिंग हो पा रही है।

गुजरात से आने वाला कच्चा माल हुआ महंगा मेहंदी व्यापारी सुरेन हिरानी ने बताया कि मेहंदी के कोन और पाउडर बनाने के लिए जरूरी रॉ-मटेरियल मुख्य रूप से गुजरात से आता है। युद्ध के कारण सप्लाई चेन प्रभावित होने से वहां के सप्लायर्स ने रेट बढ़ा दिए हैं। 10 ग्राम से लेकर 1 किलो तक की पैकिंग में इस्तेमाल होने वाला मटेरियल, जो पहले 250 रुपए किलो मिलता था, वह अब 350 रुपए तक पहुंच गया है।

खाड़ी देशों से ऑर्डर नहीं आ रहे हैं। ऐसे में मशीनों को बंद करना पड़ा है। कच्चा माल होने के बाद भी यहां काम नहीं हो पा रहा है।

खाड़ी देशों से ऑर्डर नहीं आ रहे हैं। ऐसे में मशीनों को बंद करना पड़ा है। कच्चा माल होने के बाद भी यहां काम नहीं हो पा रहा है।

एक्सपोट्‌र्स बोले- न दाम बढ़ा सकते, न माल बेच सकते हैं एक्सपोट‌्‌र्स की सबसे बड़ी दुविधा यह है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में मंदी और डिमांड की कमी के चलते वे अपनी फिनिश्ड गुड्स (तैयार माल) की कॉस्ट नहीं बढ़ा पा रहे हैं। लागत में 40% तक की बढ़ोतरी होने के बावजूद पुरानी रेट पर भी खरीदार नहीं मिल रहे हैं। घरेलू बाजार में भी माल भेजना अब महंगा हो गया है, क्योंकि ट्रांसपोर्टेशन की लागत बढ़ चुकी है।

130 देशों का ‘ग्लोबल मार्केट’ अब अधर में सोजत की मेहंदी का रसूख इतना बड़ा है कि यह केवल भारत या खाड़ी देशों तक सीमित नहीं है। यह फ्रांस, पेरिस, आयरलैंड, रूस और ऑस्ट्रेलिया जैसे विकसित देशों तक अपनी पहुंच बना चुकी है। व्यापारियों के अनुसार, सोजत से निकलने वाली प्रीमियम मेहंदी और नेचुरल हेयर डाई की मांग यूरोपीय देशों में साल भर रहती है, लेकिन मौजूदा युद्ध ने शिपिंग रूट्स को इतना असुरक्षित बना दिया है कि 130 देशों का यह विशाल नेटवर्क ठप होने की कगार पर है। जो मेहंदी स्पेन, यूनान और माल्टा जैसे देशों के बाजारों की शोभा बढ़ाती थी, वह अब ट्रांसपोर्टेशन और लॉजिस्टिक्स की समस्याओं के कारण सोजत के गोदामों से बाहर नहीं निकल पा रही है।

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क्वालिटी का डर- 1 महीने में खराब हो जाता है मेहंदी कोन व्यापारियों की सबसे बड़ी चिंता क्वालिटी को लेकर है। मेहंदी कोन की लाइफ महज एक महीना होती है, जिसके बाद वह खराब होने लगता है। हेयर डाई की क्वालिटी भी 6 महीने बाद गिरने लगती है। अगर युद्ध लंबा चला, तो व्यापारियों को भारी नुकसान उठाना पड़ेगा।

4 से 5 हजार रुपए का सालाना टर्नओवर सोजत का मेहंदी कारोबार का सालाना टर्नओवर 4 से 5 हजार रुपए सालाना है। व्यापारियों ने दावा किया- यदि युद्ध आज भी रुक जाए, तो स्थिति को सामान्य होने में कम से कम 4 से 6 महीने का समय लगेगा।

व्यापारी बोले- समझ नहीं आ रहा उद्योग कैसे बचाएं मेहंदी व्यापारी सुरेन हिरानी कहते हैं- सोजत की मेहंदी का सीधा कनेक्शन मिडिल ईस्ट से है। वहां युद्ध शुरू होते ही हमारी सप्लाई लाइन कट गई। अब गुजरात से आने वाला कच्चा माल महंगा हो गया और ट्रांसपोर्ट के दाम बढ़ गए। समझ नहीं आ रहा कि उद्योग को कैसे बचाएं।

पिछले एक महीने से फैक्ट्रियों में मेहंदी के कट्टे पैक पड़े हुए हैं। ऑर्डर नहीं मिलने से व्यापारी परेशान हैं।

पिछले एक महीने से फैक्ट्रियों में मेहंदी के कट्टे पैक पड़े हुए हैं। ऑर्डर नहीं मिलने से व्यापारी परेशान हैं।

80% श्रमिक बाहरी राज्यों के, रोजी-रोटी का संकट सोजत के मेहंदी उद्योग में उत्तर प्रदेश, बिहार और राजस्थान के कोटपूतली (राजस्थान) क्षेत्र से बड़ी संख्या में श्रमिक आते हैं। कुल निकाले गए मजदूरों में 80 फीसदी प्रवासी हैं, जबकि 20 फीसदी स्थानीय लोग हैं। इन मजदूरों के लिए मेहंदी सीजन ही साल भर की कमाई का मुख्य जरिया होता है, लेकिन युद्ध ने उनके इस भरोसे को तोड़ दिया है।

केवल मजदूर नहीं, पूरी ‘सप्लाई चेन’ प्रभावित

काम बंद होने का असर केवल फैक्ट्री के भीतर तक सीमित नहीं है। इसका ‘चेन रिएक्शन’ पूरे सिस्टम पर दिख रहा है।

किसान: मेहंदी की फसल बेचने वाले किसानों को खरीदार नहीं मिल रहे।

मंडी: सोजत मंडी में व्यापारिक गतिविधियां सुस्त पड़ गई हैं।

सप्लायर: पैकेजिंग, ट्रांसपोर्ट और कच्चा माल सप्लाई करने वालों का काम भी रुक गया है।

खाड़ी देशों की पहली पसंद है ‘सोजत मेहंदी’ सोजत की मेहंदी अपनी ए-ग्रेड क्वालिटी के लिए जानी जाती है। यहां मेहंदी में केमिकल के बजाय लौंग, नीलगिरी और टी-3 नेचुरल ऑयल का इस्तेमाल होता है। यही वजह है कि इसकी डिमांड मिडिल ईस्ट के अलावा दुनिया के 130 देशों में है। लेकिन वर्तमान युद्ध की स्थिति ने इस चमक को फिलहाल धुंधला कर दिया है।

लातविया से लेकर पुर्तगाल तक… हर जगह सोजत का डंका सोजत की मेहंदी की गुणवत्ता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि यह एस्टोनिया, लिथुआनिया, बुल्गारिया, स्लोवाकिया, और क्रोएशिया जैसे देशों में भी निर्यात की जाती है।

यूरोप का बाजार- यहां नेचुरल कॉस्मेटिक्स की भारी डिमांड है, जिसे सोजत पूरा करता है।

एशियाई बाजार- नेपाल और मलेशिया जैसे देशों में सोजत की मेहंदी एक अनिवार्य ब्रांड बन चुकी है।

पेरिस के फैशन से रूस के बाजार तक सोजत की मेहंदी की सबसे बड़ी खूबी इसका ‘केमिकल फ्री’ होना है। इसी कारण पेरिस (फ्रांस) जैसे फैशन हब और रूस व बेलारूस जैसे ठंडे देशों में भी इसे स्किन-फ्रेंडली हेयर डाई के रूप में इस्तेमाल किया जाता है। फिलहाल इन सभी देशों से आने वाले नए ऑर्डर्स पर युद्ध की अनिश्चितता के कारण ‘ब्रेक’ लग गया है।

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38 हजार हेक्टेयर में फैला है ‘मेहंदी का साम्राज्य’ पाली जिले का सोजत और उसके पड़ोसी क्षेत्र रायपुर व जैतारण मिलकर दुनिया का सबसे बड़ा मेहंदी उत्पादक हब बनाते हैं। कुल 38 हजार हेक्टेयर भूमि पर होने वाली यह खेती यहां की अर्थव्यवस्था की रीढ़ है। यहां की मिट्टी और जलवायु मेहंदी के लिए इतनी अनुकूल है कि यहां पैदा होने वाली मेहंदी में लॉसोने (रंग देने वाला तत्व) की मात्रा दुनिया में सर्वाधिक पाई जाती है।

प्रति हेक्टेयर 15 क्विंटल का उत्पादन, पर बाजार में सन्नाटा

इस क्षेत्र में औसतन 15 क्विंटल प्रति हेक्टेयर मेहंदी का उत्पादन होता है। इस साल भी पैदावार बंपर होने की उम्मीद है, लेकिन युद्ध के कारण सोजत की मंडी और फैक्ट्रियों में रौनक गायब है।

बंपर स्टॉक: खेतों से मंडी तक माल पहुंच रहा है, लेकिन निर्यात रुकने से स्टॉक जमा होता जा रहा है।

भाव का डर: मांग कम होने से किसानों को डर है कि उन्हें अपनी फसल का वाजिब दाम नहीं मिल पाएगा।

क्यों खास है सोजत की मेहंदी? सोजत की मेहंदी को इसकी शुद्धता और गहरे रंग के लिए GI टैग (Geographical Indication) भी मिल चुका है। यहां की मेहंदी में किसी भी प्रकार के हानिकारक केमिकल के बजाय प्राकृतिक तेलों का उपयोग किया जाता है, जो इसे अंतरराष्ट्रीय मानकों पर खरा उतारता है।



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कानपुर किडनी कांड का मास्टरमाइंड बोला- करोड़ों फेंक देते हैं: एजेंट से बातचीत की ऑडियो रिकॉर्डिंग मिली; कन्नौज का डॉक्टर पकड़ाया – Kanpur News




कानपुर के चर्चित किडनी कांड के मास्टरमाइंड शिवम अग्रवाल के मोबाइल से पुलिस को कॉल रिकॉर्डिंग मिली है। डीसीपी वेस्ट एसएम कासिम आबिदी के मुताबिक, यह रिकॉर्डिंग उसने गिरोह में शामिल प्रयागराज के रहने वाले नवीन पांडेय को भेजी थी। ऑडियो में नवीन, शिवम से प्रयागराज के ही दलाल साहिल का जिक्र कर रहा है। वह कहता है कि साहिल ने तुम्हारा नाम लेकर 22 लाख रुपए ले लिए हैं। इस पर शिवम कहता है- उसे नहीं पता कि शिवम और डॉ. रोहित क्या चीज हैं, हम लोग करोड़ों रुपए ऐसे ही फेंक देते हैं। इस बीच पुलिस टीम शनिवार शाम नवीन पांडेय के प्रयागराज स्थित घर पहुंची, लेकिन वह नहीं मिला। इधर, पुलिस ने शिवम की पत्नी को रावपुर थाने पूछताछ के लिए बुलाया। उसने बताया कि नवीन गाजियाबाद के रहने वाले डॉ. रोहित के साथ 4-5 साल से काम कर रहा है। शिवम तो एक साल से ही डॉ. रोहित से जुड़ा था। पुलिस सोमवार को जिला कोर्ट में अप्लीकेशन देकर शिवम की रिमांड मांगेगी। पुलिस के मुताबिक, यह रिकॉर्डिंग पिछले साल दिसंबर महीने की है। हालांकि, पुलिस ने इसे सार्वजनिक नहीं किया है। किडनी कांड में अब तक 9 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। कन्नौज के डॉक्टर को पुलिस ने हिरासत में लिया
पुलिस के अनुसार, रिकॉर्डिंग में शिवम एक महिला का जिक्र कर रहा है। वह कहता है कि जिस महिला को हम दिल्ली लेकर आए थे, उसे द्वारका के मैक्स हॉस्पिटल में भर्ती कराया था, वह मर गई। इस पर नवीन कहता है कि महिला को एंबुलेंस से लेकर जाना चाहिए था, तुम लोग उसे स्कॉर्पियो से लेकर चले गए। स्कॉर्पियो में कोई मेडिकल व्यवस्था होती है क्या? पुलिस के मुताबिक, ऑडियो में जिस महिला का जिक्र है, उसका दिसंबर महीने में मेडिलाइफ हॉस्पिटल में किडनी ट्रांसप्लांट किया गया था। इसके बाद उसकी तबीयत बिगड़ गई। उसे आनन-फानन में दिल्ली के मैक्स हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी मौत हो गई। पुलिस ने महिला की मौत के मामले में कन्नौज के रहने वाले डॉ. रोहन को शनिवार को हिरासत में ले लिया है। उससे पूछताछ की जा रही है। हॉस्पिटल के दो अन्य पार्टनर औरैया निवासी डॉ. नरेंद्र और कन्नौज के डॉ. संदीप अभी फरार हैं। साहिल ने किडनी के नाम पर 20 लाख ठगे
पुलिस कमिश्नर रघुबीर लाल ने बताया कि शिवम अग्रवाल की तरह साहिल भी डॉ. रोहित के लिए काम करता था। जांच में सामने आया कि एक महिला को किडनी की जरूरत थी। साहिल ने उससे संपर्क कर कहा कि डॉ. रोहित ट्रांसप्लांट के लिए 40 लाख लेते हैं, लेकिन वह 20 लाख रुपए में किडनी ट्रांसप्लांट करा देगा। इसके बाद वह महिला से 20 लाख रुपए लेकर फरार हो गया। पुलिस कमिश्नर ने बताया कि साहिल की तलाश में चित्रकूट और प्रयागराज में छापेमारी की जा रही है। अब तक गिरोह में जिन डॉक्टरों के नाम सामने आए हैं, उनमें कोई भी सर्जन नहीं है। गिरोह में शामिल डॉ. रोहित एनेस्थीसिया विशेषज्ञ, डॉ. वैभव डेंटिस्ट, डॉ. अनुराग अल्फा हॉस्पिटल संचालक, डॉ. अफजल फिजिशियन और डॉ. अली ओटी टेक्नीशियन हैं। बीए पास भूपेंद्र बना डॉक्टर ऑफ मेडिसिन
डीसीपी ने बताया कि शुक्रवार को शिवम की पत्नी से करीब 6 घंटे तक पूछताछ की गई। इस दौरान उसने हैलट के सामने स्थित रमाशिव हॉस्पिटल के मैनेजर भूपेंद्र सिंह का नाम लिया। भूपेंद्र सिंह डॉ. रोहित के संपर्क में था। पुलिस ने जब उससे पूछताछ की तो उसने बताया कि उसने लखनऊ में एसजीपीजीआई के सामने एक निजी अस्पताल बनवाया है। डीसीपी वेस्ट के अनुसार, भूपेंद्र के विजिटिंग कार्ड पर एमडी (डॉक्टर ऑफ मेडिसिन) लिखा था। पूछने पर उसने बताया कि एमडी का मतलब मैनेजिंग डायरेक्टर है। वह डॉ. रोहित के संपर्क में था। डॉ. रोहित ने उससे अपने अस्पताल में किडनी ट्रांसप्लांट कराने को कहा था, लेकिन उसने ट्रांसप्लांट नहीं कराया। मेडिलाइफ के संचालक रोहन, नरेंद्र और अजय से भी पूछताछ की जा रही है। मेरठ का ट्रैवल एजेंट फर्जी नाम से बुक करता था कारें डॉ. अनुराग उर्फ अमित ने की थीं दो शादियां स्कैंडल से जुड़े डॉ. अनुराग की तलाश में पुलिस टीम मेरठ पहुंची। जांच में सामने आया कि मेरठ का अल्फा हॉस्पिटल डॉ. अनुराग के नाम पर है। वह फिजियोथेरेपिस्ट है और उसने दो शादियां की हैं। पुलिस टीम उसकी पहली पत्नी के घर पहुंची, लेकिन वह वहां नहीं मिला। पुलिस उसकी दूसरी पत्नी की लोकेशन तलाश रही है। अब जानिए मेडिलाइफ हॉस्पिटल से कैसे जुड़े तार डीसीपी आबिदी ने बताया कि ओटी टेक्नीशियन राजेश कुमार और कुलदीप सिंह राघव ने पूछताछ में कहा था कि उन्होंने सभी ऑपरेशन आहूजा हॉस्पिटल में किए थे, लेकिन दोनों के मोबाइल की जांच में शहर के कई अन्य अस्पतालों के नंबर मिले। इनमें मसवानपुर स्थित मेडिलाइफ हॉस्पिटल भी शामिल है। ————————– अब भास्कर के सबसे बड़े सर्वे में हिस्सा लीजिए… यूपी में विधायकों के 4 साल पूरे हो चुके हैं। क्या आपके मौजूदा विधायक को 2027 के विधानसभा चुनाव में टिकट मिलना चाहिए? भास्कर सर्वे में हिस्सा लेकर बताइए… ———————— ये खबर भी पढ़ें… OT टेक्नीशियन ने निकाली थी MBA स्टूडेंट की किडनी:कानपुर में ट्रांसप्लांट किया; मेरठ के 3 डॉक्टरों के भी नाम सामने आए कानपुर में MBA स्टूडेंट आयुष की किडनी किसी डॉक्टर ने नहीं, बल्कि एक ओटी टेक्नीशियन ने निकाली थी। उसी ने पारुल तोमर को किडनी ट्रांसप्लांट भी किया था। डीसीपी एसएम कासिम आबिदी ने यह जानकारी दैनिक भास्कर को दी। उन्होंने बताया- आरोपी ओटी टेक्नीशियन मुदस्सर अली सिद्दीकी दिल्ली के उत्तम नगर का रहने वाला है। उसके घर पर दबिश दी गई, लेकिन वह फरार मिला। जिस मेडिलाइफ हॉस्पिटल में वह काम करता था, उसके तीनों मालिक भी फरार हैं। पढ़ें पूरी खबर



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RCB vs CSK Pitch Weather: चिन्नास्वामी की पिच पर चेन्नई की अग्निपरीक्षा! क्या बारिश बिगाड़ेगी बेंगलुरु का खेल?


Cricket

oi-Sohit Kumar

Royal Challengers Bengaluru vs Chennai Super Kings: IPL 2026 में आज क्रिकेट के दो सबसे बड़े दिग्गजों के बीच जंग होने वाली है। रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) अपने घर एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम में चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) की मेजबानी करेगी। जहां एक तरफ डिफेंडिंग चैंपियन RCB अपनी जीत की लय को बरकरार रखना चाहेगी, वहीं दूसरी तरफ शुरुआती दो मुकाबले हार चुकी CSK इस सीजन में अपनी पहली जीत की तलाश में होगी।

IPL 2026 का यह ब्लॉकबस्टर मुकाबला आज यानी रविवार, 5 अप्रैल 2026 को बेंगलुरु के ऐतिहासिक एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम में खेला जाएगा। क्रिकेट फैंस के लिए सबसे महत्वपूर्ण समय शाम 7:00 बजे का होगा, जब दोनों कप्तानों के बीच टॉस उछाला जाएगा। टॉस के ठीक आधे घंटे बाद, यानी शाम 7:30 बजे मैच की पहली गेंद फेंकी जाएगी।

MS Dhoni and Virat Kohli

बेंगलुरु का यह मैदान अपनी छोटी बाउंड्री और हाई-स्कोरिंग मैचों के लिए मशहूर है, जहां आज डिफेंडिंग चैंपियन RCB अपनी बादशाहत कायम रखने उतरेगी। वहीं, चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) के लिए यह ‘करो या मरो’ जैसा मुकाबला है, क्योंकि वे इस सीजन की अपनी पहली जीत की तलाश में हैं। शाम के समय हल्की धुंध और बादलों की आवाजाही के बीच चिन्नास्वामी का यह शोर और रोमांच देखने लायक होगा।

M Chinnaswamy Stadium Pitch Report: चिन्नास्वामी की पिच रिपोर्ट

चिन्नास्वामी की पिच पर पिछले कुछ समय से ‘हिट द डेक’ गेंदबाजों को अतिरिक्त उछाल और मदद मिल रही है। यहां 2025 के बाद से पहली पारी का औसत स्कोर 174 रन रहा है। 200 के आंकड़े तक पहुंचने के लिए टीमों को संभलकर और कैलकुलेटेड शॉट खेलने होंगे।

Bengaluru Weather Report: वेदर रिपोर्ट

आज बेंगलुरु में सुबह से शाम तक मौसम का मिजाज कुछ इस तरह रहेगा:

  • सुबह 8:00 से 11:00 बजे: खिली हुई धूप रहेगी और तापमान 23°C से बढ़कर 28°C तक जाएगा। बारिश की कोई संभावना नहीं है।
  • दोपहर 12:00 से 2:00 बजे: तापमान अपने चरम 31°C पर पहुंचेगा। आसमान में थोड़े बादल दिखने शुरू होंगे (7% क्लाउड कवर)।
  • दोपहर 3:00 से 5:00 बजे: बादलों की लुका-छिपी बढ़ेगी और तापमान 31°C से 33°C के बीच रहेगा।
  • मैच के दौरान (शाम 6:00 से 7:00 बजे): शाम 6 बजे तापमान 32°C होगा और 7 बजे टॉस के समय यह गिरकर 30°C पर आ जाएगा।
  • बारिश का डर: राहत की बात यह है कि पूरे मैच के दौरान बारिश की संभावना 5% से 7% के बीच ही है। आसमान में बादल (Cloudy) तो रहेंगे, लेकिन खेल रुकने या ओवर कटने के आसार न के बराबर हैं।

चेन्नई सुपर किंग्स टीम: संजू सैमसन (विकेटकीपर), रुतुराज गायकवाड़ (कप्तान), आयुष म्हात्रे, सरफराज खान, शिवम दुबे, कार्तिक शर्मा, प्रशांत वीर, नूर अहमद, अंशुल कंबोज, मैट हेनरी, खलील अहमद, जेमी ओवरटन, राहुल चाहर, मैथ्यू शॉर्ट, रामकृष्ण घोष, गुरजापनीत सिंह, अकील होसेन, एमएस धोनी, श्रेयस गोपाल, स्पेंसर जॉनसन, मुकेश चौधरी, उर्विल पटेल, अमन खान, डेवाल्ड ब्रेविस। ज़ाकारी फ़ॉल्क्स

रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु टीम: फिलिप साल्ट, विराट कोहली, देवदत्त पडिक्कल, रजत पाटीदार (कप्तान), जितेश शर्मा (विकेटकीपर), टिम डेविड, रोमारियो शेफर्ड, क्रुणाल पंड्या, भुवनेश्वर कुमार, अभिनंदन सिंह, जैकब डफी, सुयश शर्मा, जैकब बेथेल, रसिख सलाम डार, कनिष्क चौहान, वेंकटेश अय्यर, जोश हेजलवुड, मंगेश यादव, विहान मल्होत्रा, विक्की ओस्टवाल, जॉर्डन कॉक्स, स्वप्निल सिंह, सात्विक देसवाल



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