PM Kisan Maandhan Yojana: देश के अन्नदाताओं की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ करने के लिए केंद्र सरकार कई महत्वाकांक्षी योजनाएं चला रही है। इनमें सबसे लोकप्रिय प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना है, जिसके तहत पात्र किसानों को सालाना 6,000 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाती है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि पीएम किसान के लाभार्थी बिना अपनी जेब से अतिरिक्त पैसा खर्च किए हर महीने 3,000 रुपये की पेंशन भी पा सकते हैं?
दरअसल, सरकार पीएम किसान योजना के साथ पीएम किसान मानधन योजना का विकल्प भी देती है। इस स्कीम के जरिए किसान 60 वर्ष की आयु के बाद सम्मानजनक जीवन जी सकते हैं। सबसे खास बात यह है कि मानधन योजना का प्रीमियम सीधे पीएम किसान की किस्तों से कटवाया जा सकता है, जिससे किसानों पर कोई अतिरिक्त आर्थिक बोझ नहीं पड़ता।
पेंशन का पूरा गणित, कैसे मिलेंगे ₹42,000?
पीएम किसान सम्मान निधि के तहत किसानों को हर चार महीने में 2,000 रुपये की तीन किस्तें (कुल ₹6,000) मिलती हैं। वहीं, मानधन योजना में जुड़ने पर 60 साल की उम्र के बाद साल भर में 36,000 रुपये की पेंशन मिलती है।
यदि कोई किसान मानधन योजना का प्रीमियम अपनी सम्मान निधि की राशि से कटवाने का विकल्प चुनता है, तो अधिकतम 200 रुपये प्रति माह (सालाना ₹2,400) कटने के बाद भी किसान के पास पीएम किसान के 3,600 रुपये बचेंगे। 60 की उम्र के बाद जब 36,000 रुपये की पेंशन शुरू होगी, तो दोनों योजनाओं को मिलाकर किसान को सालाना लगभग 42,000 रुपये का सीधा लाभ मिलेगा।
कौन उठा सकता है इसका लाभ?
पीएम किसान मानधन योजना एक स्वैच्छिक और अंशदायी पेंशन योजना है। इसके लिए पात्रता की शर्तें कुछ इस प्रकार हैं:
आयु सीमा: 18 से 40 वर्ष के बीच के छोटे और सीमांत किसान इसमें रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं।
मासिक योगदान: उम्र के आधार पर किसानों को हर महीने 55 रुपये से लेकर 200 रुपये तक का योगदान करना होता है।
प्रीमियम की सुविधा: पीएम किसान योजना के लाभार्थियों को अलग से पैसे जमा करने की जरूरत नहीं है; वे एक फॉर्म भरकर अपनी किस्तों से ही प्रीमियम कटवा सकते हैं।
पंजीकरण की प्रक्रिया
इस दोहरे लाभ का फायदा उठाने के लिए किसानों को अपनी नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर जाकर या स्व-पंजीकरण के माध्यम से मानधन योजना के लिए आवेदन करना होगा। आवेदन के समय ‘ऑटो-डेबिट’ का विकल्प चुनने पर प्रीमियम की राशि सीधे बैंक खाते या पीएम किसान की किस्त से काट ली जाएगी।
Rajshri Deshpande: जिंदगी कब, क्या रंग दिखा दे, किसी को समझ नहीं आता है, ऐसी ही कुछ हुआ टीवी और वेबसीरीज के जरिए लोगों के दिलों में स्पेशल जगह बनाने वाली खूबसूरत अभिनेत्री राजश्री देशपांडे के साथ, जिन्होंने फैंस को बताया कि ‘उन्हें ब्रेस्ट कैंसर हुआ, जो कि उन्हें रूटीन चेकअप के दौरान मालूम पड़ा।’
वो अपने आप को लकी मानती हैं कि उन्हें जल्द ही इस बारे में पता चल गया जिसके बाद उन्होंने इसकी सर्जरी करवाई, उन्होंने बुधवार को अस्पताल की बेड से अपनी एक तस्वीर शेयर करके कैंसर के बारे में लोगों को बताया।
उन्होंने अपनी पोस्ट में लिखा कि ‘जैसा कि आप यह पढ़ रहे हैं, इसका मतलब है कि आखिरकार मुझे अपने माता-पिता को यह बताने की हिम्मत मिल गई है कि मुझे इनफिल्ट्रेटिंग डक्टल कार्सिनोमा (NOS) है, जो एक ग्रेड 1 ब्रेस्ट कैंसर है। अब समय आ गया है कि आप सभी को पता चले। खुशकिस्मती से हमें यह रूटीन चेक-अप में जल्दी पता चल गया, जिससे हमें लड़ने का मौका मिला।’
‘बहुत सारे टेस्ट और सर्जरी एक रोलरकोस्टर राइड की तरह लगे लेकिन मेरा विश्वास करो, यह सभी का प्यार और अपनापन था जिसने मुझे इससे बाहर निकाला और सर्जरी के बाद अपनी आई और पापा के चेहरे देखकर मेरा डर पिघलकर एक अटूट ताकत बन गया।’
‘मैं दुनिया का सामना करने के लिए तैयार हूं’
उन्होंने आगे लिखा ‘सभी के सपोर्ट से मुझे लगता है कि मैं दुनिया का सामना करने के लिए तैयार हूं। अब मैं बहुत अच्छे से ठीक हो रही हूं और जल्द ही हॉस्पिटल से घर जा रही हूं। @kokilabenhospital के डॉ. मंदार नाडकर्णी (@nadkarnim) को बहुत-बहुत धन्यवाद , उनकी एक्सपर्टीज़ और देखभाल ने इस सफ़र को बहुत आसान बना दिया। आपका प्यार सच में मेरी सबसे बड़ी दवा है। ठीक होने, उम्मीद और आने वाले सभी अच्छे दिनों की कामना करती हूं।’
Rajshri Deshpande की बीमारी सुन घबराए फैंस
राजश्री देशपांडे की ये पोस्ट सामने आते ही उनके फैंस हैरान रह गए लेकिन सभी उनके जल्दी ठीक होने की प्रार्थना कर रहे हैं, लोगों ने उन्हें ‘असली फाइटर’ कहा है तो वहीं कुछ लोगों ने उनकी हिम्मत की दाद दी है और कहा कि ‘आप असली स्टार हैं।’
फिल्में, टीवी और वेबसीरीज के जरिए लोकप्रिय हुईं राजश्री देशपांडे को पान नलिन की ड्रामा फिल्म ‘एंग्री इंडियन गॉडेसेस’ से अंतरराष्ट्रीय पहचान मिली। 2023 में देशपांडे ने Trial by Fire के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री फिल्मफेयर ओटीटी पुरस्कार जीता था।
फिल्म ‘तलाश’ से शुरू हुई अभिनय की जर्नी
महाराष्ट्र के औरंगाबाद में जन्मी राजश्री देशपांडे ने 2012 में आमिर खान अभिनीत फिल्म ‘तलाश’ में एक छोटी सी भूमिका के साथ बॉलीवुड में शुरुआत की थी, इसके बाद उन्होंने टेलीविजन की ओर रूख किया और 2013 में ‘कुछ तो लोग कहेंगे’ और ’24: इंडिया’ जैसे चर्चित शो में नजर आईं थी। इसके बाद उन्होंने सलमान खान की ‘किक’ में एक छोटी सी भूमिका के साथ बड़े पर्दे पर वापसी की। देशपांडे ने जनवरी 2018 में जेम्स वॉटकिंस द्वारा निर्देशित बीबीसी वन के मैकमाफिया के साथ अपना डिजिटल डेब्यू किया।
उन्हें अनुराग कश्यप द्वारा निर्देशित नेटफ्लिक्स शो ‘सेक्रेड गेम्स’ में देखा गया था, जिसमें उन्होंने नवाजुद्दीन सिद्दीकी के साथ नजर आई थीं,जिसमें उन्होंने नवाजुद्दीन के किरदार गैंगस्टर गणेश गायतोंडे की पत्नी सुभद्रा की भूमिका निभाई थी।
Rajshri Deshpande पर लगा एडल्ट स्टार का आरोप
सीरीज में उनके कई हॉट सींस थे, जिसके बाद उन्हें सोशल मीडिया पर काफी ट्रोल किया गया था और उन्हें एडल्ट स्टार का तमगा दे दिया गया था लेकिन राजश्री ने सभी को मुंहतोड़ जवाब देते हुए कहा था कि ‘उन्हें किसी बात का अफसोस नहीं, उन्होंने जो किया सही किया।’
English summary
Sacred Games actress Rajshri Deshpande reveals breast cancer diagnosis, There was once an allegation of an adult star, Know Profile Hindi.
Maharashtra Rajya Sabha Candidate List: बीजेपी ने राज्यसभा के द्विवार्षिक चुनावों के लिए महाराष्ट्र से अपनी उम्मीदवारों की लिस्ट फाइनल कर दी है। पार्टी ने राष्ट्रीय महामंत्री विनोद तावड़े और केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले समेत चार दिग्गज नेताओं को टिकट दिया है।
महाराष्ट्र में कुल 7 सीटें खाली हो रही हैं, जहां महायुति गठबंधन (बीजेपी + शिवसेना + एनसीपी) मजबूत स्थिति में है। बीजेपी के पास विधानसभा में पर्याप्त संख्या बल है, जिससे उसके 4 उम्मीदवार लगभग निर्विरोध जीत सकते हैं।
Maharashtra Rajya Sabha 4 BJP Candidates List: महाराष्ट्र से बीजेपी के 4 उम्मीदवार कौन हैं?
विनोद तावड़े (Vinod Tawde)- बीजेपी के राष्ट्रीय महासचिव, पूर्व शिक्षा मंत्री और महाराष्ट्र बीजेपी के दिग्गज नेता। उनका नाम पार्टी में अनुभव और संगठन क्षमता के लिए जाना जाता है।
रामदास आठवले (Ramdas Athawale)- केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्य मंत्री, रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया (आरपीआई) के प्रमुख। महायुति गठबंधन में उनका महत्वपूर्ण योगदान रहा है।
माया चिंतामण ईवनाते – (Maya Chintamani Ewanate) – पार्टी की महिला नेता, सामाजिक कार्यों में सक्रिय।
रामराव कुडकुते – (Ramrao Kudkute) – क्षेत्रीय स्तर पर मजबूत पकड़ वाले नेता।
ये नाम बीजेपी की कोर कमिटी की बैठक के बाद फाइनल हुए, जहां मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और प्रदेश अध्यक्ष रवींद्र चव्हाण समेत कई वरिष्ठ नेताओं ने चर्चा की। महायुति में शिवसेना और एनसीपी को एक-एक सीट मिलने की संभावना है।
Rajya Sabha Elections 2026 Schedule Date-Time: राज्यसभा चुनाव 2026 का पूरा शेड्यूल क्या है?
भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने 18 फरवरी 2026 को 10 राज्यों की 37 सीटों के लिए द्विवार्षिक चुनाव का ऐलान किया था। ये सीटें अप्रैल 2026 में रिक्त हो रही हैं।
अधिसूचना जारी: 26 फरवरी 2026
नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि: 5 मार्च 2026
नामांकन जांच: 6 मार्च 2026
नाम वापस लेने की अंतिम तिथि: 9 मार्च 2026
मतदान: 16 मार्च 2026 (सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक)
मतगणना: उसी दिन शाम 5 बजे
मतदान के लिए केवल ECI द्वारा उपलब्ध कराए गए विशेष बैंगनी पेन से वरीयता अंकित करनी होगी – कोई अन्य पेन मान्य नहीं। पूरी प्रक्रिया की निगरानी के लिए पर्यवेक्षक तैनात रहेंगे।
महाराष्ट्र में स्थिति क्यों दिलचस्प है?
महाराष्ट्र विधानसभा में महायुति का मजबूत बहुमत है, इसलिए बीजेपी के 4 उम्मीदवारों की जीत लगभग तय मानी जा रही है। बची हुई 7वीं सीट पर महाविकास अघाड़ी (MVA – कांग्रेस + शिवसेना उद्धव + एनसीपी शरद) के बीच चर्चा तेज है। अगर MVA जरूरी वोट जुटा ले, तो वह एक सीट जीत सकती है। महाराष्ट्र से 7 सीटें खाली हो रही हैं, जिनमें डॉ. भागवत कराड, रामदास आठवले, प्रियंका चतुर्वेदी जैसे मौजूदा सदस्यों का कार्यकाल अप्रैल में खत्म हो रहा है।
बीजेपी की अन्य राज्यों की लिस्ट (पहली घोषणा)
बीजेपी ने पहले 9 उम्मीदवारों की लिस्ट जारी की थी, जिसमें राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन (बिहार) समेत नाम शामिल हैं:
बिहार: नितिन नवीन, शिवेश कुमार
असम: तेरश गोवाला, जोगेन मोहन
छत्तीसगढ़: लक्ष्मी वर्मा
हरियाणा: संजय भाटिया
ओडिशा: मनमोहन सामल, सुजीत कुमार
पश्चिम बंगाल: राहुल सिन्हा
महाराष्ट्र की ये लिस्ट पार्टी की रणनीति को मजबूत बनाती है, जहां अनुभव, सामाजिक न्याय और क्षेत्रीय संतुलन पर फोकस है। चुनावी मैदान गर्म हो रहा है – क्या MVA कोई सरप्राइज दे पाएगी?
राज्यसभा चुनाव के लिए भाजपा ने 4 प्रत्याशियों के नाम वाली दूसरी लिस्ट जारी की है। इसमें केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले, महाराष्ट्र भाजपा के अध्यक्ष विनोद तावड़े और माया चिंतामन इवनाते और रामराव वडकुटे के नाम शामिल है।
एक दिन पहले भाजपा ने राज्यसभा के लिए पार्टी उम्मीदवारों की पहली लिस्ट जारी की थी। इसमें 6 राज्यों से 9 नाम शामिल थे। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन बिहार से राज्यसभा भेजे जाएंगे। उनके अलावा लिस्ट में शिवेश कुमार का भी नाम है।
छत्तीसगढ़ से भाजपा ने लक्ष्मी वर्मा को उम्मीदवार बनाया है। असम से तेराश गोवाला, जोगेन मोहन, हरियाणा से संजय भाटिया, ओडिशा मनमोहन सामल, सुजीत कुमार और पश्चिम बंगाल से राहुल सिन्हा उम्मीदवार हैं।
10 राज्यों की 37 राज्यसभा सीटों पर 16 मार्च को चुनाव कराया जाएगा। 16 मार्च को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे के बीच वोटिंग होगी और उसी दिन शाम 5 बजे वोटों की गिनती की जाएगी।
राज्यसभा के मौजूदा सदस्यों का कार्यकाल पूरा
ये सभी सीटें संबंधित सदस्यों के कार्यकाल पूरा होने के कारण रिक्त हो रही हैं। राज्यसभा का कार्यकाल छह साल का होता है। जिन सदस्यों का कार्यकाल अप्रैल 2026 में समाप्त हो रहा है, उनकी सीटों पर ये चुनाव कराए जा रहे हैं। निर्वाचित सदस्यों का कार्यकाल उनके शपथ ग्रहण की तिथि से आगामी छह वर्षों, यानी 2032 तक रहेगा। संबंधित राज्यों की जिन सीटों पर मौजूदा सदस्यों का कार्यकाल समाप्त हो रहा है, वहीं ये सीटें रिक्त मानी जाएंगी।
37 सीटों के लिए 16 मार्च को चुनाव
चुनाव आयोग ने 18 फरवरी को 10 राज्यों की 37 राज्यसभा सीटों पर चुनाव की तारीखों का ऐलान किया था। 37 सीटों के लिए 16 मार्च को चुनाव होना है। जो सीटें खाली हो रही हैं, उनमें 12 एनडीए के पास हैं, 25 पर विपक्षका कब्जा है।
सबसे ज्यादा महाराष्ट्र की 7, तमिलनाडु की 6 और पश्चिम बंगाल-बिहार की 5-5 सीटों पर चुनाव कराया जाना है। शरद पवार, रामदास अठावले, कणिमोझी, तिरुचि शिवा, राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश का कार्यकाल 2 अप्रैल को समाप्त हो रहा है।
16 मार्च को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे के बीच वोटिंग होगी और उसी दिन शाम 5 बजे वोटों की गिनती की जाएगी।
बैलेट पेपर पर खास पेन से होगी वोटिंग
चुनाव आयोग ने कहा है कि वोट डालते समय केवल रिटर्निंग ऑफिसर की ओर से दिए गए तय मानक का वॉयलेट रंग का स्केच पेन ही इस्तेमाल होगा। किसी अन्य पेन का उपयोग मान्य नहीं होगा।
आयोग ने कहा है कि चुनाव शांतिपूर्ण और निष्पक्ष तरीके से कराने के लिए पर्यवेक्षक नियुक्त किए जाएंगे। चुनाव आयोग ने असम, केरल, पुडुचेरी, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में EVM और VVPAT को लेकर जागरूकता अभियान भी शुरू किया है।
आयोग के मुताबिक 5 राज्यों और एक केंद्रशासित प्रदेश में 1.20 लाख से ज्यादा लोगों ने डेमो कैंप में हिस्सा लिया। 1.16 लाख से ज्यादा लोगों ने मॉक वोट डाले। 10 फरवरी तक 29 हजार से ज्यादा पोलिंग स्टेशन लोकेशन मोबाइल डेमो वैन से कवर किए जा चुके हैं। यह अभियान EVM डेमो सेंटर और मोबाइल वैन के जरिए चलाया जा रहा है।
ऐसे होता है राज्यसभा चुनाव
राज्यसभा सांसदों के लिए चुनाव की प्रक्रिया दूसरे चुनावों से काफी अलग है। राज्यसभा के सदस्य अप्रत्यक्ष रूप से चुने जाते हैं यानी जनता नहीं बल्कि विधायक इन्हें चुनते हैं।
चुनाव हर दो साल में होते हैं, क्योंकि राज्यसभा एक स्थायी सदन है और इसके एक-तिहाई सदस्य हर दो साल में रिटायर होते हैं।
राज्यसभा सीटों की कुल संख्या 245 हैं। इनमें से 233 सीटों पर अप्रत्यक्ष रूप से चुनाव होते हैं और 12 सदस्यों को राष्ट्रपति मनोनीत करते हैं।
राज्यसभा चुनाव में जीत के लिए कितने वोटों की जरूरत होती है, ये पहले से ही तय होता है। वोटों की संख्या का कैलकुलेशन कुल विधायकों की संख्या और राज्यसभा सीटों की संख्या के आधार पर होता है। इसमें एक विधायक की वोट की वैल्यू 100 होती है।
महाराष्ट्र की 7 सीटों के उदाहरण से फॉर्मूला समझते हैं
राज्यसभा चुनाव में किसी भी उम्मीदवार को जीतने के लिए एक निश्चित संख्या में मतों की आवश्यकता होती है, जिसे जीतने का कोटा (Quota) कहा जाता है। महाराष्ट्र विधानसभा में कुल 288 विधायक हैं। खाली हो रही सीटें 7 हैं।
कुल विधायकों की संख्या x 100/ (राज्यसभा की सीटें+1) = +1 288X100/(7+1)= +1 28800/8= +1 3600= +1 3601 चूंकि एक विधायक के वोट की वैल्यू 100 होती है। इसलिए महाराष्ट्र में अभी एक राज्यसभा सीट पर जीत के लिए कम से कम 36 विधायकों की जरूरत होगी।
अब समझिए राज्यों का समीकरण…
बिहार: चिराग पासवान मां को बनवाएंगे सांसद, हरिवंश रिपीट हो सकते हैं
जदयू के जिन दो नेताओं का कार्यकाल पूरा हो रहा है, उनमें राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश नारायण सिंह और केंद्रीय मंत्री रामनाथ ठाकुर का नाम है। बड़े पद पर होने और सीएम के करीबी होने के कारण चर्चा है कि इन्हें एक बार फिर से रिपीट किया जा सकता है।
चिराग के लिए यही परीक्षा होगी। विधानसभा चुनाव के दौरान भी मीडिया रिपोर्ट्स के हवाले से दावा किया गया था कि वे अपनी मां के लिए राज्यसभा के एक सीट की डिमांड कर रहे है। पूरी खबर पढ़ें…
छत्तीसगढ़: केटीएस तुलसी और फूलो देवी नेताम का कार्यकाल हो रहा खत्म
छत्तीसगढ़ से राज्यसभा सांसद केटीएस तुलसी और फूलो देवी नेताम का कार्यकाल 2 अप्रैल 2026 को समाप्त हो जाएगा। केटीएस तुलसी सुप्रीम कोर्ट के सीनियर वकील हैं। वह 2020 में छत्तीसगढ़ से राज्यसभा सांसद चुने गए थे।
वहीं, फूलो देवी नेताम बस्तर क्षेत्र से आने वाली आदिवासी नेता हैं। वह छत्तीसगढ़ महिला कांग्रेस की अध्यक्ष भी रह चुकी हैं। सामाजिक और जनजातीय मुद्दों पर उनकी मजबूत आवाज रही है। वह भी 2020 में राज्यसभा सांसद चुनी गई थीं। पूरी खबर पढ़ें…
हरियाणा: किरण चौधरी-रामचंद्र जांगड़ा का कार्यकाल खत्म हो रहा
भाजपा के दो राज्यसभा सांसद किरण चौधरी और रामचंद्र जांगड़ा का कार्यकाल 9 अप्रैल तक है। राज्यसभा सांसद राम चंद्र जांगड़ा मार्च 2020 में राज्यसभा सांसद बने थे। वे निर्विरोध चुने गए थे।
वहीं, किरण चौधरी 27 अगस्त 2024 को राज्यसभा उपचुनाव में निर्विरोध सांसद चुनी गई थीं। यह सीट दीपेंद्र हुड्डा के इस्तीफे के बाद खाली हुई थी। दीपेंद्र ने रोहतक से सांसद बनने के बाद इस्तीफा दिया था। इस बार भाजपा और कांग्रेस को एक-एक सीट मिल सकती है। पूरी खबर पढ़ें… ————————
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TMC ने राज्यसभा के लिए 4 कैंडिडेट का ऐलान किया:इनमें सुप्रीम कोर्ट के वकील मेनका गुरुस्वामी का नाम; जीते तो पहले LGBTQ सांसद होंगे
तृणमूल कांग्रेस ने शुक्रवार शाम को राज्यसभा चुनावों के लिए उम्मीदवारों का ऐलान कर दिया। इनमें मंत्री बाबुल सुप्रियो, बंगाल के पूर्व DGP राजीव कुमार, सीनियर एडवोकेट मेनका गुरुस्वामी और एक्ट्रेस कोयल मल्लिक का नाम शामिल है। पूरी खबर पढ़ें…
भारतीय जनता पार्टी ने छत्तीसगढ़ से लक्ष्मी वर्मा को राज्यसभा उम्मीदवार बनाया है। पार्टी हाईकमान ने 6 राज्यों के लिए कैंडिडेट की लिस्ट जारी की है। जिसमें छत्तीसगढ़ से लक्ष्मी वर्मा का नाम है।
मंथन के बाद 7 नामों के पैनल में से 3 नामों को अंतिम रूप दिया था। इनमें लक्ष्मी वर्मा, नारायण चंदेल और डॉ. कृष्णमूर्ति बांधी का नाम शामिल था। जिसके बाद पार्टी ने राजनीति में 30 साल से सक्रिय रही लक्ष्मी वर्मा को टिकट दिया है।
बता दें कि लंबे समय से चर्चा थी कि, राज्यसभा के लिए संगठन और सामाजिक समीकरण के साथ ही मातृशक्ति को मौका दिया जाएगा। दैनिक भास्कर ने पहले ही बता दिया था कि किसी महिला उम्मीदवार को मौका मिल सकता है।
‘मातृशक्ति’ को प्राथमिकता
राजनीतिज्ञ जानकारों के मुताबिक, पार्टी इस बार ‘मातृशक्ति’ को प्राथमिकता देने के मूड में थी। ऐसे में लक्ष्मी वर्मा का नाम सबसे आगे चल रहा था। संगठन में उनकी सक्रिय भूमिका और महिला वर्ग में पकड़ को देखते हुए केंद्रीय नेतृत्व ने सकारात्मक संकेत दिए।
बीजेपी ने मंथन के बाद 3 नाम तय किए हैं। इनमें लक्ष्मी वर्मा का नाम सबसे आगे था। (फाइल फोटो)
चंदेल-बांधी भी मजबूत दावेदार थे
नारायण चंदेल और डॉ. कृष्णमूर्ति बांधी भी मजबूत दावेदार माने जा रहे थे। दोनों का संगठनात्मक अनुभव और राजनीतिक पृष्ठभूमि मजबूत है, लेकिन महिला प्रतिनिधित्व को प्राथमिकता देने की रणनीति ने समीकरण बदल दिए।
इससे पहले शुरुआती पैनल में लक्ष्मी वर्मा, नारायण चंदेल, सरोज पांडेय, भूपेंद्र सवन्नी, किरण बघेल, डॉ. कृष्णमूर्ति बांधी और निर्मल का नाम शामिल था। विचार-विमर्श के बाद तीन नाम शॉर्टलिस्ट किए गए थे।
अभी ये हैं राज्यसभा सांसद
छत्तीसगढ़ से राज्यसभा के लिए वर्तमान में 5 सदस्य प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। इनमें 2 सांसदों का कार्यकाल 9 अप्रैल को समाप्त हो रहा है, जबकि 2 सदस्यों का कार्यकाल 2028 और 2030 तक जारी रहेगा।
9 अप्रैल 2026 तक कार्यकाल वाले सांसदों में फूलोदेवी नेताम और केटीएस तुलसी शामिल हैं। यह दोनों कांग्रेस पार्टी से हैं। इसके अलावा कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राजीव शुक्ला और रंजीत रंजन का कार्यकाल 29 जून 2028 तक है। वहीं भाजपा से देवेन्द्र प्रताप सिंह का कार्यकाल 2 अप्रैल 2030 तक निर्धारित है।
ऐसे होता है राज्यसभा चुनाव
राज्यसभा सांसदों के लिए चुनाव की प्रक्रिया दूसरे चुनावों से काफी अलग है। राज्यसभा के सदस्य अप्रत्यक्ष रूप से चुने जाते हैं यानी जनता नहीं बल्कि विधायक इन्हें चुनते हैं। चुनाव हर दो साल में होते हैं, क्योंकि राज्यसभा एक स्थायी सदन है और इसके एक-तिहाई सदस्य हर दो साल में रिटायर होते हैं।
राज्यसभा सीटों की कुल संख्या 245 हैं। इनमें से 233 सीटों पर अप्रत्यक्ष रूप से चुनाव होते हैं और 12 सदस्यों को राष्ट्रपति मनोनीत करते हैं।
राज्यसभा चुनाव में जीत के लिए कितने वोटों की जरूरत होती है, ये पहले से ही तय होता है। वोटों की संख्या का कैलकुलेशन कुल विधायकों की संख्या और राज्यसभा सीटों की संख्या के आधार पर होता है। इसमें एक विधायक की वोट की वैल्यू 100 होती है।
छत्तीसगढ़ की 2 सीटों के उदाहरण से फॉर्मूला समझते हैं
राज्यसभा चुनाव में किसी भी उम्मीदवार को जीतने के लिए एक निश्चित संख्या में मतों की आवश्यकता होती है, जिसे जीतने का कोटा (Quota) कहा जाता है। छत्तीसगढ़ विधानसभा में कुल 90 विधायक हैं। खाली हो रही सीटें 2 हैं।
कुल विधायक ÷ (रिक्त सीटें + 1) + 1। यानी 90 ÷ (2+1) = 90 ÷ 3 = 30, और उसमें 1 जोड़ने पर आंकड़ा 31 आता है। इसका मतलब साफ है कि किसी भी उम्मीदवार को एक सीट जीतने के लिए कम से कम 31 विधायकों के प्रथम वरीयता मत चाहिए। राज्यसभा चुनाव में हर विधायक के वोट की वैल्यू समान होती है। इसलिए जो उम्मीदवार 31 का आंकड़ा पार कर लेता है, उसकी जीत सुनिश्चित हो जाती है।
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छत्तीसगढ़ में राज्यसभा की 2 सीटों पर होने वाले चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। 26 फरवरी को अधिसूचना जारी होने के साथ ही नामांकन प्रक्रिया शुरू होगी, जबकि 5 मार्च नामांकन की अंतिम तिथि निर्धारित की गई है। ऐसे में भाजपा और कांग्रेस दोनों दलों ने अपने-अपने स्तर पर मंथन तेज कर दिया है। पढ़ें पूरी खबर…
अमेरिका-इजराइल और ईरान की वॉर में राजस्थान के एक युवक की मौत हो गई। संभवत: इस युद्ध में किसी भारतीय की ये पहली मौत है। नागौर जिले के रहने वाला युवक क्रूड ऑयल कंपनी के शिप पर जॉब करता था। जानकारी के अनुसार 1 मार्च की सुबह ओमान के एक पोर्ट पर ईरान की मिसाइल उनके जहाज पर गिरी थी। हादसे में शिप पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया। दलीप शिप के अगले हिस्से में पायलट आशीष कुमार के साथ थे। आशीष बिहार के रहने वाले थे, जिनका शव मिल गया है। वहीं, दिलीप के बॉडी अभी नहीं मिली है। खासब पोर्ट पर खड़ा था शिप हमले के समय जहाज खासब पोर्ट पर खड़ा था। कंपनी के अनुसार हमले के दौरान अधिकांश क्रू मेंबर्स को सुरक्षित निकाल लिया गया था, लेकिन कैप्टन आशीष समेत 2 अन्य लोग मिसिंग हो गए थे। हमले के तीन दिन बाद बुधवार सुबह कंपनी ने दो लोगों की मौत की पुष्टि की। इनमें नागौर के खींवताना के रहने वाले दलीप भी शामिल हैं। ये शिप स्काईलाइट कंपनी का था। शिप कंपनी और सुरक्षा एजेंसीज तीन दिन से उनकी बॉडी ढूंढ रही हैं। दलीप के भाई देवेंद्र सिंह ने बताया – दलीप सिंह पुत्र कानसिंह ने 22 जनवरी 2026 को मर्चेंट नेवी में ड्यूटी जॉइन की थी। वो ऑयल/केमिकल टैंकर में क्रू मेंबर थे। 28 फरवरी को परिवार से हुई थी आखिरी बात जानकारी के अनुसार 28 फरवरी को आखिरी बार दिलीप की परिवार से बात हुई थी। दलीप के साथ नागौर जिले के बामणा गांव के रहने वाले सुनील कुमार भी काम करते थे। वे सुनील की ड्यूटी खत्म होने के बाद उनकी जगह ही शिफ्ट में पहुंचे थे। …. वॉर से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए… UAE में फंसे भारतीयों को राजस्थानी बिजनेसमैन ने बचाया:200 इंडियंस को गाड़ियों से दुबई में अपने फार्महाउस ले गए, खाने-पीने की नि:शुल्क व्यवस्था की अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच जारी युद्ध के कारण तमाम भारतीय दुबई सहित अन्य देशों में फंसे हुए हैं। फ्लाइट्स कैंसिल होने के कारण ये लोग भारत लौट नहीं पा रहे। इसमें नौकरीपेशा से लेकर टूरिस्ट तक शामिल हैं। पूरी खबर पढ़िए…
Ayatollah Ali Khamenei Funeral: ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के निधन के बाद पूरी दुनिया की नजरें अब उनके अंतिम संस्कार पर टिकी हैं। 28 फरवरी 2026 को हुए हमले के बाद ईरान में शोक की लहर है।
ईरान के सबसे शक्तिशाली और लंबे समय तक शासन करने वाले सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई अब इस दुनिया में नहीं रहे। उनके निधन के बाद ईरान की सरकार ने देश में 40 दिन के राष्ट्रीय शोक और 7 दिन की सरकारी छुट्टी का ऐलान किया है।
अब सबकी निगाहें इस ऐतिहासिक अंतिम संस्कार (Funeral) पर हैं, जो न केवल ईरान बल्कि पूरे मध्य पूर्व की राजनीति और धार्मिक भावनाओं के लिहाज से एक बड़ा मोड़ साबित होगा।
Iran Supreme Leader Funeral: मशहद में ही दी जाएगी अंतिम विदाई
ताज़ा रिपोर्ट्स के मुताबिक, खामेनेई को ईरान के दूसरे सबसे बड़े शहर मशहद में दफनाया जाएगा। मशहद का चुनाव बेहद सोच-समझकर और धार्मिक महत्व को देखते हुए किया गया है। अयातुल्ला खामेनेई का जन्म 1939 में मशहद में ही हुआ था। उनके पिता की कब्र भी मशहद की पवित्र इमाम रज़ा दरगाह (Imam Reza Shrine) में स्थित है। इमाम रज़ा की दरगाह शिया समुदाय के लिए दुनिया के सबसे पवित्र स्थलों में से एक है। यहीं पर खामेनेई को सुपुर्द-ए-खाक करने की तैयारी चल रही है।
कैसे होंगे सुपुर्द-ए-खाक?भव्यता नहीं, परंपरा पर ज़ोर
हालांकि खामेनेई का कद एक राष्ट्रप्रमुख से कहीं ऊंचा था, लेकिन उनके अंतिम संस्कार को लेकर विशेष निर्देश दिए गए हैं। शिया समुदाय और सभी मुसलमानों को संदेश दिया गया है कि अंतिम विदाई के सभी कार्य सादगी के साथ संपन्न किए जाएं।
ईरान में सुप्रीम लीडर के अंतिम संस्कार के लिए कोई पहले से तय लिखित प्रोटोकॉल या गाइडलाइन नहीं है। उम्मीद है कि यह प्रक्रिया पूरी तरह से पारंपरिक इस्लामी तौर-तरीकों और सादगी पर आधारित होगी, जैसा कि अक्सर बड़े धार्मिक नेताओं के मामलों में देखा जाता है।
कौन से राष्ट्राध्यक्ष हो सकते हैं शामिल?
मिडिल ईस्ट में जारी तनाव को देखते हुए खामेनेई के अंतिम संस्कार में दुनिया भर के कई बड़े नेताओं के शामिल होने की संभावना कम दिखाती है। हालांकि आधिकारिक सूची अभी जारी नहीं हुई है। हो सकता है कि रूस, चीन जैसे देशों के उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल के शामिल हों सकें।
हिजबुल्लाह, हमास और हूतियों जैसे समूहों के प्रमुख नेता भी इस विदाई का हिस्सा बन सकते हैं, क्योंकि खामेनेई को इन समूहों का मुख्य संरक्षक माना जाता था। अंतिम संस्कार की तारीख का खुलासा सुरक्षा कारणों से अभी गुप्त रखा गया है। तेहरान से लेकर मशहद तक सुरक्षा एजेंसियां ‘हाई अलर्ट’ पर हैं। लाखों की संख्या में लोगों के जुटने की संभावना को देखते हुए भीड़ नियंत्रण और हवाई सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतजाम किए जा रहे हैं।
Ayatollah Ali Khamenei Funeral: Where will the funeral of Ayatollah Ali Khamenei be held? Read full details here on whether foreign heads of state will attend and according to which Shia religious traditions the final farewell will be given.
Arjun To Marry His Fiancee Saaniya: क्रिकेट के भगवान कहे जाने वाले सचिन तेंदुलकर के घर इन दिनों खुशियों का माहौल है। सचिन के बेटे अर्जुन तेंदुलकर अपनी मंगेतर सानिया चंडोक के साथ 5 मार्च को सात फेरे लेने के लिए तैयार हैं। सोशल मीडिया पर इस जोड़ी की मेहंदी सेरेमनी के वीडियो वायरल होने के बाद अब फैंस के बीच इस कपल की उम्र और उनकी प्रेम कहानी को लेकर काफी चर्चा हो रही है।
दोनों की उम्र में है कितना फासला (Arjun To Marry His Fiancee Saaniya)
अक्सर सेलिब्रिटी शादियों में उम्र के अंतर को लेकर काफी उत्सुकता रहती है। उपलब्ध रिपोर्ट्स के अनुसार अर्जुन तेंदुलकर का जन्म 24 सितंबर 1999 को हुआ था और वर्तमान में उनकी उम्र 25 वर्ष है। वहीं, उनकी होने वाली पत्नी सानिया चंडोक का जन्म 23 जून 1998 को हुआ था। इस लिहाज से सानिया, अर्जुन से लगभग एक साल बड़ी हैं। आज के आधुनिक दौर में उम्र का यह मामूली अंतर इस जोड़ी की परिपक्वता और आपसी समझ को और भी खास बनाता है।
प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति को विशेष निमंत्रण
तेंदुलकर परिवार ने इस विवाह समारोह को बेहद गरिमामय बनाया है। फरवरी के महीने में सचिन तेंदुलकर ने स्वयं सोशल मीडिया के जरिए इस बात की पुष्टि की थी कि उन्होंने देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात कर उन्हें शादी का निमंत्रण दिया है। सचिन ने प्रधानमंत्री मोदी के साथ एक तस्वीर शेयर करते हुए युवा जोड़े को मिलने वाले उनके आशीर्वाद और बहुमूल्य सलाह के लिए आभार व्यक्त किया था।
कितनी पढ़ी-लिखी हैं सानिया
सानिया की शुरुआती पढ़ाई मुंबई के सबसे प्रतिष्ठित स्कूलों में हुई, जिसके बाद उन्होंने उच्च शिक्षा के लिए विदेश का रुख किया। उन्होंने दुनिया के सबसे बेहतरीन संस्थानों में शुमार लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स (LSE) से ‘बिजनेस मैनेजमेंट’ में ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल की है। दिग्गज व्यवसायी रवि घई की पोती होने के नाते सानिया के पास बिजनेस की विरासत तो है ही, लेकिन उनकी शिक्षा (LSE) और वेटरनरी साइंस में उनकी रुचि उन्हें एक आधुनिक और ‘मल्टी-टैलेंटेड’ पर्सनैलिटी बनाती है।
अर्जुन और सानिया के प्री-वेडिंग कार्यक्रमों की शुरुआत गुजरात के जामनगर में एक भव्य पूजा समारोह के साथ हुई थी। गौरतलब है कि जामनगर वही स्थान है जहां दो साल पहले अनंत अंबानी और राधिका मर्चेंट का विवाह संपन्न हुआ था। अर्जुन के लिए इस विशेष पूजा की मेजबानी अंबानी परिवार द्वारा की गई, जिसमें मुकेश अंबानी और नीता अंबानी सहित पूरा परिवार मौजूद रहा।
Petrol Crisis in India: मिडिल ईस्ट में इजराइल और ईरान के बीच गहराते युद्ध के संकट ने अब भारत के स्थानीय बाजारों में भी हलचल पैदा कर दी है। महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर (औरंगाबाद) में रविवार को अचानक यह अफवाह फैल गई कि युद्ध के कारण कच्चे तेल की सप्लाई रुक सकती है और पेट्रोल-डीजल की किल्लत होने वाली है।
इस खबर के जंगल की आग की तरह फैलते ही शहर के पेट्रोल पंपों पर भारी भीड़ उमड़ पड़ी। दोपहिया और चारपहिया वाहनों के मालिकों में इस कदर घबराहट दिखी कि लोग देर रात तक फ्यूल भरवाने के लिए लाइनों में खड़े रहे। दरअसल, रविवार की छुट्टी और धूलभरी आंधी के कारण कुछ इलाकों में टैंकर पहुंचने में देरी हुई थी, जिसे लोगों ने सप्लाई की बंदी मान लिया और पैनिक बाइंग शुरू कर दी।
अफवाह ने बढ़ाई शहर की धड़कन, पुलिस को संभालनी पड़ी कमान
जैसे ही पेट्रोल की कमी की खबर सोशल मीडिया और स्थानीय स्तर पर चर्चा का विषय बनी, शहर के लगभग हर पेट्रोल पंप पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। कई प्रमुख चौराहों और पंपों के बाहर वाहनों की लंबी लाइनों की वजह से ट्रैफिक जाम की स्थिति पैदा हो गई। हालात को बिगड़ते देख प्रशासन ने तुरंत एक्शन लिया और कई स्थानों पर व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल को तैनात करना पड़ा।
स्थानीय रिपोर्ट्स के अनुसार, रविवार का दिन होने और इलाके में चली धूलभरी आंधी की वजह से ईंधन के टैंकरों की आवाजाही में कुछ समय का विलंब हुआ था। इस दौरान कुछ पेट्रोल पंपों पर स्टॉक कम होने के कारण उन्हें अस्थायी रूप से बंद करना पड़ा। इसी स्थिति को लोगों ने गलत समझा और इसे इजराइल-ईरान तनाव से जोड़कर पेट्रोल खत्म होने की अफवाह फैला दी।
🚨 Chhatrapati Sambhajinagar | Rush at Petrol Pumps Amid Israel–Iran Tensions Amid rising tensions between Israel and Iran, fears of a possible fuel price hike have led to long queues at petrol pumps in Chhatrapati Sambhajinagar.
बढ़ती भीड़ और अफवाहों को शांत करने के लिए पेट्रोल पंप डीलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष अखिल अब्बास ने मोर्चा संभाला। उन्होंने जनता को आश्वस्त करते हुए कहा, “शहर में पेट्रोल और डीजल का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है। तेल की सप्लाई रुकने या कीमतों में अचानक बढ़ोतरी को लेकर कोई भी आधिकारिक सूचना नहीं है। नागरिक अफवाहों पर बिल्कुल भी ध्यान न दें और पैनिक बाइंग (घबराहट में खरीदारी) से बचें।”
प्रशासन ने की शांति बनाए रखने की अपील
महाराष्ट्र प्रशासन और जिला अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि ईंधन की उपलब्धता सामान्य बनी हुई है। अधिकारियों ने नागरिकों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर चल रही अपुष्ट खबरों को फॉरवर्ड न करें। प्रशासन स्थिति पर पैनी नजर रख रहा है और टैंकरों की आवाजाही को सुचारू बनाया जा रहा है ताकि किसी भी पंप पर फ्यूल की कमी न हो।
Mumbai Gold Silver Rate Today: पूरा देश होली की मस्ती में चूर है, चारों ओर उमंग, जोश और खुशियां हैं लेकिन सोने के भाव ने आज सभी को हैरानी में डाल दिया है क्योंकि इसने रफ्तार पकड़ ली ही है। बुधवार को मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सोने के वायदा भाव में 1.42% की तेजी आई जिसके बाद रेट 1,63,402 रुपये प्रति 10 ग्राम हो गया।
तो वहीं गुडरिटर्नस के मुताबिक भारत में 24 कैरेट सोने का भाव 1,67,760 रुपये प्रति 10 ग्राम हो गया।चलिए जानते हैं मायानगरी मुंबई में सोना-चांदी आज का रेट आज कहां पहुंचा है।
Gold Rate Today in Hindi: आज का सोने का भाव इस प्रकार है (IBJA के मुताबिक )
Silver Rate Today 4 March 2026 Wednesday :चांदी का भाव आज का
4 मार्च को मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर चांदी का भाव बढ़ा है , इसके रेॉट में 3.79% में वृद्धि हुई है और इसका भाव 2,68,274 रुपये किलो हो गया। गुडरिटर्न्स की रिपोर्ट के मुताबिक चांदी र 2,95,000 रुपये किलो पर है। मुंबई में चांदी का रेट लगभग ₹2,950 प्रति 10 ग्राम है।
Mumbai Silver Rate: मुंबई में आज चांदी का रेट
प्रति 10 ग्राम कीमत: ₹2,950
प्रति 100 ग्राम कीमत: ₹29,500
प्रति किलोग्राम कीमत: ₹2,95,000
अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच बढ़े तनाव ने वैश्विक बाज़ार में अनिश्चितता (Geopolitical Risk) पैदा कर दी है। निवेशक अस्थिर समय में सुरक्षित निवेश जैसे सोना और चांदी में पैसा लगाते हैं। हालांकि एक्सपर्ट का कहना है कि मार्केट में नजर रखें और निवेशक सोच समझकर निवेश करें।
डिस्क्लेमर: बताए गए विचार और सुझाव सिर्फ़ अलग-अलग एनालिस्ट या एंटिटी के हैं, वनइंडिया हिंदी किसी भी तरह के कोई निवेश सलाह नहीं देता है देता हैं और ना ही सिक्योरिटीज़ की खरीद या बिक्री के लिए कहता है। सारी जानकारी सिर्फ़ जानकारी देने और एजुकेशनल मकसद के लिए दी गई है और कोई भी निवेश का फ़ैसला लेने से पहले लाइसेंस वाले फ़ाइनेंशियल एडवाइज़र से इसे अलग से वेरिफ़ाई कर लेना चाहिए।
fantastic trip to Sri Lanka with Madhuri dixit: क्या आप इस बार गर्मियों की छुट्टियों में या हाल-फिलहाल भारत से कहीं बाहर किसी देश घूमने जाने की प्लानिंग बना रहे हैं? कोई ऐसा देश जो बहुत दूर भी न हो और खूबसूरत भी बेहद हो, तो आप श्रीलंका घूमकर आएं. जी हां, भारत से बेहद नजदीक है ये छोटा सा द्वीपीय देश. श्रीलंका चारों तरफ समंदर से घिरा हुआ है. इस देश की दूरी भारत से सिर्फ 31 किलोमीटर है. दक्षिण भारत के मदुरै से कोलंबो (श्रीलंका) आप फ्लाइट लेकर पहुंच सकते हैं. अगर आपको लग रहा है कि श्रीलंका जाकर कहीं पैसे ना बर्बाद हो जाएं या आपको इस देश की खूबसूरती के बारे में बिल्कुल भी आइडिया नहीं है तो फिर आप बॉलीवुड एक्ट्रेस माधुरी दीक्षित का ये वीडियो जरूर देखें. माधुरी दीक्षित अपने परिवार के साथ श्रीलंका घूमने जा चुकी हैं और वहां के खूबसूरत पलों, पहाड़ों, वादियों, देखने लायक टूरिस्ट प्लेसेज के वीडियो अपने यूट्यूब चैनल Madhuri Dixit Nene पर भी शेयर किए हैं. इसमें माधुरी दीक्षित यहां की खूबसूरती, पर्यटक स्थलों के बारे में बता रही हैं. तो श्रीलंका जाने से पहले एक बार माधुरी दीक्षित का ये वीडियो जरूर देखें.