अदाणी पावर ने बुधवार को अपनी पहली तिमाही के वित्तीय नतीजे घोषित किए हैं। कंपनी ने एकीकृत शुद्ध लाभ में 42 फीसदी की शानदार वृद्धि दर्ज की है। इसके साथ ही कंपनी के निदेशक मंडल ने 15,000 करोड़ रुपये की पूंजी जुटाने की योजना को भी मंजूरी दे दी है।
यह वृद्धि कंपनी के मजबूत परिचालन प्रदर्शन को दर्शाती है। पिछले साल की समान अवधि की तुलना में इस बार कंपनी का मुनाफा काफी बढ़ा है। परिचालन से प्राप्त राजस्व में भी उल्लेखनीय बढ़ोतरी हुई है। यह कदम कंपनी के भविष्य के विस्तार और विकास योजनाओं के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
अदाणी पावर का मुनाफा कितना बढ़ा?
अदाणी पावर ने चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में 4,806 करोड़ रुपये का एकीकृत शुद्ध लाभ कमाया है। यह पिछले साल की इसी तिमाही के 3,385 करोड़ रुपये के मुकाबले 42 फीसदी अधिक है। कंपनी के परिचालन से राजस्व भी 34 फीसदी बढ़कर 18,902 करोड़ रुपये पर पहुंच गया है। यह आंकड़े कंपनी की मजबूत वित्तीय स्थिति को दर्शाते हैं।
कंपनी कैसे जुटाएगी 15,000 करोड़ रुपये?
कंपनी के निदेशक मंडल ने 15,000 करोड़ रुपये तक की पूंजी जुटाने की योजना को मंजूरी दी है। यह पूंजी इक्विटी शेयर जारी करके जुटाई जाएगी। इसके लिए क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल प्लेसमेंट (क्यूआईपी) या अन्य माध्यमों का उपयोग किया जाएगा। इस राशि का उपयोग कंपनी के विभिन्न विकास और विस्तार परियोजनाओं में किया जाएगा।
नेस्ले इंडिया का जून तिमाही में मुनाफा 48.26 फीसदी बढ़ा
एफएमसीजी प्रमुख नेस्ले इंडिया ने बुधवार को जून तिमाही के वित्तीय परिणाम जारी किए। कंपनी का शुद्ध लाभ 48.26 फीसदी बढ़कर 958.68 करोड़ रुपये हो गया है। यह वृद्धि मजबूत बिक्री वृद्धि के कारण हुई। पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में कंपनी का शुद्ध लाभ 646.59 करोड़ रुपये था। उत्पादों की बिक्री से राजस्व 25.4 फीसदी बढ़कर 6,363.27 करोड़ रुपये रहा। अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक मनीष तिवाड़ी ने बताया कि उपभोक्ता विश्वास और बेहतर निष्पादन से बिक्री में वृद्धि हुई। निर्यात में 35.6 फीसदी की वृद्धि दर्ज की गई। कंपनी की कुल आय 25.5 फीसदी बढ़कर 6,400.65 करोड़ रुपये हो गई। घरेलू बिक्री भी 25 फीसदी बढ़कर 6,073.05 करोड़ रुपये पर पहुंच गई।



