भारतीय रेल खानपान एवं पर्यटन निगम (आईआरसीटीसी) ने साल 2025-26 के दौरान टिकट बुकिंग प्रणाली में पारदर्शिता बनाए रखने और साइबर धोखाधड़ी पर अंकुश लगाने के लिए बड़े पैमाने पर कार्रवाई की। आईआरसीटीसी ने 3.03 करोड़ संदिग्ध यूजर आईडी को निष्क्रिय किया, ताकि वास्तविक यात्रियों को टिकट बुकिंग में निष्पक्ष अवसर मिल सके।
आईआरसीटीसी ने बताया कि कानून प्रवर्तन एजेंसियों के सहयोग से राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर 4.18 लाख संदिग्ध पीएनआर से जुड़े 501 शिकायतें दर्ज कराई गईं। इसके अलावा 6.05 करोड़ संदिग्ध यूजर आईडी को सत्यापन प्रक्रिया के लिए चिह्नित किया गया। फर्जी डिजिटल पहचान पर कार्रवाई करते हुए 13,343 संदिग्ध ईमेल डोमेन भी ब्लॉक किए गए।
आईआरसीटीसी ने बताया कि तत्काल जैसी उच्च मांग वाली बुकिंग अवधि में धोखाधड़ी रोकने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और मशीन लर्निंग (एमएल) तकनीक का उपयोग किया जा रहा है। इसके जरिये बल्क बुकिंग करने वाले एजेंटों और अस्थायी ईमेल आईडी का इस्तेमाल करने वाले खातों की पहचान कर उन्हें निष्क्रिय किया जाता है।
ऑनलाइन बुकिंग में नया रिकॉर्ड
साल 2025-26 में ऑनलाइन टिकट बुकिंग के क्षेत्र में भी आईआरसीटीसी ने नए रिकॉर्ड बनाए। इस दौरान प्रतिदिन औसतन 14.53 लाख टिकट बुक हुए, जबकि 2024-25 में यह आंकड़ा 13.88 लाख था। 16 अगस्त 2025 को सुबह 10.02 बजे एक मिनट में रिकॉर्ड 37,410 टिकट बुक हुए, जबकि 19 अगस्त 2025 को एक दिन में सर्वाधिक 18.40 लाख टिकटों की बुकिंग दर्ज की गई।



