गुजरात के सुरेंद्रनगर में सोमवार सुबह लखतर-विरामगाम नेशनल हाईवे पर एक ट्रक ने पैदल चल रहे श्रद्धालुओं को कुचल दिया। हादसे में 7 लोगों की मौत हो गई, जबकि चार घायल हो गए। घायलों को सुरेंद्रनगर के अलग-अलग हॉस्पिटल में एडमिट करवाया गया है। घायलों की हालत भी गंभीर बनी हुई है। राजकोट से बहुचराजी माता मंदिर जा रहे थे
लखतर पुलिस इंस्पेक्टर योगेश पटेल ने बताया कि घटना लखतर-विरामगाम हाईवे पर रात करीब रात करीब 1:30 बजे हुई। तीर्थयात्रियों का एक ग्रुप पैदल राजकोट से बहुचराजी माता मंदिर जा रहा था। तभी पीछे से आ रहे एक ट्रक ने सभी को कुचल दिया। हादसे में छह तीर्थयात्रियों और सड़क किनारे खड़े एक डंपर के ड्राइवर की मौत हो गई। मृतकों में 5 पुरुष और 2 महिलाएं शामिल हैं। फरार ट्रक ड्राइवर गिरफ्तार
हादसे के बाद ट्रक चालक मौके से फरार हो गया था, जिसे गिरफ्तार कर लिया गया है। एक श्रद्धालु ने बताया- राजकोट के दत्ता गांव से ठाकर के दर्शन करने के बाद हम लोग राजबाई मानी का झंडा फहराने के लिए विरामगाम जा रहे थे। सभी लोग सड़क किनारे चल रहे थे। तभी लखतर-विरामगाम हाईवे पर फुल स्पीड में आ रहे एक ट्रक ने पीछे श्रद्धालुओं को कुचल दिया। हादसे की 5 तस्वीरें… प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हादसे पर शोक जताते हुए ट्विटर हैंडल X पर लिखा- गुजरात के सुरेंद्रनगर जिले में हुआ हादसा बेहद दुखद है। जिन लोगों ने अपने प्रियजनों को खोया है, उनके प्रति संवेदनाएं। घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं। ગુજરાતના સુરેન્દ્રનગર જિલ્લામાં થયેલી દુર્ઘટના ખૂબ જ દુઃખદ છે. જે લોકોએ પોતાના પ્રિયજનો ગુમાવ્યા છે તેમના પ્રત્યે હૃદયપૂર્વક સંવેદના. ઘાયલોના ઝડપી સ્વસ્થ થવા માટે પ્રાર્થના: પ્રધાનમંત્રી@narendramodi— PMO India (@PMOIndia) April 13, 2026
हादसे से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… वृंदावन हादसा-नाव पर ढोलक बजा रहे युवक की लाश मिली:युवती का शव भी उतराकर बाहर आया; अब तक 15 की मौत, एक लापता मथुरा के वृंदावन में नाव हादसे के बाद सोमवार को चौथे दिन भी सर्च ऑपरेशन चल रहा है। सुबह 8 बजे यमुना नदी में 2 लाशें मिलीं। हादसे वाली जगह से 12 किलोमीटर दूर बंगाली घाट से एक महिला और देवरा बाबा आश्रम के पास से एक युवक की लाश बरामद हुई। पूरी खबर पढ़ें…
Source link
गुजरात में ट्रक ने श्रद्धालुओं को कुचला, 7 की मौत: राजकोट से सभी लोग पैदल बहुचराजी माता मंदिर जा रहे थे, 4 घायलों की हालत भी गंभीर
JAL Insolvency Row: जेपी एसोसिएट्स के लिए वेदांता की याचिका पर NCLAT में टली सुनवाई, जानिए पूरा मामला
कर्ज में डूबी जेपी एसोसिएट्स लिमिटेड (जेएएल) के अधिग्रहण को लेकर देश के दो बड़े कॉर्पोरेट घरानों के बीच कानूनी खींचतान जारी है। सोमवार को राष्ट्रीय कंपनी विधि अपीलीय न्यायाधिकरण (एनसीएलएटी) ने खनन दिग्गज वेदांता समूह की उस याचिका पर सुनवाई टाल दी, जिसमें जेपी एसोसिएट्स के लिए अडानी एंटरप्राइजेज की बोली के चयन को चुनौती दी गई थी। बेंच के एक सदस्य की अनुपस्थिति के कारण पीठ की संरचना में बदलाव हुआ, जिसके चलते न्यायाधिकरण को यह सुनवाई स्थगित करनी पड़ी।
अदाणी की 14,535 करोड़ रुपये की बोली और विवाद
यह पूरा विवाद जेपी एसोसिएट्स की दिवाला प्रक्रिया से जुड़ा है। इलाहाबाद स्थित राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) ने 17 मार्च को एक आदेश पारित करते हुए जेएएल के अधिग्रहण के लिए अडानी एंटरप्राइजेज लिमिटेड की 14,535 करोड़ रुपये की समाधान योजना को मंजूरी दी थी। अनिल अग्रवाल के नेतृत्व वाले वेदांता समूह ने एनसीएलटी के इस फैसले का विरोध करते हुए एनसीएलएटी के समक्ष दो अलग-अलग याचिकाएं दायर की हैं। अपनी अपीलों के माध्यम से वेदांता ने अधिग्रहण के लिए अदाणी समूह की बोली के चयन पर सवाल उठाए हैं।
न्यायाधिकरण और सुप्रीम कोर्ट का रुख
कानूनी मोर्चे पर वेदांता को शुरुआती स्तर पर कोई त्वरित राहत नहीं मिली है। एनसीएलएटी ने 24 मार्च को अपने फैसले में एनसीएलटी द्वारा पारित आदेश पर किसी भी प्रकार की अंतरिम रोक लगाने से साफ इनकार कर दिया था। अपीलीय न्यायाधिकरण के इस अंतरिम आदेश को बाद में देश के सर्वोच्च न्यायालय में चुनौती दी गई, लेकिन शीर्ष अदालत ने भी अधिग्रहण की प्रक्रिया पर रोक लगाने से मना कर दिया। हालांकि, सुप्रीम कोर्ट ने मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए यह सख्त निर्देश दिया है कि यदि अधिग्रहण से जुड़ी निगरानी समिति कोई भी बड़ा नीतिगत निर्णय लेना चाहती है, तो उसे सबसे पहले न्यायाधिकरण की मंजूरी प्राप्त करनी होगी।
भविष्य का दृष्टिकोण
इस दिवाला प्रक्रिया का अंतिम निर्णय अभी कानूनी कसौटी पर है। एनसीएलएटी जल्द ही इस मामले की अगली सुनवाई की तारीख निर्धारित करेगा। हालांकि अदाणी एंटरप्राइजेज को अधिग्रहण की मंजूरी मिल चुकी है, लेकिन न्यायाधिकरण ने स्पष्ट किया है कि जेपी एसोसिएट्स की यह समाधान योजना वेदांता समूह की ओर से दायर अपीलों के अंतिम परिणाम के अधीन रहेगी। बाजार और निवेशकों की नजर अब अपीलीय न्यायाधिकरण के अंतिम फैसले पर टिकी हुई है।
गुजरात में ट्रक ने श्रद्धालुओं को कुचला, 7 की मौत: राजकोट से सभी लोग पैदल बहुचराजी माता मंदिर जा रहे थे, 4 घायलों की हालत भी गंभीर
गुजरात के सुरेंद्रनगर में सोमवार सुबह लखतर-विरामगाम नेशनल हाईवे पर एक ट्रक ने पैदल चल रहे श्रद्धालुओं को कुचल दिया। हादसे में 7 लोगों की मौत हो गई, जबकि चार घायल हो गए। घायलों को सुरेंद्रनगर के अलग-अलग हॉस्पिटल में एडमिट करवाया गया है। घायलों की हालत भी गंभीर बनी हुई है। राजकोट से बहुचराजी माता मंदिर जा रहे थे
लखतर पुलिस इंस्पेक्टर योगेश पटेल ने बताया कि घटना लखतर-विरामगाम हाईवे पर रात करीब रात करीब 1:30 बजे हुई। तीर्थयात्रियों का एक ग्रुप पैदल राजकोट से बहुचराजी माता मंदिर जा रहा था। तभी पीछे से आ रहे एक ट्रक ने सभी को कुचल दिया। हादसे में छह तीर्थयात्रियों और सड़क किनारे खड़े एक डंपर के ड्राइवर की मौत हो गई। मृतकों में 5 पुरुष और 2 महिलाएं शामिल हैं। फरार ट्रक ड्राइवर गिरफ्तार
हादसे के बाद ट्रक चालक मौके से फरार हो गया था, जिसे गिरफ्तार कर लिया गया है। एक श्रद्धालु ने बताया- राजकोट के दत्ता गांव से ठाकर के दर्शन करने के बाद हम लोग राजबाई मानी का झंडा फहराने के लिए विरामगाम जा रहे थे। सभी लोग सड़क किनारे चल रहे थे। तभी लखतर-विरामगाम हाईवे पर फुल स्पीड में आ रहे एक ट्रक ने पीछे श्रद्धालुओं को कुचल दिया। हादसे की 5 तस्वीरें… हादसे से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… वृंदावन हादसा-नाव पर ढोलक बजा रहे युवक की लाश मिली:युवती का शव भी उतराकर बाहर आया; अब तक 15 की मौत, एक लापता मथुरा के वृंदावन में नाव हादसे के बाद सोमवार को चौथे दिन भी सर्च ऑपरेशन चल रहा है। सुबह 8 बजे यमुना नदी में 2 लाशें मिलीं। हादसे वाली जगह से 12 किलोमीटर दूर बंगाली घाट से एक महिला और देवरा बाबा आश्रम के पास से एक युवक की लाश बरामद हुई। पूरी खबर पढ़ें…
Source link
Bombay High Court: घरेलू विवाद में बॉम्बे हाई कोर्ट की अहम टिप्पणी, ‘पत्नी को किचन में जाने से रोकना क्रूरता’
Maharashtra
oi-Smita Mugdha
Bombay High Court: बॉम्बे हाई कोर्ट की नागपुर बेंच ने पति-पत्नी विवाद से जुड़े एक अहम मामले में महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि पत्नी को ससुराल के किचन में जाने से रोकना भारतीय दंड संहिता की धारा 498A के तहत मानसिक क्रूरता की श्रेणी में आ सकता है। जस्टिस उर्मिला जोशी फलके की एकल पीठ ने यह निर्णय सुनाते हुए पति के खिलाफ दर्ज एफआईआर (FIR) को रद्द करने से इनकार कर दिया। सास को इस मामले में राहत देते हुए उनके खिलाफ कार्रवाई रद्द कर दी।
यह मामला अकोला की एक महिला द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत से जुड़ा है। महिला ने बताया कि उसकी शादी 29 नवंबर 2022 को हुई थी, जिसके बाद उसे लगातार मानसिक उत्पीड़न का सामना करना पड़ा। शिकायत के अनुसार, पति उसे किचन में जाने से रोकता था और बाहर से खाना लाने के लिए मजबूर करता था। इसके अलावा, उसके आने-जाने पर पाबंदी लगाई जाती थी और उसे मायके जाने से भी रोका जाता था।

Bombay High Court: तलाक से जुड़े मामले में कोर्ट की टिप्पणी
महिला ने यह भी आरोप लगाया कि उसे अपमानित किया गया, उसका सामान घर से बाहर फेंक दिया गया और उस पर तलाक लेने का दबाव बनाया गया। पति की ओर से दलील दी गई कि यह FIR उसकी तलाक याचिका के जवाब में दर्ज कराई गई है और इसमें लगाए गए आरोप सामान्य व आधारहीन हैं। हालांकि, अभियोजन पक्ष और शिकायतकर्ता ने इस दलील का विरोध करते हुए कहा कि आरोप स्पष्ट रूप से मानसिक क्रूरता को दर्शाते हैं।
High Court ने मानसिक क्रूरता की बात मानी
कोर्ट ने अभियोजन की दलीलों से सहमति जताते हुए कहा कि पति के खिलाफ लगाए गए आरोप विशिष्ट और विश्वसनीय हैं, जो प्रथम दृष्टया मानसिक क्रूरता का मामला बनाते हैं। कोर्ट ने यह भी कहा कि इस तरह का व्यवहार महिला के मानसिक स्वास्थ्य को गंभीर रूप से प्रभावित कर सकता है।
Mental Cruelty पर जस्टिस उर्मिला ने की टिप्पणी
सास के खिलाफ लगाए गए आरोपों पर जस्टिस उर्मिला जोशी फलके ने कहा कि ये सामान्य, अस्पष्ट और बिना ठोस आधार के पाया। इस आधार पर सास के खिलाफ दर्ज FIR और उससे संबंधित कानूनी कार्रवाई को रद्द कर दिया गया। कोर्ट ने अपने फैसले में दोहराया कि धारा 498A के तहत क्रूरता में कोई भी ऐसा जानबूझकर किया गया कृत्य शामिल होता है, जिससे महिला को मानसिक या शारीरिक नुकसान पहुंचे या उसे आत्महत्या के लिए मजबूर किया जा सके। घरेलू हिंसा और वैवाहिक विवादों से जुड़े मामलों में हाई कोर्ट की टिप्पणी बेहद महत्वपूर्ण है।
Asha Bhosle Last Dance: आशा भोसले का आखिरी डांस वीडियो वायरल, 91 की उम्र में स्टेज पर ऐसे लगाए थे ठुमके
Entertainment
oi-Purnima Acharya
Asha Bhosle Last Dance: भारतीय संगीत जगत की महान गायिका आशा भोसले के निधन ने पूरे देश को गहरे शोक में डुबो दिया है। 92 साल की उम्र में उन्होंने दुनिया को अलविदा कह दिया लेकिन उनकी जादुई आवाज और बेमिसाल अंदाज हमेशा लोगों के दिलों में जिंदा रहेंगे। छह दशकों से भी ज्यादा लंबे करियर में उन्होंने हर तरह के गीत गाकर खुद को हर पीढ़ी की पसंद बनाया।
आशा भोसले का आखिरी स्टेज परफॉर्मेंस
इसी बीच आशा भोसले के आखिरी स्टेज परफॉर्मेंस का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसे देखकर फैंस भावुक हो रहे हैं और उनकी एनर्जी को सलाम भी कर रहे हैं।

91 की उम्र में ‘तौबा तौबा’ गाने पर किया था जबर डांस
-आशा भोसले ने अपना आखिरी बड़ा कॉन्सर्ट 29 दिसंबर 2024 को दुबई में किया था। इस शो का नाम आशा भोसले एंड सोनू निगम लिगेसी कॉन्सर्ट था, जिसमें दोनों दिग्गज कलाकारों ने स्टेज शेयर किया था।
-इस दौरान एक ऐसा पल आया जिसने हर किसी को चौंका दिया। 91 साल की उम्र में आशा भोसले ने विक्की कौशल के मशहूर गाने ‘तौबा तौबा’ पर अचानक डांस करना शुरू कर दिया। उन्होंने विक्की कौशल के वायरल डांस स्टेप्स को दोहराया, जिसे देखकर वहां मौजूद दर्शक झूम उठे। ये वीडियो अब इंटरनेट पर छाया हुआ है और लोग उनकी एनर्जी और जिंदादिली की जमकर तारीफ कर रहे हैं।
नई पीढ़ी के कलाकार भी हुए प्रभावित
इस वीडियो को देखकर सिंगर करण औजला भी खुद को रोक नहीं पाए थे। उन्होंने इस पल को अपने लिए बेहद खास बताया था और कहा था कि इतनी बड़ी लेजेंड को उनके गाने पर परफॉर्म करते देखना उनके लिए गर्व की बात है। ये घटना बताती है कि आशा भोसले सिर्फ अपने दौर की नहीं बल्कि हर पीढ़ी की प्रेरणा थीं।
हर दौर की आवाज बनी थीं आशा भोसले
आशा भोसले ने अपने करियर में हर तरह के संगीत को अपनाया था। चाहे बॉलीवुड हो, गजल, पॉप या क्षेत्रीय भाषाएं, हर शैली में उन्होंने अपनी अलग पहचान बनाई। दम मारो दम, पिया तू अब तो आजा, आओ न गले लग जाओ न और इन आंखों की मस्ती में जैसे गाने आज भी लोगों की जुबान पर हैं। उनकी बहुमुखी प्रतिभा ने उन्हें संगीत की दुनिया में एक अलग मुकाम दिया है।
आज होगा अंतिम संस्कार, फैंस दे रहे नम आंखों से विदाई
आशा भोसले के निधन के बाद पूरे देश में शोक की लहर है। उनके बेटे आनंद भोसले ने जानकारी दी है कि आजा यानी 13 अप्रैल 2026 को मुंबई के शिवाजी पार्क में उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।
हमेशा जिंदा रहेगा सुरों का जादू
आशा भोसले सिर्फ एक नाम नहीं बल्कि संगीत की एक पूरी विरासत थीं। उनका आखिरी परफॉर्मेंस ये साबित करता है कि उम्र उनके जुनून के आगे कभी मायने नहीं रखी। आज भले ही वह हमारे बीच नहीं हैं लेकिन उनकी आवाज, उनका अंदाज और उनका संगीत हमेशा अमर रहेगा।
-

Asha Bhosle Funeral LIVE: राजकीय सम्मान के साथ होगा आशा ताई का अंतिम संस्कार, पढ़ें पल-पल के अपडेट्स
-

Best of Asha Bhosle: 500KM का सफर और आशा के गाने! क्यों भारतीय ड्राइवरों की पहली पसंद हैं ‘ताई’ के नगमे?
-

Asha Bhosle Timeline: 10 साल की बच्ची से सुरों की महारानी तक आशा भोसले की टाइमलाइन, जन्म से अंतिम सफर तक सबकुछ
-

Asha Bhosle Demise: सिंगिंग ही नहीं क्रिकेट की भी दीवानी थीं आशा ताई, इस क्रिकेटर को मानती थीं अपना बेटा
-

Asha Bhosle World Record: खुद की पहचान बचाने के लिए बदला अंदाज! फिर रच दिया संगीत का सबसे बड़ा इतिहास!
-

Asha Bhosle: कौन होगा आशा भोसले का उत्तराधिकारी? किसको मिलने वाली है अरबों की संपत्ति, दो नाम रेस में सबसे आगे
-

Asha Bhosle Top 10 Songs: आशा भोसले के वो 10 हिट गाने जिनको कभी नहीं भूलेगा देश, निधन पर रो रहा पूरा भारत
-

Asha Bhosle Last Post: ‘मैं विलीन हो जाऊंगी’, निधन से पहले ही आशा ताई ने लिख दिया था ‘आखिरी सच’
-

Anand Bhosle कौन हैं, क्या करते हैं? आशा भोसले के साथ हर पल साया बनकर रहते थे साथ
-

Asha Bhosle Emotional Story: दुखों के पहाड़ के बीच कैसे मुस्कुराती रहीं आशा भोसले? पढ़ें ताई की अनकही दास्तान
-

Asha Bhosle Movie: अभिनय की भी ‘माई’ थीं आशा भोसले, 79 की उम्र में इस मराठी फिल्म में मनवाया एक्टिंग का लोहा
-

Asha Bhosle Favorite Food: जब संगीत के साज छोड़ कढ़ाई थामती थीं आशा ताई, उनकी फेवरेट डिश जिसमें बसती थी जान
-

Asha Bhosle का 92 साल की उम्र में हुआ निधन, मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में दिग्गज सिंगर ने ली आखिरी सांस
-

Magnum Opus: अलविदा सुरों की जादूगरनी! जब आशा की आवाज़ ने खामोशी को भी संगीत बना दिया
-

Siraj Zanai Bhosle: क्या है सिराज और जनाई के बीच रिश्ता? आशा भोंसले के निधन के बाद छिड़ी बड़ी बहस!
Noida Labour Protest: नोएडा में सैलरी बढ़ोतरी की मांग पर भारी बवाल, सड़क पर उतरे कर्मचारियों का हिंसक प्रदर्शन
Uttar Pradesh
oi-Puja Yadav
Noida Phase 2 Labour Protest: उत्तर प्रदेश के नोएडा के फेज-2 इलाके में सोमवार, 13 अप्रैल को उस समय हालात बिगड़ गए, जब एक कंपनी के बड़ी संख्या में कर्मचारियों ने सैलरी बढ़ाने की मांग को लेकर प्रदर्शन शुरू कर दिया।
देखते ही देखते यह प्रदर्शन हिंसक हो गया और मौके पर तोड़फोड़, पथराव और आगजनी की घटनाएं सामने आईं। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, शुरुआत में कर्मचारियों ने शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगें रखीं, लेकिन कुछ ही देर में माहौल तनावपूर्ण हो गया।

गुस्साए प्रदर्शनकारियों ने सड़क पर खड़े वाहनों को निशाना बनाया, पुलिस की गाड़ियों के शीशे तोड़े और एक वाहन को आग के हवाले कर दिया।
Noida में क्यों हिंसक हुआ प्रदर्शन?
अब तक मिली जानकारी के मुताबिक, फेज-2 स्थित एक नामी कंपनी के कर्मचारी पिछले काफी समय से अपनी सैलरी बढ़ाने की मांग कर रहे थे। सोमवार सुबह बड़ी संख्या में कर्मचारी कंपनी के गेट पर इकट्ठा हुए। शुरुआत में यह प्रदर्शन शांतिपूर्ण था, लेकिन प्रबंधन के साथ बातचीत विफल होने और मांगों पर कोई ठोस आश्वासन न मिलने के कारण कर्मचारी भड़क गए।

हिंसा और आगजनी का रणक्षेत्र बना नोएडा फेज-2
देखते ही देखते प्रदर्शन ने हिंसक रूप ले लिया। उग्र भीड़ ने कंपनी परिसर और बाहर खड़ी संपत्तियों में तोड़फोड़ शुरू कर दी। प्रदर्शनकारियों ने सड़क पर खड़े वाहनों को निशाना बनाया। एक वाहन को पूरी तरह से आग के हवाले कर दिया गया, जिससे इलाके में काले धुएं का गुबार छा गया। जब पुलिस ने भीड़ को खदेड़ने की कोशिश की, तो कर्मचारियों की ओर से पुलिस बल पर जमकर पत्थरबाजी की गई जिसके कारण पुलिस की गाड़ी के शीशे टूट गए।
नोएडा में वेतन और कंपनी मालिकों की मनमानी के खिलाफ कर्मचारियों का विरोध प्रदर्शन, सड़कों पर लगा लंबा जाम#Noida #LaborLaws #OneindiaHindi pic.twitter.com/VogIne1hrv
— Oneindia Hindi (@oneindiaHindi) April 13, 2026 “>
इस हमले में कई वाहनों के शीशे टूट गए और सार्वजनिक संपत्ति को भारी नुकसान पहुंचा है। घटना की सूचना मिलते ही नोएडा पुलिस के आला अधिकारी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए पीएसी (PAC) की टुकड़ियों को भी बुलाया गया है। पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर किया है। एहतियात के तौर पर पूरे फेज-2 इलाके में गश्त बढ़ा दी गई है। हिंसा में शामिल लोगों की पहचान सीसीटीवी फुटेज के जरिए की जा रही है।
#WATCH | Uttar Pradesh: A vehicle torched during a protest by a large number of employees of a company over their demands for a salary increment, in Phase 2 of Noida. Heavy Police deployment made here to bring the situation under control. pic.twitter.com/a2athgYrTT
— ANI (@ANI) April 13, 2026 “>
प्रशासन की चेतावनी: दोषियों पर होगी सख्त कार्रवाई
नोएडा प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि लोकतांत्रिक तरीके से मांग रखना सबका अधिकार है, लेकिन कानून हाथ में लेने और सरकारी या निजी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस अब उन शरारती तत्वों की तलाश कर रही है जिन्होंने शांतिपूर्ण प्रदर्शन को हिंसा में बदल दिया। फिलहाल कंपनी के बाहर सन्नाटा पसरा हुआ है और सुरक्षा के कड़े इंतजाम हैं। कंपनी प्रबंधन की ओर से अभी तक इस हिंसा पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
मोदी महिलाओं से बोले- गृहस्थ नहीं, लेकिन जानता सब हूं: हमारी योजनाओं से औरतें आर्थिक रूप से ताकतवर बनीं
- Hindi News
- National
- PM Narendra Modi Update; Nari Shakti Vandan Sammelan | Women Reservation Bill
नई दिल्ली1 घंटे पहले
- कॉपी लिंक
पीएम मोदी ने सोमवार को दिल्ली के विज्ञान भवन में ‘नारी शक्ति वंदन सम्मेलन’ कार्यक्रम में संबोधन किया।
पीएम नरेंद्र मोदी ने सोमवार को महिला आरक्षण बिल पर कहा, ‘हमारे देश की संसद एक नया इतिहास रचने के करीब है। विधानसभाओं से लेकर संसद तक दशकों की प्रतीक्षा के अंत का समय आ गया है। इसलिए सरकार 16 से 18 अप्रैल तक संसद का स्पेशल सेशन लाई है।’
उन्होंने कहा, ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम महिलाओं के जीवन का बड़ा अवसर बनने जा रहा है। संसद तक पहुंचने का रास्ता आसान बनने जा रहा है। आज महिलाओं की भूमिका और भी अहम हो गई है। हमारी योजनाओं से औरतें आर्थिक रूप से ताकतवर बनीं। उन्होंने कहा कि मैं गृहस्थ नहीं हूं, लेकिन जानता सब हूं।’

दिल्ली के विज्ञान भवन में सोमवार को ‘नारी शक्ति वंदन सम्मेलन’ का आयोजन किया गया।
पीएम की स्पीच 7 पॉइंट्स में
- पीएम मोदी ने कहा, ‘हमारी सरकार महिलाओं के लिए कई योजनाएं लेकर हाजिर है। बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, मातृत्व योजना, जन्म के बाद सुकन्या समृद्धि योजना, सही समय पर टीके लगें इसके लिए मिशन इंद्र धनुष शुरू किया।’
- स्कूल में शौचालय की परेशानी न हो स्वच्छ भारत अभियान, मुफ्त सेनेटरी पैड, खेलों में सालाना 1 लाख की मदद, भविष्य में सेना में जाना चाहे तो सरकार ने सैनिक स्कूल के दरवाजे खोले। जीवन के आगे के पड़ाव में रसोई में धुएं की परेशानी से बचाने उज्जवला योजना, पानी के लिए हर घर नल, 5 लाख तक मुफ्त इलाज देने वाली आयुष्मान योजना। इन सबका सबसे ज्यादा लाभ हमारी बहनों और बेटियों को हो रहा है।
- 3 करोड़ से ज्यादा महिलाएं अपने घर की मालिक बनी हैं। आम तौर पर पिता और बेटा व्यापार की बात करते हैं न और मां आ जाए तो कहते हैं तुम जाओ। अब जब वो आर्थिक सशक्त हो गई हैं तो बेटा भी कहता है कि मां को बुलाइए न। उन्होंने कहा कि मैं गृहस्थ नहीं हूं, लेकिन जानता सब हूं।
- ‘भारत की सभी महिलाओं को एक नए युग के आगमन की बधाई भी देता हूं। लोकतांत्रिक संरचना में महिलाओं को आरक्षण देने की जरूरत दशकों से हर कोई महसूस कर रहा है।’
- ‘महिला आरक्षण बिल पर विमर्श को करीब चालीस साल बीत गए। इसमें सभी पार्टियों के और कितनी ही पीढ़ियों के प्रयास शामिल हैं। हर दल ने इस विचार को अपने अपने ढंग से आगे बढ़ाया है।’
- ‘2023 में जब यह अधिनियम आया था तब भी सभी दलों ने सर्व सम्मति से इसे पास कराया था। एक सुर में यह बात भी उठी थी कि इसे हर हाल में 2029 तक लागू हो जाना चाहिए।’
- ‘देश की महिलाएं अपने सांसदों से मिलें अपना पक्ष रखें अपेक्षाएं बताएं, जिस दिन वे सदन में आने के लिए निकलें तो फूल माला देकर उन्हें विदाई दीजिए, ताकि जब सांसद माता-बहनों का आशीर्वाद लेकर निकलेंगे न तो दूसरा निर्णय कर ही नहीं सकेंगे।’

संसद में 16 अप्रैल से विशेष सत्र भी होगा
महिलाओं के लिए आरक्षण को लागू करने के उद्देश्य से 16 अप्रैल को संसद का एक सत्र बुलाया जा रहा है। ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ ने महिलाओं के लिए आरक्षण को नई जनगणना और परिसीमन (सीमांकन) से जोड़ दिया था।
जनगणना में हुई देरी के चलते, अब 2011 की जनगणना के आंकड़ों के आधार पर ही आगे बढ़ने की योजना है। संशोधन के बाद लोकसभा सीटों की संख्या 543 से बढ़कर 816 हो सकती है।
नारी शक्ति वंदन अधिनियम में 2 बड़े संशोधन की प्लानिंग
सरकार ने दो बड़े संशोधनों की योजना बनाई है, जिसमें एक अलग परिसीमन विधेयक भी शामिल है। महिलाओं के लिए रिजर्वेशन तय करने के लिए इन दोनों विधेयकों को संवैधानिक संशोधन के तौर पर पारित किया जाना जरूरी है। मौजूदा स्थिति को बरकरार रखते हुए, OBC आरक्षण के लिए कोई प्रावधान नहीं किया गया है, जबकि SC/ST आरक्षण पहले की तरह ही जारी रहेगा।
———————–
ये खबर भी पढ़ें…
सोनिया गांधी का दावा- महिला आरक्षण नहीं, परिसीमन असली मुद्दा: पूछा- चुनाव प्रचार के बीच विशेष सत्र की क्या जरूरत

सोनिया गांधी ने सोमवार को महिला आरक्षण को लेकर सरकार की मंशा पर सवाल उठाए। उन्होंने द हिन्दू (अखबार) में लिखा कि पीएम विपक्षी दलों से उन बिलों का समर्थन करने की अपील कर रहे हैं, जिन्हें सरकार संसद के विशेष सत्र में जबरदस्ती पास कराना चाहती है। पढ़ें पूरी खबर…
हिमाचल में युवती का गला काटकर मर्डर, आरोपी गिरफ्तार: ग्रामीणों ने लाठी-डंडों से पिटाई की, नशे में वारदात, फांसी की मांग को लेकर चक्का-जाम – Mandi (Himachal Pradesh) News
हिमाचल प्रदेश के मंडी में सोमवार सुबह एक 19 वर्षीय युवती का दराट से गला और बाजू काटकर हत्या कर दी गई। घटना को अंजाम देने के बाद फरार आरोपी को पुलिस ने साढ़े तीन घंटे बाद गिरफ्तार किया। इससे पहले ग्रामीणों ने लाठी-डंडों से आरोपी की जमकर धुनाई की। पुलिस ने उसे घटनास्थल से करीब 2 किलोमीटर की दूरी पर ग्रामीणों की मदद से जंगल में पकड़ा। पुलिस ने मामला दर्ज कर आगामी कार्रवाई शुरू कर दी है। वहीं गुस्साएं ग्रामीणों ने देर शाम फांसी की मांग को लेकर चक्का जाम किया। लोग आरोपी को उनके सामने फांसी देने की मांग करते रहे। बताया जा रहा है कि आरोपी विकास पटियाल (36) नशे का आदि बताया जा रहा है। वह, सरकाघाट के गोपालपुर के पतयालग गांव का रहने वाला है। प्रारंभिक सूचना के अनुसार- आरोपी ने नशे में ही युवती का मर्डर कर डाला। अब तक की जांच में हत्या की कोई ठोस वजह सामने नहीं आई और सनक में मर्डर बताया जा रहा है। मंडी के गोपालपुर में मर्डर यह घटना मंडी जिले के सरकाघाट के गोपालपुर क्षेत्र की है। युवती सुबह के समय अपने घर से कॉलेज को निकली थी। रास्ते में विकास पटियाल ने उसकी हत्या कर दी और खुद मौके से फरार हो गया। मृतक युवती की पहचान 19 वर्षीय सिया गुलेरिया पुत्री जोगिंद्र कुमार गांव नैण सरकाघाट मंडी के तौर पर हुई है। वह बीकॉम सेकेंड ईयर की स्टूडेंट थी। घर से एक किलोमीटर दूरी पर मर्डर सिया गुलेरिया अपने घर से करीब एक किलोमीटर दूर ही पहुंची थी। इस दौरान रास्ते में सिया गुलेरिया पर आरोपी ने हमला कर दिया और दराट से गला व बाजू काट दी। इस घटना के बाद क्षेत्र में तनावपूर्ण माहौल है। ग्रामीण आरोपी को फांसी की सजा देने की मांग कर रहे हैं। हत्या के असल कारणों का अभी पता नहीं चल पाया वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपित फरार हो गया था। इसके बाद, पुलिस ने टीमें गठित की और आरोपी को सरकाघाट के जंगल में दबोचा लिया। गुस्साएं ग्रामीणों ने आरोपी को पीटने की कोशिश की। पुलिस ने मुश्किल से ग्रामीणों को समझाया और उचित कार्रवाई का भरोसा दिलाया। तब जाकर ग्रामीण शांत हुआ। पुलिस आरोपी को कल कोर्ट में पेश कर रिमांड की मांग करेगी। इसके बाद हत्या की असल वजह सामने आएगी। पुलिस-फॉरेंसिक टीम जांच में जुटी वहीं मंडी पुलिस को सुबह करीब साढ़े नौ बजे मर्डर की सूचना मिली। इसके बाद पुलिस टीम घटनास्थल पर पहुंची और शव को कब्जे में लिया। पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर साक्ष्य जुटा रही है। इसके बाद युवती का शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। पोस्टमार्टम के बाद युवती का शव परिजनों को सौंपा गया। आरोपी गिरफ्तार: SP SP मंडी विनोद कुमार ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस टीम मौके पर है और जांच में जुटी है। शव कब्जे में ले लिया गया है। उन्होंने आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात कही। युवती के परिजनों से मिलने पहुंचे नेता प्रतिपक्ष वहीं नेता प्रतिपक्ष ने जयराम ठाकुर दोपहर के वक्त मृतक युवती के परिजनों से मिलने पहुंचे और शोक संतप्त परिवार के प्रति गहरी संवेदनाएं व्यक्त की। सहयोगियों ने मोन रखा युवती की हत्या के बाद सरकाघाट कॉलेज में छात्रों ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए 2 मिनट का मोन रखा इस दौरान गुस्सा छात्रों ने प्रदर्शन भी किया।
Source link
Silver Rate Today: एक झटके में ₹5,129 सस्ती चांदी, खरीदारी का गोल्डन मौका! तुरंत चेक करें 13 अप्रैल के रेट
Business
oi-Pallavi Kumari
Silver Rate Today 13 April 2026: हफ्ते की शुरुआत ही चांदी निवेशकों के लिए बड़ी खबर लेकर आई है। 13 अप्रैल 2026 को बाजार खुलते ही चांदी की कीमतों में जबरदस्त गिरावट दर्ज की गई। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर चांदी का वायदा भाव 2.11% यानी 5,129 रुपये टूटकर 2,38,145 रुपये प्रति किलो पर आ गया। इससे पहले यह 2,43,274 रुपये प्रति किलो पर बंद हुई थी।
वैश्विक बाजार में भी कमजोरी दिखी। कॉमेक्स (COMEX) पर चांदी 3.29% गिरकर 74 डॉलर प्रति औंस के आसपास पहुंच गई। अमेरिका-ईरान वार्ता विफल रहने और डॉलर की मजबूती ने कीमतों पर दबाव बनाया है।

Silver Price in India: देश के बड़े शहरों में चांदी का ताजा भाव
| शहर | 10 ग्राम (₹) | 100 ग्राम (₹) | 1 किलो (₹) |
|---|---|---|---|
| दिल्ली | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| मुंबई | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| कोलकाता | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| चेन्नई | 2,600 | 26,000 | 2,60,000 |
| पटना | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| लखनऊ | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| मेरठ | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| अयोध्या | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| कानपुर | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| गाजियाबाद | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| नोएडा | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| गुरुग्राम | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| चंडीगढ़ | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| जयपुर | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| लुधियाना | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| गुवाहाटी | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| इंदौर | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| अहमदाबाद | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| वडोदरा | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| सूरत | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| पुणे | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| नागपुर | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| नासिक | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| बेंगलुरु | 2,550 | 25,500 | 2,55,000 |
| भुवनेश्वर | 2,600 | 26,000 | 2,60,000 |
| कटक | 2,600 | 26,000 | 2,60,000 |
| हैदराबाद | 2,600 | 26,000 | 2,60,000 |
अंतरराष्ट्रीय बाजार का असर: क्यों गिरी चांदी? (Why Silver Price Drop)
ग्लोबल मार्केट (COMEX) में चांदी की कीमतों में आज 3.29% की बड़ी गिरावट दर्ज की गई, जिससे यह $74 प्रति औंस के स्तर पर आ गई। घरेलू बाजार में MCX पर चांदी का वायदा भाव 2.11% लुढ़ककर ₹2,38,145 प्रति किलो पर पहुंच गया, जबकि पिछले कारोबारी दिन यह ₹2,43,274 पर बंद हुई थी।
याद दिला दें कि इसी साल 29 जनवरी को चांदी ₹4,20,048 के अपने ऑल-टाइम हाई पर थी, लेकिन अब यह अपने उच्चतम स्तर से काफी नीचे आ चुकी है। गुडरिटर्न्स के मुताबिक, कई शहरों में कीमतें ₹5,000 प्रति किलो तक कम हुई हैं।
भारत में कैसे तय होते हैं सोने-चांदी के दाम?
भारत में चांदी और सोने के दाम तय करने के पीछे कई कड़ियां जुड़ी होती हैं। मुख्य रूप से ‘लंदन बुलियन मार्केट’ के वैश्विक संकेतों और अमेरिकी डॉलर की मजबूती या कमजोरी को देखा जाता है। इसके अलावा, भारत अपनी चांदी की बड़ी खेप विदेशों से मंगवाता है, इसलिए ‘इम्पोर्ट ड्यूटी’ (आयात शुल्क) और डॉलर के मुकाबले रुपये की कीमत भी इसमें बड़ा रोल निभाती है। घरेलू बाजार में ‘इंडियन बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन’ (IBJA) हर सुबह और शाम को कीमतों का एक बेंचमार्क जारी करता है, जिसमें स्थानीय वेट (GST और मेकिंग चार्जेस) जोड़कर आपके शहर के सुनार अंतिम रेट तय करते हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
1. चांदी की कीमत अचानक क्यों गिर गई?
अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत के मोर्चे पर बदलाव और वैश्विक मांग में कमी के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में बिकवाली बढ़ी है, जिससे कीमतें गिरी हैं।
2. क्या यह चांदी खरीदने का सही समय है?
कीमतें अपने ऑल-टाइम हाई से काफी नीचे हैं और आज ₹5,000 से ज्यादा की गिरावट आई है, इसलिए लंबी अवधि के लिए खरीदारी का यह अच्छा मौका हो सकता है।
3. वायदा बाजार (MCX) और हाजिर बाजार के रेट अलग क्यों होते हैं?
वायदा बाजार भविष्य की डिलीवरी के सौदों पर आधारित होता है, जबकि हाजिर बाजार (Spot Market) में तुरंत लेनदेन होता है, जिसमें स्थानीय टैक्स और मांग का असर ज्यादा होता है।
4. इस साल चांदी का उच्चतम स्तर क्या रहा है?
29 जनवरी 2026 को चांदी ₹4,20,048 प्रति किलो के ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच गई थी।
Noida Labour Rules: 1O तारीख तक सैलरी, बोनस, दोगुना ओवरटाइम-नोएडा की कंपनियों को अल्टीमेटम, बदल गए लेबर नियम
Uttar Pradesh
oi-Kumari Sunidhi Raj
Noida Greater Noida New Labor Rules: उत्तर प्रदेश के सबसे बड़े औद्योगिक हब नोएडा और ग्रेटर नोएडा में पिछले कई दिनों से चल रहा मजदूरों का गतिरोध अब खत्म होता नजर आ रहा है। अपनी मांगों को लेकर सड़कों पर उतरे हजारों कर्मचारियों के कड़े विरोध और तीन दिनों तक चले लगातार प्रदर्शन के बाद, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के हस्तक्षेप पर प्रशासन ने ऐतिहासिक फैसला सुनाया है।
गौतम बुद्ध नगर जिला प्रशासन ने औद्योगिक इकाइयों के लिए नए और कड़े दिशा-निर्देश जारी किए हैं, जिनका उद्देश्य कंपनी मालिकों की मनमानी पर लगाम लगाना और श्रमिकों के अधिकारों की रक्षा करना है। इन नए नियमों के लागू होने से न केवल वेतन वितरण में पारदर्शिता आएगी, बल्कि कार्यस्थल पर शोषण को रोकने के लिए भी जवाबदेही तय की जाएगी। प्रशासन का यह कदम उन हजारों कामगारों के लिए बड़ी राहत लेकर आया है, जो लंबे समय से वेतन विसंगतियों और असुरक्षित कार्य वातावरण से जूझ रहे थे।

अब ओवर टाइम पर बरसेगा पैसा, बदल गए मजदूरी के नियम
प्रशासन द्वारा जारी नए फरमान के अनुसार, अब कोई भी कंपनी किसी कर्मचारी का आर्थिक शोषण नहीं कर पाएगी।
डबल ओवर टाइम: यदि कोई कंपनी निर्धारित घंटों से अधिक काम लेती है, तो उसे सामान्य प्रति घंटे की दर से दोगुना भुगतान करना होगा।
संडे वर्किंग: यदि किसी कर्मचारी को रविवार (साप्ताहिक अवकाश) के दिन काम पर बुलाया जाता है, तो उस दिन की मजदूरी भी डबल दी जाएगी। इसमें किसी भी प्रकार की कटौती अवैध मानी जाएगी।
अनिवार्य साप्ताहिक अवकाश: हर कर्मचारी को हफ्ते में एक दिन की छुट्टी देना अब अनिवार्य है, ताकि उनके स्वास्थ्य और कार्यक्षमता पर बुरा प्रभाव न पड़े।
सैलरी और बोनस को लेकर सख्त डेडलाइन
अक्सर देखा जाता था कि कंपनियां वेतन देने में महीनों की देरी करती थीं, लेकिन अब ऐसा करना भारी पड़ सकता है।
10 तारीख तक भुगतान: कंपनियों को हर हाल में महीने की 10 तारीख तक कर्मचारियों के खातों में वेतन भेजना होगा।
सैलरी स्लिप अनिवार्य: भुगतान के साथ विस्तृत सैलरी स्लिप देना जरूरी होगा ताकि पीएफ और अन्य कटौतियों में पारदर्शिता बनी रहे।
बोनस की सीधी एंट्री: वार्षिक बोनस अब कैश में न देकर सीधे बैंक खातों में ट्रांसफर करना होगा। इसके लिए 30 नवंबर की समयसीमा तय की गई है।
महिला सुरक्षा और शिकायत निवारण तंत्र
कार्यस्थल पर महिलाओं के लिए सुरक्षित माहौल सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन ने कड़े सुरक्षा प्रोटोकॉल लागू किए हैं।
महिला शिकायत समिति: प्रत्येक कंपनी को एक आंतरिक शिकायत समिति बनानी होगी, जिसकी अध्यक्षता एक महिला सदस्य ही करेगी।
शिकायत पेटी: दफ्तरों और फैक्ट्रियों में शिकायत पेटी (Complaint Box) लगाना अनिवार्य होगा, ताकि कर्मचारी बिना किसी डर के अपनी समस्याएं प्रबंधन तक पहुँचा सकें।
प्रशासनिक कंट्रोल रूम: प्रशासन ने एक विशेष हेल्पलाइन नंबर जारी कर कंट्रोल रूम स्थापित किया है। किसी भी नियम के उल्लंघन पर कर्मचारी सीधे यहां शिकायत दर्ज करा सकते हैं, जिस पर त्वरित कार्रवाई की जाएगी।
विरोध के तीसरे दिन झुका प्रबंधन
गौरतलब है कि रविवार को भी नोएडा के फेस-2 औद्योगिक क्षेत्र में माहौल तनावपूर्ण रहा। भारी संख्या में कर्मचारी सड़कों पर डटे रहे और कंपनी प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। कर्मचारियों का आरोप था कि उन्हें न तो समय पर वेतन मिल रहा था और न ही बोनस। इसी जनसैलाब और बढ़ते दबाव को देखते हुए जिला प्रशासन को तत्काल प्रभाव से ये नए नियम लागू करने पड़े।
with AI Inputs



