IPL 2026: इंडियन प्रीमियर लीग के आगामी सीजन को लेकर कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के खेमे से एक बहुत बड़ी खबर सामने आ रही है जिसने क्रिकेट गलियारों में चर्चाएं तेज कर दी हैं। टीम मैनेजमेंट ने कप्तानी को लेकर चल रही तमाम अटकलों पर विराम लगा दिया है।
केकेआर ने अनुभवी बल्लेबाज अजिंक्य रहाणे पर अपना भरोसा बरकरार रखा है। ताजा रिपोर्ट्स और टीम के फैसलों को देखें तो यह स्पष्ट है कि रहाणे ही IPL 2026 में केकेआर की कमान संभालेंगे और टीम को एक नई दिशा देने की कोशिश करेंगे।
श्रेयस अय्यर के टीम से अलग होने के बाद से केकेआर एक ऐसे लीडर की तलाश में थी जो मैदान पर शांत रहकर मुश्किल फैसले ले सके और रहाणे इस पैमाने पर पूरी तरह फिट बैठे हैं। हालांकि पिछला सीजन टीम के लिए उम्मीदों के मुताबिक नहीं रहा था और केकेआर अंक तालिका में आठवें स्थान पर रही थी, लेकिन रहाणे के व्यक्तिगत प्रदर्शन और उनकी कप्तानी शैली ने प्रबंधन को प्रभावित किया। रहाणे ने पिछले साल 13 मैचों में लगभग 148 के स्ट्राइक रेट से 390 रन बनाए थे जो यह साबित करता है कि उनका बल्ला अभी भी पूरी लय में है।
टीम मैनेजमेंट नहीं बदलना चाहता कप्तान
टीम मैनेजमेंट ने इस बार कप्तानी में बदलाव करने के बजाय कोचिंग स्टाफ और स्क्वाड की गहराई पर ज्यादा ध्यान दिया है। फ्रेंचाइजी का मानना है कि बार-बार कप्तान बदलने से टीम का संतुलन बिगड़ता है, इसलिए उन्होंने रहाणे के अनुभव के साथ जाने का फैसला किया है। इस बार टीम में कुछ बड़े नाम भी शामिल हुए हैं जैसे कि कैमरून ग्रीन और मथीशा पथिराना, जिनकी मौजूदगी टीम को और मजबूती देगी। वहीं दिग्गज खिलाड़ी आंद्रे रसेल के मैदान से बाहर होकर पावर कोच की भूमिका निभाने से भी रहाणे को रणनीतिक मदद मिलने की उम्मीद है।
रहाणे के सामने रहेगी बड़ी चुनौती
रहाणे का शांत स्वभाव और दबाव में बेहतर फैसले लेने की क्षमता उन्हें केकेआर के लिए एक आदर्श कप्तान बनाती है। अब देखना यह होगा कि रहाणे इस बार अपनी अनुभवी सोच और नई टीम के जोश के साथ केकेआर को तीसरी बार आईपीएल ट्रॉफी जिताने में कामयाब होते हैं या नहीं।
मध्य प्रदेश के उज्जैन के एक छात्र की कनाडा में कॉलेज के छात्रों ने हत्या कर दी। 10-12 युवकों ने पहले छात्र की पिटाई की, फिर उस पर गाड़ी चढ़ा दी। छात्र को गंभीर चोटें आई थीं। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसने दम तोड़ दिया। वारदात 14 मार्च को फोर्ट सेंट जॉन शहर में हुई। जानकारी के मुताबिक मृतक की पहचान गुरकीरत सिंह मनोचा के रूप में हुई है, जो देवास रोड स्थित पार्श्वनाथ सिटी के निवासी थे। वे कनाडा के नॉर्दर्न लाइट्स कॉलेज में बिजनेस मैनेजमेंट के पोस्ट डिग्री डिप्लोमा प्रोग्राम की पढ़ाई कर रहे थे। CM मोहन यादव ने दुख जताते हुए परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की है। दोस्त के फोन से परिवार को मिली जानकारी रायपुर निवासी प्रबकीरत सिंह ने बताया कि वह गुरकीरत के बड़े भाई हैं। उन्हें कनाडा में ही रह रहे गुरकीरत के एक दोस्त ने देर रात फोन कर घटना की जानकारी दी। उसने बताया कि गुरकीरत की मौत हो गई है। इसके बाद प्रबकीरत सिंह ने परिवार को सूचना दी। स्थानीय पुलिस और अस्पताल से संपर्क किया। देखिए, दो तस्वीरें… मारपीट के बाद गाड़ी चढ़ाकर हत्या की गई प्रबकीरत सिंह ने बताया कि गुरकीरत वॉलमार्ट में काम करते थे। ड्यूटी खत्म होने के बाद नॉर्दर्न लाइट्स कॉलेज के कुछ छात्र उन्हें अपने साथ ले गए थे। छात्रों के बीच पहले से किसी बात को लेकर विवाद बताया जा रहा है। झगड़े के दौरान गुरकीरत भी उसमें फंस गए। कुछ युवकों ने उनके साथ मारपीट की और उन पर गाड़ी चढ़ा दी, जिससे उनकी मौत हो गई। वारदात में 10-12 युवक शामिल थे उन्होंने बताया कि वारदात में करीब 10-12 युवक शामिल थे। स्थानीय पुलिस ने शुरुआती कार्रवाई में 7-8 लोगों को हिरासत में लिया, हालांकि बाद में उनके वकील के पहुंचने पर उन्हें छोड़ दिया गया। पुलिस ने अस्पताल में शव की पहचान करवाई, जिसमें पुष्टि हुई कि मृतक गुरकीरत सिंह मनोचा ही हैं। तीन सप्ताह में भारत लाया जाएगा शव प्रबकीरत सिंह ने बताया कि कनाडा पुलिस पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है, जिसके बाद मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। गुरकीरत के पार्थिव शरीर को भारत लाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इसके लिए करीब तीन सप्ताह का समय बताया गया है। परिवार ने सरकार से शव को जल्द भारत लाने में मदद की अपील की है। आखिरी बार शुक्रवार को पिता से बातचीत परिजनों के मुताबिक, घटना से पहले शुक्रवार को उनकी आखिरी बार अपने पिता गुरजीत सिंह मनोचा से बात हुई थी। उस समय उनके पिता दिल्ली से उज्जैन लौट रहे थे। वे दिल्ली में आयोजित एक फूड एग्जीबिशन देखने गए थे, जिसको लेकर गुरकीरत से सामान्य बातचीत हुई थी। परिवार ने बताया कि कनाडा में पढ़ाई के नियम के तहत सप्ताह में चार दिन पढ़ाई और तीन दिन नौकरी करना अनिवार्य होता है। गुरकीरत भी इसी व्यवस्था के तहत पढ़ाई के साथ-साथ नौकरी कर रहे थे। गुरकीरत सिंह मनोचा के बारे में जानिए उज्जैन निवासी गुरकीरत सिंह मनोचा ने अपनी स्कूली शिक्षा कार्मेल कॉन्वेंट स्कूल, उज्जैन से पूरी की थी। उन्होंने विक्रम यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन किया। उच्च शिक्षा के लिए वे कनाडा गए थे। उन्हें कनाडा गए करीब सवा साल ही हुआ था। कनाडा जाने से पहले गुरकीरत अपने पिता के साथ फूड सप्लाई के पारिवारिक व्यवसाय में भी हाथ बंटाते थे। इसी क्षेत्र में उनकी रुचि थी। परिवार के अनुसार उनका भविष्य में कनाडा में ही सेटल होने का प्लान था। पढ़ाई के साथ-साथ वे कनाडा में वॉलमार्ट स्टोर में मैनेजर पद पर कार्यरत थे। ……………………… यह खबर भी पढ़ें उज्जै में युवक ने खुद को गोली मारने से पहले लगाया आखिरी स्टेटस उज्जैन में शनिवार शाम एक युवक ने खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली थी। घटना नीलगंगा थाना क्षेत्र की बंगाली कॉलोनी में हुई। पुलिस की जांच में सामने आया कि युवक ने आत्महत्या से पहले अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर दो भावुक स्टेटस पोस्ट किए थे। पढ़ें पूरी खबर…
Aaj Ka Meen Rashifal: आज मीन राशि के जातकों के लिए दिन भावनाओं और विचारों के बीच संतुलन बनाने वाला रहेगा। आप अपनी कल्पनाओं में खोए रह सकते हैं, लेकिन ज़मीनी हकीकत को नज़रअंदाज़ करना ठीक नहीं होगा। कुछ पुराने मसले फिर से सामने आ सकते हैं, जिन पर शांति से विचार करना ज़रूरी है। निजी संबंधों में पारदर्शिता बनाए रखना आपके लिए फायदेमंद रहेगा।
सामान्य भविष्यफल: आज का दिन आपको अपनी अंतरात्मा की आवाज़ सुनने का मौका देगा। किसी भी बड़े फैसले से पहले अपने मन की बात ज़रूर सुनें। दूसरों की बातों में आकर जल्दबाज़ी न करें, खासकर जब बात आपके निजी जीवन की हो। रचनात्मक कार्यों में मन लगेगा और आप कुछ नया सीख सकते हैं। शाम का समय परिवार या दोस्तों के साथ बिताने से मन को शांति मिलेगी।
स्वास्थ्य: मानसिक शांति के लिए ध्यान या योग का सहारा लें। ज़्यादा सोचने से बचें, क्योंकि यह आपके स्वास्थ्य पर नकारात्मक असर डाल सकता है। पर्याप्त नींद लेना और पानी पीना न भूलें। पेट से जुड़ी हल्की-फुल्की परेशानी हो सकती है, इसलिए खान-पान का ध्यान रखें।
करियर/वित्त: कार्यक्षेत्र में आपकी रचनात्मकता की सराहना होगी। किसी नए प्रोजेक्ट पर काम करने का मौका मिल सकता है, जिसमें आपकी कल्पना शक्ति काम आएगी। आर्थिक मामलों में थोड़ा सतर्क रहें, अनावश्यक खर्चों से बचें। निवेश से जुड़े फैसले लेने से पहले किसी विशेषज्ञ की सलाह लेना बेहतर होगा।
प्रेम: प्रेम संबंधों में भावनात्मक गहराई महसूस होगी। अपने पार्टनर के साथ खुलकर बात करें और उनकी भावनाओं को समझने की कोशिश करें। सिंगल जातकों को कोई ऐसा व्यक्ति मिल सकता है, जो उनकी संवेदनशीलता को समझे। गलतफहमियों से बचने के लिए स्पष्ट संवाद बनाए रखें।
आज के लिए आपका शुभ अंक 3 रहेगा और शुभ रंग समुद्री हरा है। किसी भी शुभ कार्य की शुरुआत से पहले ‘ॐ नमो भगवते वासुदेवाय’ मंत्र का जाप करना फलदायी होगा। आज भगवान विष्णु की आराधना करना आपके लिए विशेष रूप से लाभकारी सिद्ध हो सकता है।
ग्रहों का प्रभाव:
आपकी राशि में सूर्य होने से आपकी पहचान और अंतर्ज्ञान को बल मिलेगा। आप अपनी भावनाओं को बेहतर ढंग से समझ पाएंगे और खुद को अभिव्यक्त करने में सहज महसूस करेंगे।
चंद्रमा की स्थिति आज आपको भावनात्मक रूप से संवेदनशील बनाएगी। अपनों के साथ जुड़ाव महसूस होगा और मन शांत रहेगा, जिससे आप बेहतर निर्णय ले पाएंगे।
बुध का प्रभाव आपकी वाणी में मधुरता लाएगा, लेकिन विचारों में थोड़ी अस्पष्टता भी रह सकती है। सोच-समझकर बोलें और अपनी बात को स्पष्टता से रखने का प्रयास करें।
बृहस्पति की कृपा से आर्थिक मामलों में स्थिरता आएगी और आप भविष्य के लिए बेहतर योजनाएं बना पाएंगे। यह समय निवेश के लिए भी अनुकूल हो सकता है।
शनि आपको अनुशासन और धैर्य सिखाएगा। किसी भी काम में जल्दबाज़ी करने से बचें, क्योंकि धैर्यपूर्वक किए गए कार्यों के परिणाम बेहतर मिलेंगे।
राहु का प्रभाव आपकी कल्पना शक्ति को बढ़ाएगा, लेकिन साथ ही कुछ भ्रम भी पैदा कर सकता है। वास्तविकता से जुड़े रहें और अति-कल्पना से बचें।
युवा जातकों के लिए सलाह:
अपने सपनों को पूरा करने के लिए सिर्फ कल्पना ही नहीं, ठोस योजनाएं भी बनाएं और उन पर अमल करना शुरू करें।
सोशल मीडिया पर ज़्यादा समय बिताने की बजाय, अपनी हॉबीज़ पर ध्यान दें और कुछ नया सीखने का प्रयास करें।
भावनात्मक रूप से खुद को मज़बूत बनाएं और दूसरों की बातों से जल्दी प्रभावित न हों, अपनी राय पर कायम रहें।
अपने करियर के लक्ष्यों को लेकर स्पष्ट रहें और छोटे-छोटे कदम उठाना शुरू करें, सफलता धीरे-धीरे मिलेगी।
अपने दोस्तों और परिवार के साथ क्वालिटी टाइम बिताएं, यह आपको मानसिक रूप से ऊर्जा देगा और रिश्तों को मज़बूत करेगा।
याद रखें, ज्योतिष केवल एक मार्गदर्शन है। आपके कर्म और निर्णय ही आपके भविष्य की दिशा तय करते हैं।आपका दिन शुभ हो और आप अपने सभी लक्ष्यों को प्राप्त करें!
Maharashtra By Elections 2026: भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने रविवार को चार राज्यों – तमिलनाडु, केरल, पश्चिम बंगाल, असम और केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी के आगामी विधानसभा चुनावों की तारीखों का ऐलान कर दिया है। इसके साथ ही महाराष्ट्र की बारामती और राहुरी दो विधानसभा सीटों के उपचुनाव की तारीख की भी घोषणा चुनाव आयोग ने कर दी है। इन दोनों सीटों पर मतदान 23 अप्रैल को होगा तथा वोटों की गिनती 4 मई 2026 को की जाएगी।
महाराष्ट्र की राजनीति में पश्चिमी क्षेत्र की बारामती सीट पूर्व उपमुख्यमंत्री अजित पवार की प्लेन क्रैश दुर्घटना में निधन के बाद खाली हुई है। वहीं राहुरी विधानसभा सीट बीजेपी के शिवाजी कर्डीले के निधन के बाद खाली है।
चुनाव आयोग ने जारी किया पूरा शेड्यूल
निर्वाचन आयोग के कार्यक्रम के अनुसार, इन सीटों के लिए अधिसूचना 30 मार्च 2026 को जारी होगी। नामांकन की अंतिम तिथि 6 अप्रैल निर्धारित है, और नामांकन पत्रों की जांच 7 अप्रैल को होगी। उम्मीदवार 9 अप्रैल 2026 तक नाम वापस ले सकेंगे। इन सीटों पर मतदान 23 अप्रैल को होगा तथा वोटों की गिनती 4 मई 2026 को की जाएगी।
अजित पवार थे बारामती के अजेय विधायक
पुणे जिले की बारामती सीट राज्य की सबसे हाई-प्रोफाइल विधानसभा सीटों में से एक है। यह लंबे समय से शरद पवार परिवार का मज़बूत राजनीतिक गढ़ रही है। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेता अजित पवार यहां से कई बार विधायक चुने गए। 2019 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने भाजपा उम्मीदवार गोपीचंद पडलकर को बड़े अंतर से हराया था।
पिछले चुनाव में अजित पवार को कितने मिले थे वोट?
उस चुनाव में अजित पवार को 1,95,641 वोट मिले, जबकि गोपीचंद पडलकर को सिर्फ़ 30,376 वोटों पर संतोष करना पड़ा। इस तरह अजित पवार ने 1,65,265 वोटों के विशाल अंतर से जीत दर्ज की।
राहुरी विधानसभा सीट
वहीं हिल्यानगर (पूर्व नाम अहमदनगर) जिले में पड़ने वाली राहुरी विधानसभा सीट मुख्य रूप से ग्रामीण और कृषि प्रधान क्षेत्र है। यहां की राजनीति पर मराठा समुदाय का सीधा असर देखा जाता है। हालांकि, माली और धनगर जैसे ओबीसी समुदायों के साथ-साथ दलित और मुस्लिम मतदाता भी चुनावी समीकरणों को प्रभावित करते हैं।
शिवाजी कर्डीले ने 2024 में जीती थी ये सीट
साल 2019 के विधानसभा चुनाव में राहुरी सीट पर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के प्राजक्त तनपुरे ने जीत दर्ज की थी। उन्हें 1,09,234 वोट मिले, जबकि भाजपा उम्मीदवार शिवाजी कर्डीले को 85,908 वोट प्राप्त हुए। इस तरह तनपुरे ने कर्डीले को 23,212 वोटों के अंतर से हराया था।
लेकिन, 2024 के विधानसभा चुनाव में शिवाजी कर्डीले ने इस सीट पर वापसी की। उन्होंने राकांपा के प्राजक्त तनपुरे को लगभग 14,000 से अधिक वोटों के अंतर से हराया। अक्टूबर 2025 में दिल का दौरा पड़ने से उनके निधन के बाद यह सीट रिक्त हो गई। अब यहां उपचुनाव को लेकर राजनीतिक सक्रियता बढ़ गई है।
ECI by election schedule 2026: भारत के मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने रविवार को पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों के साथ-साथ छह राज्यों की 8 विधानसभा सीटों पर होने वाले उपचुनावों के कार्यक्रम की भी घोषणा कर दी है। दिल्ली में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने बताया कि ये उपचुनाव दो चरणों में संपन्न कराए जाएंगे।
चुनाव आयोग के कार्यक्रम के अनुसार, उपचुनाव के पहले चरण के लिए मतदान 9 अप्रैल को होगा। इस दिन गोवा, कर्नाटक, नगालैंड और त्रिपुरा की रिक्त विधानसभा सीटों पर मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। इन राज्यों में चुनावी मशीनरी को पूरी तरह सक्रिय कर दिया गया है ताकि मतदान शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके।
उपचुनाव का दूसरा चरण: 23 अप्रैल को दो राज्यों में मतदान
उपचुनाव के दूसरे चरण में गुजरात और महाराष्ट्र की विधानसभा सीटों पर वोट डाले जाएंगे। मुख्य चुनाव आयुक्त ने जानकारी दी कि इन दोनों राज्यों में मतदान की तारीख 23 अप्रैल तय की गई है। आयोग ने स्पष्ट किया है कि इन सभी 8 सीटों पर चुनाव प्रक्रिया को पूरी पारदर्शिता और सुरक्षा के साथ पूरा किया जाएगा।
परिणामों की घोषणा: 4 मई को आएंगे नतीजे
सभी छह राज्यों की 8 विधानसभा सीटों पर होने वाले इन उपचुनावों के लिए मतगणना एक साथ की जाएगी। निर्वाचन आयोग के अनुसार, 4 मई को वोटों की गिनती होगी और उसी दिन परिणाम घोषित कर दिए जाएंगे। यह घोषणा असम, केरल, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल और पुडुचेरी के मुख्य विधानसभा चुनाव कार्यक्रमों के साथ ही की गई है।
उपचुनावों का पूरा कार्यक्रम
गोवा, कर्नाटक, नागालैंड, त्रिपुरा
अधिसूचना: 16 मार्च
नामांकन की अंतिम तिथि: 23 मार्च
जांच: 24 मार्च
नामांकन वापसी: 26 मार्च
मतदान: 9 अप्रैल
गुजरात और महाराष्ट्र
अधिसूचना: 30 मार्च
नामांकन की अंतिम तिथि: 6 अप्रैल
जांच: 7 अप्रैल
नामांकन वापसी: 9 अप्रैल
मतदान: 23 अप्रैल
सभी उपचुनावों की मतगणना 4 मई को होगी
इन 8 सीटों पर होंगे उपचुनाव (सीटवार सूची):
गोवा पोंडा (Ponda): रवि नायक के निधन के कारण सीट खाली हुई।
गुजरात उमरेठ (Umreth): गोविंदभाई परमार के निधन के कारण यहां चुनाव होगा।
कर्नाटक बागलकोट (Bagalkot): एचवाई मेटी के निधन के बाद यह सीट रिक्त हुई। दावणगेरे दक्षिण: शमनूर शिवशंकरप्पा के निधन के कारण यहां उपचुनाव कराया जा रहा है।
महाराष्ट्र राहुरी (Rahuri): शिवाजी कर्डिले के निधन के बाद यह सीट खाली हुई। बारामती (Baramati): दिग्गज नेता अजित पवार के निधन के बाद यहां चुनाव पर सबकी नजरें होंगी।
नगालैंड कोरिडांग (ST): इमकोंग एल. इमचेन के निधन के कारण उपचुनाव होगा।
त्रिपुरा धर्मनगर (Dharmanagar): विश्व बंधु सेन के निधन के बाद यहां वोट डाले जाएंगे।
Assembly Election 2026 Dates Highlights: भारत चुनाव आयोग ने बंगाल, असम, तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी में विधानसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान कर दिया है, मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने रविवार को नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में इन राज्यों में चुनावी कार्यक्रम की घोषणा की।
जिसके मुताबिक असम, केरल, तमिलनाडु और पुडेचेरी में एक चरण में और पश्चिम बंगाल में दो चरणों में मतदान होंगे, पांचों राज्यों के चुनाव नतीजे 4 मई, 2026 को घोषित होंगे।
CEC Gyanesh Kumar PC Hindi: मुख्य चुनाव आयुक्त के प्रेसवार्ता की खास बातें
असम – मतदान की तारीख – 9 अप्रैल; मतगणना की तारीख – 4 मई
तमिलनाडु – मतदान की तारीख – 23 अप्रैल; मतगणना की तारीख – 4 मई
पश्चिम बंगाल – मतदान की तारीख – 23 अप्रैल (पहला चरण), 29 अप्रैल (दूसरा चरण), मतगणना की तारीख – 4 मई
केरल – मतदान की तारीख – 9 अप्रैल; मतगणना की तारीख – 4 मई
पुडुचेरी – मतदान की तारीख – 9 अप्रैल; मतगणना की तारीख – 4 मई
Bypolls on 8 Assembly Seats: 8 विधानसभा सीटों पर उपचुनाव
गोवा, गुजरात, कर्नाटक, महाराष्ट्र, नागालैंड और त्रिपुरा की 8 विधानसभा सीटों पर उपचुनाव होंगे। गोवा, कर्नाटक, नागालैंड और त्रिपुरा की विधानसभा सीटों पर 9 अप्रैल को, और गुजरात-महाराष्ट्र की विधानसभा सीटों पर 23 अप्रैल को चुनाव होंगे। सभी मामलों में वोटों की गिनती 4 मई को होगी।
चारों राज्यों और एक केंद्र शासित प्रदेश में 2026 के विधानसभा चुनावों के दौरान सभी मतदान केंद्रों पर 100 प्रतिशत वेबकास्टिंग की सुविधा प्रदान करेगा। मीडिया पर किसी भी तरह की फ़ेक न्यूज़ पर कड़ी नज़र रखी जाएगी- मुख्य चुनाव आयुक्त
Chief Election Commissioner Gyanesh Kumar PC : आदर्श आचार संहिता तारीखों के ऐलान के बाद लागू
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार कहते हैं, ‘मैं यह स्पष्ट कर देना चाहता हूं कि आदर्श आचार संहिता अब से लागू है। इसलिए, आदर्श आचार संहिता लागू होने से पहले किए गए कार्य संबंधित सरकार के अधिकार क्षेत्र में आते हैं। लेकिन अब से, आदर्श आचार संहिता लागू होगी।’ आपको बता दें कि ज्ञानेश कुमार ने ये बात सीएम ममता बनर्जी के बड़े ऐलान के संदर्भ में कही।
Assam Assembly Election 2026 Date Voting Phase Schedule: असम में होने वाले विधानसभा चुनाव 2026 को लेकर चुनाव आयोग ने तारीखों का ऐलान कर दिया है। असम में 9 अप्रैल को एक चरण में चुनाव कराया जाएगा। 4 मई को नतीजे आएंगे
इसके साथ ही पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल और केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी में होने वाले विधानसभा चुनावों के तारीखों का भी ऐलान कर दिया गया है। चुनाव कार्यक्रम की घोषणा मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने की। प्रेस कॉन्फ्रेंस में चुनावी तैयारियों और सुरक्षा व्यवस्थाओं से जुड़ी जानकारी भी साझा की गई।
पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल समेत पांच राज्यों में कब होंगे चुनाव?
असम समेत इन पांचों राज्यों की मौजूदा विधानसभाओं का कार्यकाल मई 2026 में समाप्त होने वाला है। ऐसे में चुनाव आयोग ने समय से पहले चुनाव कार्यक्रम घोषित कर दिया है ताकि संवैधानिक प्रक्रिया के तहत नई सरकार का गठन किया जा सके।
आचार संहिता तुरंत लागू
इन चुनावों की घोषणा के साथ ही सभी राज्यों में आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है। अब राज्य सरकारें कोई नई योजना या लोकलुभावन घोषणा नहीं कर पाएंगी। चुनावी कार्यक्रम सामने आने के बाद इन राज्यों में राजनीतिक हलचल तेज हो गई है और सभी दल चुनावी रणनीति बनाने में जुट गए हैं।
पिछली बार कब और कैसे हुआ था चुनाव
अगर पिछले विधानसभा चुनाव की बात करें तो 2021 में इन राज्यों के चुनाव का ऐलान 26 फरवरी को किया गया था। उस समय पश्चिम बंगाल में 8 चरणों में मतदान कराया गया था। वहीं असम में 3 चरणों में वोटिंग हुई थी, जबकि तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी में एक ही चरण में चुनाव संपन्न कराए गए थे। अब 2026 के चुनावी कार्यक्रम के ऐलान के साथ ही असम की राजनीति में हलचल तेज हो गई है और सभी राजनीतिक दल चुनावी तैयारियों में जुट गए हैं।
Puducherry Assembly Election 2026: केंद्रीय निर्वाचन आयोग (ECI) ने आज एक महत्वपूर्ण प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए पुडुचेरी विधानसभा चुनाव 2026 के कार्यक्रमों की घोषणा कर दी है। चुनाव आयोग के इस ऐलान के साथ ही केंद्र शासित प्रदेश की सभी 30 सीटों पर चुनावी बिगुल बज गया है। आयोग के मुताबिक, पुडुचेरी में 9 अप्रैल को एक फेज में मतदान होगा और वोटों की गिनती 4 मई को होगी। चुनाव तारीखों के ऐलान के साथ ही पूरे प्रदेश में आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है।
निर्वाचन आयोग ने स्पष्ट किया है कि चुनाव को निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने के लिए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। पुडुचेरी विधानसभा का कार्यकाल 15 जून, 2026 को समाप्त हो रहा है, जिसे देखते हुए चुनाव की पूरी प्रक्रिया समय सीमा के भीतर पूरी कर ली जाएगी।
भारत के मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने असम, केरल, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल और केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी में होने वाले आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर महत्वपूर्ण जानकारी साझा की है। उन्होंने इन चुनावों को ‘लोकतंत्र का उत्सव’ बताते हुए चुनाव की तैयारियों और मतदाताओं के आंकड़ों का पूरा विवरण पेश किया।
17.4 करोड़ मतदाता करेंगे फैसला
मुख्य चुनाव आयुक्त ने बताया कि असम, केरल, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल और पुडुचेरी के आगामी विधानसभा चुनावों में कुल 17.4 करोड़ मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। इन पांचों क्षेत्रों को मिलाकर कुल 824 विधानसभा सीटों पर चुनाव कराए जाएंगे। चुनाव संपन्न कराने के लिए करीब 2.19 लाख मतदान केंद्र बनाए जाएंगे, जिसमें लगभग 25 लाख कर्मियों की चुनावी मशीनरी तैनात रहेगी।
राज्यवार मतदाताओं की संख्या और फाइनल लिस्ट
मतदाताओं की संख्या का ब्योरा देते हुए उन्होंने बताया कि अंतिम सूची के अनुसार असम में लगभग 2.25 करोड़, केरल में 2.7 करोड़, पुडुचेरी में 9.44 लाख और तमिलनाडु में 5.67 करोड़ मतदाता हैं। वहीं, पश्चिम बंगाल के लिए 28 फरवरी तक तैयार की गई अंतिम सूची में 6.44 करोड़ मतदाता शामिल हैं। आयोग ने स्पष्ट किया कि जजों द्वारा किए जाने वाले अधिनिर्णय के बाद जो भी पूरक सूची आएगी, उसे भी अंतिम आंकड़ों में जोड़ दिया जाएगा।
विधानसभाओं का कार्यकाल और चुनाव का समय
चुनाव आयुक्त ने राज्यों की विधानसभाओं का कार्यकाल समाप्त होने की तारीखों की भी घोषणा की है। पश्चिम बंगाल विधानसभा का कार्यकाल 7 मई को समाप्त हो रहा है, जबकि तमिलनाडु में यह 10 मई और असम में 20 मई को खत्म होगा। इसी तरह केरल विधानसभा का कार्यकाल 23 मई और पुडुचेरी का कार्यकाल 15 जून को समाप्त हो रहा है। आयोग इन तारीखों से पहले चुनाव प्रक्रिया संपन्न कराने की तैयारी में है।
बुजुर्ग मतदाताओं की भागीदारी और मतदान केंद्रों की व्यवस्था
आयोग ने बताया कि इन चुनावों में 100 वर्ष से अधिक उम्र के (शतायु) और 85 वर्ष से अधिक उम्र के मतदाताओं की अच्छी खासी संख्या है। मतदान को सुगम बनाने के लिए कुल 2.18 लाख पोलिंग स्टेशन बनाए जाएंगे, जिनमें से अधिकांश ग्रामीण क्षेत्रों में होंगे। आयोग ने सुनिश्चित किया है कि प्रति मतदान केंद्र औसत मतदाताओं की संख्या 750 से 850 के बीच रहेगी और यह किसी भी स्थिति में 900 से अधिक नहीं होगी।
सभी मतदान केंद्रों पर 100% वेबकास्टिंग
चुनावों में पारदर्शिता और समावेशिता बढ़ाने के लिए आयोग ने विशेष कदम उठाए हैं। सभी मतदान केंद्रों पर 100% वेबकास्टिंग की जाएगी। इसके अलावा, सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में ‘मॉडल पोलिंग स्टेशन’ बनाए जाएंगे। महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के लिए विशेष रूप से ‘महिला प्रबंधित मतदान केंद्र’ और दिव्यांगजनों की सुविधा के लिए ‘दिव्यांगों द्वारा प्रबंधित मतदान केंद्र’ भी स्थापित किए जाएंगे।
2021 के चुनाव परिणाम और समीकरण
पुडुचेरी के राजनीतिक इतिहास पर नजर डालें तो 2021 में पुडुचेरी विधानसभा चुनाव केवल एक ही चरण में संपन्न हुआ था। उस चुनाव में एनडीए गठबंधन (AINRC-भाजपा) ने स्पष्ट बहुमत हासिल किया था और वर्तमान में एन. रंगासामी मुख्यमंत्री हैं।
पुडुचेरी की प्रमुख पार्टियां
पुडुचेरी की राजनीति में ऑल इंडिया एनआर कांग्रेस (AINRC), भारतीय जनता पार्टी (BJP), भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (INC), द्रविड़ मुन्नेत्र कज़गम (DMK), सीपीआई और सीपीआई (एम) जैसी प्रमुख पार्टियां सक्रिय हैं, जिनके बीच इस बार भी कड़ा मुकाबला देखने को मिलेगा।
तारीखों के ऐलान के बाद अब राज्य में राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। सत्ता पक्ष और विपक्ष, दोनों ही अपनी-अपनी जीत के दावे कर रहे हैं। नामांकन प्रक्रिया से लेकर चुनाव के नतीजों तक, पुडुचेरी की जनता की नजरें अब हर अपडेट पर टिकी हुई हैं।
पुडुचेरी विधानसभा चुनाव 2021 के नतीजों की जानकारी:
सीटों का पूरा गणित (पार्टी-वार):
AINRC (ऑल इंडिया एनआर कांग्रेस): 10 सीटें (सबसे बड़ी पार्टी)
BJP (भारतीय जनता पार्टी): 06 सीटें
DMK (द्रमुक): 06 सीटें
INC (कांग्रेस): 02 सीटें
IND (स्वतंत्र/निर्दलीय): 06 सीटें
गठबंधन के आधार पर नतीजे:
NDA (AINRC + BJP): कुल 16 सीटें (बहुमत हासिल किया)
SDA (DMK + Congress): कुल 08 सीटें
मुख्य बातें:
कुल निर्वाचित सीटें: 30 (बहुमत के लिए 16 सीटों की जरूरत थी)।
सत्ता परिवर्तन: NDA गठबंधन ने कांग्रेस के नेतृत्व वाले गठबंधन को हराकर सत्ता हासिल की।
नया रिकॉर्ड: भाजपा ने पुडुचेरी के इतिहास में पहली बार 6 सीटें जीतीं।
मुख्यमंत्री: एन. रंगासामी (AINRC) ने मुख्यमंत्री पद की शपथ ली।
मनोनीत सदस्य: इन 30 निर्वाचित सीटों के अलावा 3 सदस्य केंद्र सरकार द्वारा मनोनीत किए जाते हैं।
West Bengal Assembly Election 2026 Date Voting Phase Schedule: भारतीय चुनाव आयोग (ECI) ने आज पश्चिम बंगाल, असम, तमिलनाडु, केरल और केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी में होने वाले विधानसभा चुनावों के तारीखों का ऐलान कर दिया है। पश्चिम बंगाल में चुनाव 23 अप्रैल (पहला चरण) और 29 अप्रैल (दूसरा चरण) को दो चरण में होगा। चुनावों की गिनती 4 मई 2026 को होगी। चुनाव आयोग ने नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में पूरा चुनाव कार्यक्रम जारी किया।
आयोग के मुताबिक पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव अप्रैल महीने में कई चरणों में कराए जाएंगे। इसी के साथ सभी चुनावी राज्यों में आदर्श आचार संहिता तुरंत प्रभाव से लागू हो गई है।
चुनाव से पहले आयोग ने लिया था पश्चिम बंगाल हालात का जायजा
इससे पहले हाल ही में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के नेतृत्व में चुनाव आयोग की एक उच्च स्तरीय टीम ने कोलकाता का दौरा किया था। इस दौरे का मकसद राज्य में शांतिपूर्ण और निष्पक्ष चुनाव की तैयारियों का जायजा लेना था।
इस टीम में चुनाव आयुक्त सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी भी शामिल थे। आयोग की इस फुल बेंच ने राज्य के राष्ट्रीय और क्षेत्रीय राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से अलग-अलग मुलाकात कर चुनावी माहौल और सुरक्षा व्यवस्था पर चर्चा की।
बैठकों के दौरान राजनीतिक दलों ने चुनाव आयोग के सामने सुरक्षा, निष्पक्ष मतदान और चुनावी प्रक्रिया से जुड़े कई सुझाव रखे। आयोग ने सभी पक्षों की बात सुनने के बाद चुनाव कार्यक्रम को अंतिम रूप दिया।
अब चुनाव की तारीखों के ऐलान के साथ ही पश्चिम बंगाल समेत इन पांच राज्यों में चुनावी सरगर्मियां तेज होने की उम्मीद है और राजनीतिक दल अपनी-अपनी रणनीति को अंतिम रूप देने में जुट जाएंगे।